गजब! 500 रुपये में बेटा होने की गारंटी देता था 'डॉक्टर'
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गजब! 500 रुपये की दवा देकर शर्तिया बेटा होने की गारंटी देता था झोलाछाप डॉक्टर। पुलिस छापामारी में चौंकाने वाला खुलासा। मामला हरियाणा के जगाधरी वर्कशॉप का है।
यहां स्वास्थ्य विभाग की टीम ने मंगलवार शाम को रटौली गांव में झोलाछाप डॉक्टर के क्लीनिक पर छापा मारा। आरोपी मौके से भाग गया। टीम ने इसकी जानकारी फर्कपुर पुलिस को दी। टीम देर शाम तक कार्रवाई में जुटी थी।
झोलाछाप के क्लीनिक पर टीम ने एक महिला को नकली ग्राहक बनाकर भेजा था। आरोपी की पहचान गुरप्रेम सिंह निवासी रामनगर जगाधरी वर्कशाप के रूप में हुई है।
डिप्टी सीएमओ डॉ. पुनीत कालरा ने बताया कि शिकायत मिली थी कि रटौली गांव में एक झोलाछाप डॉक्टर लड़का होने की दवा देता है। इसके बाद एक महिला को नकली ग्राहक बनाकर डॉक्टर के पास भेजा। महिला ने उसे बताया कि वह गर्भवती है और लड़का चाहती है। डॉक्टर ने दावा किया कि उसे लड़का होने की दवा देगा, जिससे उसके घर बेटा ही होगा। उसने इस दवा की कीमत पांच सौ रुपये बताई।
टीम ने मंगलवार शाम उस महिला को दोबारा आरोपी डॉक्टर के पास भेजा। जहां आरोपी ने पांच सौ रुपये लेकर दवा दे दी। साथ ही महिला को बताया कि उसे गर्भपात करवाना होगा, ताकि उसे आगे लड़का ही होगा। आरोपी ने जबरन महिला के गुप्तांग में गर्भपात की दवा रखने की कोशिश की।
महिला ने किसी तरह से विभागीय टीम को सूचना दी। सूचना मिलते ही विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई जिसमें डिप्टी सीएमओ डॉ. पुनीत, एमओ डॉ. चारू व ड्रग कंट्रोलर ऑफिसर रितु शामिल थीं। टीम को देखते ही आरोपी मौके से भाग गया।
आरोपी बिना अनुमति के मेडिकल प्रैक्टिस भी कर रहा था
टीम ने फर्कपुर पुलिस को सूचना देकर कार्रवाई शुरू कर दी। डॉ. पुनीत ने बताया कि काउंटर में बने गल्ले से पांच सौ रुपये बरामद हुए। यह नोट हस्ताक्षर कर नकली महिला ग्राहक को दिया गया था, जिसे नकली ग्राहक ने दवा लेकर पैसे डॉक्टर को दिए थे।
उन्होंने बताया कि आरोपी के खिलाफ पीएनडीटी एक्ट, एमटीपी व अन्य धाराओं के तहत पुलिस को शिकायत दी जाएगी। इसके अलावा आरोपी बिना अनुमति के प्रेक्टिस भी कर रहा है। उसके खिलाफ इंडियन मेडिकल काउंसिल एक्ट के तहत भी कार्रवाई की जाएगी।
कई साल से दुकानदारी, लेकिन बोर्ड तक नहीं
जिस दुकान में आरोपी काम कर रहा था, वहां पर बोर्ड भी नहीं है। जिससे पता नहीं चला कि आरोपी का नाम पता क्या है। हालांकि पास ही लाल रंग की कार खड़ी थी। बताया गया है कि यह कार आरोपी की है। आरंभिक जांच में पता चला है कि आरोपी का नाम गुरप्रेम सिंह निवासी राम नगर जगाधरी वर्कशाप है।
वहीं ग्रामीणों ने बताया कि आरोपी करीब दो दशक से यहां पर काम कर रहा है। अब उसने गांव के पास ही अपना मकान भी बना लिया है। विभाग की टीम ने दुकान से अन्य दवाएं भी बरामद की हैं।
शिकायत के आधार पर होगी कार्रवाई
थाना फर्कपुर के एएसआई सुरेश कुमार ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की टीम दवाओं की जांच कर रही है। अब तक उन्हें शिकायत नहीं मिली है। विभाग की ओर से जो शिकायत मिलेगी, उसी आधार पर कार्रवाई की जाएगी।