खुद की बेटियों पर नाज, दूसरों की बेटियां छीन रहे
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लिंग जांच करके दूसरों के घरों की बेटियां छीन रहे आरोपियों के घरों में खुद बेटियों की चहचहाट है। आरोपी बेटियों के जन्म पर आलीशान पैलेस में जश्न तक मना चुके हैं। पकड़े जाने पर एक आरोपी ने कहा कि दौलत की लालच में ऐसा कृत्य कर रहा था, जो क्षमा योग्य नहीं। पूछताछ में खुलासा हुआ है कि लिंग जांच का कार्य करीब एक वर्ष से किया जा रहा था।
बाजार में बहुत से लोग
डबवाली के चौहान नगर निवासी लखवीर उर्फ लक्खा ने बताया कि उसके घर बेटी है। उसे अपनी बेटी पर नाज है। लेकिन पैसों के लालच में इस गोरखधंधे में उतरना पड़। बाजार में बहुत से लोग ऐसे हैं, जो इस धंधे में संलिप्त है। पकड़े जाने पर उन्हें अपने किए पर शर्मिंदा होना पड़ रहा है।
बेटे ने जांच करवाने से किया मना
गांव घुकांवाली निवासी जगदीश ने पुलिस को बताया कि करीब एक वर्ष पूर्व पोर्टेबल मशीन को उसने चंडीगढ़ निवासी गुरविंद्र सिंह से दो लाख रुपये में खरीदा था। उसकी फौरन बाद उसने डॉ. जितेंद्र सिंह के साथ मिलकर कार्य शुरू कर दिया। उसके एक बेटा है। उसके चार माह की पोती हुई है।
घर में जांच मशीन होने पर उसने बहू का लिंग जांच करने का प्रयास किया था। लेकिन उसके बेटे ने उसे मना कर दिया। घर में बेटी आने पर मैंने पूरे गांव का मुंह मीठा करवाया था।
जब पुलिस ने उससे सवाल किया कि अन्य घरों में बेटियां क्यों नहीं आने दी? सवाल सुनते ही जगदीश का मुंह नीचे गिर गया। उसने अपने किए पर पछतावा करते हुए कहा कि उसने ऐसे जघन्य अपराध किए हैं, सजा के रूप में उसे मौत मिलनी चाहिए।
गांव नुईया में सीखा लिंग जांच करना
पंजाब के जिला तरणतारण निवासी जितेंद्र सिंह ने पुलिस को बताया कि मैं डॉक्टर नहीं हूं। न ही कोई अस्पताल या क्लीनिक चलाता हूं। करीब पांच साल पूर्व गांव नुईयां में अस्पताल में कार्यरत था। जहां लिंग जांच बड़े पैमाने पर होती थी।
वहीं से लिंग जांच का गुर सीखा। करीब एक साल पूर्व जगदीश से संपर्क होने पर पैसे के खातिर लिंग जांच करने लगा। 10 हजार से 20 हजार रुपये तक एक लिंग जांच में मिलते थे। जिसे वे लोग आपस में बांट लेते। उसके एक बेटा तथा एक बेटी है।
बेटी के जन्म पर एक मैरिज पैलेस में शानदार कार्यक्रम किया था। मैं समझता हूं कि बेटियां किसी से कम नहीं है। लेकिन लोगों को बेटियों से नफरत है। इसलिए उन लोगों ने लोगों की भावनाओं को भुनाने के लिए इसे पैसे कमाने का जरिया बना लिया।