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कचरे के पहाड़ में फिर आग, कई किमी तक फैला धुआं, सांस लेना तक दूभर
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डंपिंग ग्राउंड पर लगी आग उठता धुआं।
- फोटो : CHANDIGARH
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चंडीगढ़। डड्डूमाजरा स्थित डंपिंग ग्राउंड में मंगलवार देर रात एक बार फिर आग लग गई। कचरे के पहाड़ के ऊपरी हिस्से में लगी आग से निकलने वाला जहरीला धुआं शहर कई सेक्टरों तक पहुंच गया, जिससे लोगों का सांस लेना तक दूभर हो गया। सबसे बुरा हाल डड्डूमाजरा के लोगों का था। इलाके में इतना धुआं फैल गया कि दृश्यता बेहद कम हो गई। सड़कों पर चलने वाले वाहन चालक बुधवार दिनभर परेशान रहे। करीब 24 घंटे बाद भी लोगों को जहरीले धुएं से निजात नहीं मिली। इससे लोगों में भारी रोष है।
चंडीगढ़ दमकल विभाग को मंगलवार देर रात एक बजकर 25 मिनट पर डंपिंग ग्राउंड में आग लगने की सूचना मिली। सूचना मिलने के बाद सेक्टर-38 फायर स्टेशन से दो गाड़ियां मौके पर पहुंची लेकिन आग काफी भड़क चुकी थी। इसके बाद तुरंत मनीमाजरा फायर स्टेशन से एक, सेक्टर-38 फायर स्टेशन से दो, औद्योगिक क्षेत्र फेज-1 फायर स्टेशन से एक, सेक्टर-17 फायर स्टेशन से एक गाड़ी और सेक्टर-11 से एक गाड़ी को मौके पर भेजा गया। उधर, बुधवार सुबह करीब 10 बजे तक पूरी डड्डूमाजरा कालोनी धुएं से भर गई। धुआं इतना गहरा था कि सूरज की रोशनी भी जमीन तक नहीं पहुंच रही थी। सड़क पर चलने वाले लोगों को भी काफी समस्या आई।
आग बुझाने के लिए तीन वाटर बोइसर समेत 7 गाड़ियां दिनभर डटी रहीं। वाटर बोइसर में 16000 लीटर पानी आता है, जबकि दूसरी गाड़ी में 4 हजार लीटर पानी होता है। कड़ी मशक्कत के बाद आग पर लगभग काबू पा लिया गया लेकिन छोटी-छोटी लपटें अभी भी निकल रही हैं। काफी धुआं निकल रहा है। हवा का रुख बदलने के साथ-साथ धुएं की दिशा भी बदल रही है।
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इन सेक्टरों तक पहुंचा धुआं
डड्डूमाजरा कालोनी व गांव, सेक्टर-25, धनास, सेक्टर-24, 35, 37, 38, 42 व अन्य कई सेक्टरों में आग लगने से जहरीला धुआं फैल गया। लोग सुबह उठे तो धुआं देखकर हैरान हो गए। पहले तो समझ नहीं पाए कि आखिर ये धुआं कहां से आ रहा है। दोपहर तक लोगों ने डंपिंग ग्राउंड में आग लगने की खबरें देखीं तो उन्हें इसकी जानकारी हुई। घरों के अंदर तक यह धुआं पहुंच गया। आसमान में धुएं से बादल बन गए। इससे पहले भी बीते वर्ष फरवरी और मार्च में डंपिंग ग्राउंड में भयानक आग लगी थी। मार्च महीने में डंपिंग ग्राउंड समेत कचरा निस्तारण प्लांट में भी भयानक आग लगी थी। दमकल विभाग ने घंटों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया था।
आग लगने की इस घटना की होनी चाहिए जांच
डंपिंग ग्राउंड ज्वाइंट एक्शन कमेटी के प्रधान डड्डूमाजरा निवासी दयाल कृष्ण ने बताया कि 30 फुट तक कूड़े का ढेर 70 फुट तक पहुंच गया है, जोकि नियमों का उल्लंघन है। दयाल ने बताया कि यह एक हरकत है। जानबूझकर आग लगाई जाती है ताकि कूड़े की ऊंचाई कम की जा सके। बताया कि आग लगने से रात को डड्डूमाजरा के लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। टिप्परों की मदद से मिट्टी डालकर डंपिंग ग्राउंड की आग पर काबू पाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस बात की जांच होनी चाहिए कि हर बार इन दिनों में आग क्यों लग जाती है।
कई गंभीर बीमारियां करते हैं पैदा
यह जहरीला धुआं शरीर में प्रवेश करने के साथ यह कई तरह की बीमारियों जैसे अस्थमा और सांस की दिक्कत बढ़ा सकता है। जो लोग पहले से ही इस रोग से ग्रसित होते हैं, उनकी परेशानी काफी बढ़ जाती है। बच्चों, गर्भवती महिलाएं और बुजुर्गों के लिए यह काफी खतरनाक है।
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चंडीगढ़ दमकल विभाग को मंगलवार देर रात एक बजकर 25 मिनट पर डंपिंग ग्राउंड में आग लगने की सूचना मिली। सूचना मिलने के बाद सेक्टर-38 फायर स्टेशन से दो गाड़ियां मौके पर पहुंची लेकिन आग काफी भड़क चुकी थी। इसके बाद तुरंत मनीमाजरा फायर स्टेशन से एक, सेक्टर-38 फायर स्टेशन से दो, औद्योगिक क्षेत्र फेज-1 फायर स्टेशन से एक, सेक्टर-17 फायर स्टेशन से एक गाड़ी और सेक्टर-11 से एक गाड़ी को मौके पर भेजा गया। उधर, बुधवार सुबह करीब 10 बजे तक पूरी डड्डूमाजरा कालोनी धुएं से भर गई। धुआं इतना गहरा था कि सूरज की रोशनी भी जमीन तक नहीं पहुंच रही थी। सड़क पर चलने वाले लोगों को भी काफी समस्या आई।
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आग बुझाने के लिए तीन वाटर बोइसर समेत 7 गाड़ियां दिनभर डटी रहीं। वाटर बोइसर में 16000 लीटर पानी आता है, जबकि दूसरी गाड़ी में 4 हजार लीटर पानी होता है। कड़ी मशक्कत के बाद आग पर लगभग काबू पा लिया गया लेकिन छोटी-छोटी लपटें अभी भी निकल रही हैं। काफी धुआं निकल रहा है। हवा का रुख बदलने के साथ-साथ धुएं की दिशा भी बदल रही है।
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इन सेक्टरों तक पहुंचा धुआं
डड्डूमाजरा कालोनी व गांव, सेक्टर-25, धनास, सेक्टर-24, 35, 37, 38, 42 व अन्य कई सेक्टरों में आग लगने से जहरीला धुआं फैल गया। लोग सुबह उठे तो धुआं देखकर हैरान हो गए। पहले तो समझ नहीं पाए कि आखिर ये धुआं कहां से आ रहा है। दोपहर तक लोगों ने डंपिंग ग्राउंड में आग लगने की खबरें देखीं तो उन्हें इसकी जानकारी हुई। घरों के अंदर तक यह धुआं पहुंच गया। आसमान में धुएं से बादल बन गए। इससे पहले भी बीते वर्ष फरवरी और मार्च में डंपिंग ग्राउंड में भयानक आग लगी थी। मार्च महीने में डंपिंग ग्राउंड समेत कचरा निस्तारण प्लांट में भी भयानक आग लगी थी। दमकल विभाग ने घंटों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया था।
आग लगने की इस घटना की होनी चाहिए जांच
डंपिंग ग्राउंड ज्वाइंट एक्शन कमेटी के प्रधान डड्डूमाजरा निवासी दयाल कृष्ण ने बताया कि 30 फुट तक कूड़े का ढेर 70 फुट तक पहुंच गया है, जोकि नियमों का उल्लंघन है। दयाल ने बताया कि यह एक हरकत है। जानबूझकर आग लगाई जाती है ताकि कूड़े की ऊंचाई कम की जा सके। बताया कि आग लगने से रात को डड्डूमाजरा के लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। टिप्परों की मदद से मिट्टी डालकर डंपिंग ग्राउंड की आग पर काबू पाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस बात की जांच होनी चाहिए कि हर बार इन दिनों में आग क्यों लग जाती है।
कई गंभीर बीमारियां करते हैं पैदा
यह जहरीला धुआं शरीर में प्रवेश करने के साथ यह कई तरह की बीमारियों जैसे अस्थमा और सांस की दिक्कत बढ़ा सकता है। जो लोग पहले से ही इस रोग से ग्रसित होते हैं, उनकी परेशानी काफी बढ़ जाती है। बच्चों, गर्भवती महिलाएं और बुजुर्गों के लिए यह काफी खतरनाक है।