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UPSC Result: आदित्य ने पहले प्रयास में हासिल की 70वीं रैंक, कहा- परीक्षा अधिक कठिन नहीं, नियमित पढ़ाई जरूरी

Wed, 24 May 2023 12:34 AM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Wed, 24 May 2023 12:34 AM IST
सार

डॉ. आदित्य ने बताया कि यूपीएससी की परीक्षा अधिक कठिन नहीं है। इसके लिए दो से तीन साल नियमित पढ़ाई करनी जरूरी है, नियमित पढ़ाई जारी रखना कठिन होता है। हालांकि मेरा पढ़ाई का कभी एक जैसा कार्यक्रम नहीं था। छुट्टी और ड्यूटी के हिसाब से रोजाना का टाइम टेबल तैयार करता था। 

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Dr. Aditya Sharma secured 70th rank in first attempt in UPSC exam
डॉ. आदित्य शर्मा। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

डॉ. आदित्य शर्मा ने पहले प्रयास में ही यूपीएससी की परीक्षा में एआईआर-70वीं रैंक हासिल की है। जीरकपुर के अमोलक एनक्लेव के रहने वाले डॉ. आदित्य शर्मा ने बताया कि चंडीगढ़ के जीएमसीएच-32 से 2022 में एमबीबीएस पास की। वर्ष 2020 में तीसरे साल में यूपीएससी के लिए तैयारी शुरू की। इस दौरान थोड़े समय के लिए कोचिंग ली थी। इसके बाद इंटर्नशिप शुरू की। इस दौरान उन्हें 12 घंटे कोविड ड्यूटी देनी पड़ती थी। किताबें साथ रखता था, लंच और टी ब्रेक में पढ़ाई कर लेता था।

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डॉ. आदित्य ने बताया कि यूपीएससी की परीक्षा अधिक कठिन नहीं है। इसके लिए दो से तीन साल नियमित पढ़ाई करनी जरूरी है, नियमित पढ़ाई जारी रखना कठिन होता है। हालांकि मेरा पढ़ाई का कभी एक जैसा कार्यक्रम नहीं था। छुट्टी और ड्यूटी के हिसाब से रोजाना का टाइम टेबल तैयार करता था। 
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पिछले साल डिग्री और इंटर्नशिप पूरी होने के बाद सारा समय यूपीएससी की तैयारी को दिया। तैयारी के लिए पिछले साल के प्रश्न पत्र हल करे। रट्टा लगाने से बचें, क्योंकि यूपीएससी एनालिटिकल स्किल का टेस्ट करती है। साक्षात्कार में नेशनल हेल्थ मिशन, मेडिकल फील्ड और चंडीगढ़ में मेडिकल की स्थिति को लेकर सवाल पूछे गए। इंटर्नशिप के बाद नियमित 10 से 12 घंटे पढ़ाई की। हालांकि, इंटर्नशिप के दौरान तीन से चार घंटे ही तैयारी के लिए मिल पाते थे।
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एमबीबीएस के दौरान जानी ब्यूरोक्रेसी की अहमियत
एमबीबीएस की पढ़ाई के दौरान जाना कि डॉक्टर बनकर हम इलाज कर सकते हैं। इस दौरान अस्पताल में जो मरीज आते थे, उनमें अधिकतर कम पढ़े-लिखे, गंदे पानी और सैनिटेशन के कारण बीमारियों से ग्रसित होते थे। इसके साथ ही पब्लिक हेल्थ के खराब सिस्टम को देखकर ब्यूरोक्रेसी में आने का मन बनाया ताकि समाज को बेहतर बनाने में योगदान दे सकूं। 


पिता अजय शर्मा इंश्योरेंस सर्वेयर हैं जबकि मां नीरा शर्मा सेंट एनीज-32 में अंग्रेजी की शिक्षिका हैं। डॉ. आदित्य शर्मा ने सेंट एनीज सेक्टर-32 में वर्ष 2016 में 95 प्रतिशत हासिल कर स्कूल में मेडिकल में टॉप किया था। बड़ी बहन डॉ. आकांक्षा शर्मा पीजीआई चंडीगढ़ से डीएम नेफ्रोलॉजी कर रही हैं। वहीं सात मिनट छोटी ट्विन बहन आरुषि शर्मा ने पीयू से बीडीएस की है।

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