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मोहाली: आग से झुलसी दूसरी बेटी ने भी दम तोड़ा, अब तक 4 की मौत
ब्यूरो/अमर उजाला, मोहाली
Updated Fri, 09 Dec 2016 12:41 AM IST
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घर में आग लगने से मौत
- फोटो : File Photo
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बीते शनिवार रात गांव दयालपुरा सोढ़ियां के एक घर में शार्ट सर्किट से आग लगने से झुलसी कमलप्रीत (19) ने बुधवार शाम जीएमसीएच-32 में दम तोड़ दिया। इससे पहले इसी हादसे में जिंदा जलने से उसके माता-पिता और एक बहन की मौत हो गई थी।
डॉक्टरों ने बताया कि बुधवार शाम कमलप्रीत की तबीयत ज्यादा खराब हो गई और आग के जलने के बाद हुए जख्मों का दर्द सहन नहीं कर पाई। इस कारण उसने दम तोड़ दिया। डाक्टरों के अनुसार, कमलप्रीत के बचने की उम्मीद थी। क्योंकि वह 60 फीसदी तक जली थी। जबकि हरप्रीत 80 फीसदी जली हुई है।
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डॉक्टरों ने बताया कि बुधवार शाम कमलप्रीत की तबीयत ज्यादा खराब हो गई और आग के जलने के बाद हुए जख्मों का दर्द सहन नहीं कर पाई। इस कारण उसने दम तोड़ दिया। डाक्टरों के अनुसार, कमलप्रीत के बचने की उम्मीद थी। क्योंकि वह 60 फीसदी तक जली थी। जबकि हरप्रीत 80 फीसदी जली हुई है।
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दंपति और एक बेटी की पहले हो चुकी है मौत
घर में आग लगने से मौत
- फोटो : File Photo
मंगलवार को कमलप्रीत ने पुलिस को दिए बयान में बताया था कि शनिवार रात डिनर करने के बाद करीब नौ बजे पूरा परिवार सो गया था। कमलप्रीत के अनुसार, कुछ देर बाद धुएं की बदबू के कारण सांस लेने में दिक्कत होने लगी तो वह जाग गई। इस दौरान उसने देखा कि बिस्तरों में आग लगी हुई थी। इसके बाद वह दरवाजा खोलने के लिए गई, लेकिन वह नहीं खुल पाया। इस दौरान आसपास के लोगों ने दरवाजा तोड़ा और कमरे में दाखिल हुए। इसके बाद घायलों को सेक्टर-32 सरकारी अस्पताल में दाखिल करवाया।
जांच अधिकारी एएसआई गुरमेल सिंह ने बताया कि मृतक कमलप्रीत के मौत की खबर सेक्टर-32 अस्पताल चंडीगढ़ के डॉक्टरों ने दी तो उन्हें यकीन नहीं हुआ। मंगलवार को वह डाक्टरों की इजाजत के बाद कमलप्रीत के बयान दर्ज करने के लिए सेक्टर-32 अस्पताल पहुंचे थे। उसने आराम से हादसे के बारे में जानकारी दी थी। उन्होंने बताया कि हादसे में बची दो बहनों में से कमलप्रीत के बचने की ज्यादा उम्मीद थी।
जांच अधिकारी एएसआई गुरमेल सिंह ने बताया कि मृतक कमलप्रीत के मौत की खबर सेक्टर-32 अस्पताल चंडीगढ़ के डॉक्टरों ने दी तो उन्हें यकीन नहीं हुआ। मंगलवार को वह डाक्टरों की इजाजत के बाद कमलप्रीत के बयान दर्ज करने के लिए सेक्टर-32 अस्पताल पहुंचे थे। उसने आराम से हादसे के बारे में जानकारी दी थी। उन्होंने बताया कि हादसे में बची दो बहनों में से कमलप्रीत के बचने की ज्यादा उम्मीद थी।
आईटीआई मोहाली से कर रही थी इलेक्ट्रॉनिक ट्रेड का कोर्स
घर में आग लगने से मौत
- फोटो : फाइल फोटो
आईटीआई मोहाली से कर रही थी इलेक्ट्रॉनिक ट्रेड का कोर्स
कमलप्रीत ने 12वीं पास करने के बाद कई अलग-अलग कंप्यूटर सेंटर से कोर्स किए थे। इन दिनों आईटीआई मोहाली से इलेक्ट्रॉनिक ट्रेड का कोर्स करके वह नौकरी हासिल करना चाहती थी। कमलप्रीत को घर के कार्यों में दिलचस्पी थी और मोहाली से वापस घर आने के बाद मां के साथ रसोई में हाथ बंटाती थी।
यह है मामला
बता दें कि शनिवार रात करीब 11:15 बजे गांव दयालपुरा सोढ़ियां स्थित एक घर में आग लग गई थी, इस हादसे में पति-पत्नी समेत तीन लोगों की जिंदा जलने से मौत हो गई थी, जबकि परिवार के बाकी दो सदस्य की हालत गंभीर बनी हुई थी। पुलिस ने बताया था कि हादसे के दौरान मरने वालों की पहचान कुलजीत सिंह (50), पत्नी सुरिंदर कौर (46) और बेटी नन्ही (16) के रूप में हुई थी। जबकि हरप्रीत कौर व कमलप्रीत कौर को जीएमसीएच-32 में दाखिल करवाया गया था। पुलिस ने मृतक कुलजीत सिंह के भतीजे राजिंदर सिंह निवासी दयालपुरा (जीरकपुर) के बयान दर्ज कर लिया था। मृतक कुलजीत सिंह पंजाब के पीडब्ल्यूडी विभाग में कार्यरत थे।
कमलप्रीत ने 12वीं पास करने के बाद कई अलग-अलग कंप्यूटर सेंटर से कोर्स किए थे। इन दिनों आईटीआई मोहाली से इलेक्ट्रॉनिक ट्रेड का कोर्स करके वह नौकरी हासिल करना चाहती थी। कमलप्रीत को घर के कार्यों में दिलचस्पी थी और मोहाली से वापस घर आने के बाद मां के साथ रसोई में हाथ बंटाती थी।
यह है मामला
बता दें कि शनिवार रात करीब 11:15 बजे गांव दयालपुरा सोढ़ियां स्थित एक घर में आग लग गई थी, इस हादसे में पति-पत्नी समेत तीन लोगों की जिंदा जलने से मौत हो गई थी, जबकि परिवार के बाकी दो सदस्य की हालत गंभीर बनी हुई थी। पुलिस ने बताया था कि हादसे के दौरान मरने वालों की पहचान कुलजीत सिंह (50), पत्नी सुरिंदर कौर (46) और बेटी नन्ही (16) के रूप में हुई थी। जबकि हरप्रीत कौर व कमलप्रीत कौर को जीएमसीएच-32 में दाखिल करवाया गया था। पुलिस ने मृतक कुलजीत सिंह के भतीजे राजिंदर सिंह निवासी दयालपुरा (जीरकपुर) के बयान दर्ज कर लिया था। मृतक कुलजीत सिंह पंजाब के पीडब्ल्यूडी विभाग में कार्यरत थे।