गैंगरेप मामले में नहीं मिला सुराग, पुलिस पार्किंग में खड़े ऑटो की हो रही जांच
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सेक्टर-29 में युवती से हुए गैंगरेप के मामले को एक महीना बीत चुका है, लेकिन अभी तक पुलिस दूसरे आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर पाई है। पुलिस की टीम पंचकूला व जीरकपुर में ऑटो चालकों की वेरिफिके शन में जुटी है।
साथ ही शहर की पार्किंग में खड़े पुराने ऑटो की जांच भी कर रही है। पुलिस ने इसके लिए 40 पुलिस कर्मियों की एक टीम बनाई है। यह टीम करीब एक महीने से चंडीगढ़, मोहाली, पंचकूला और जीरकपुर में ऑटो चालकों की वेरिफिकेशन कर रही है।
एसपी सिटी नवदीप बराड़ ने बताया कि वारदात के बाद से ही टीम बनाकर ट्राइसिटी के ऑटो चालकों के सत्यापन का काम शुरू कर दिया गया था। अभी पुलिस की टीम पंचकूला और जीरकपुर के ऑटो चालकों से पूछताछ कर रही है।
उन्होंने कहा कि टीम अब शहर की पार्किंग में पिछले लंबे समय से ख़ड़े ऑटो की वेरिफिकेशन कर रही है। पुलिस को शक है कि कहीं वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी पार्किंग में ऑटो खड़ा कर फरार तो नहीं हो गया। एसपी ने बराड़ ने बताया कि फिलहाल डीएनए की रिपोर्ट नहीं आई है। वैसे तो डीएनए रिपोर्ट कम से कम से तीन महीने से पहले नहीं आती।
ट्राइसिटी के ऑटो चालकों का कर रही वेरिफिकेशन
इसलिए पुलिस विभाग ने दिल्ली की फोरेंसिक लैब से डीएनए की रिपोर्ट जल्द भेजने की मांग की है। उम्मीद है कि अगले 15 दिन डीएनए की रिपोर्ट आ जाएगी। एसपी ने बताया कि अगर डीएनए रिपोर्ट निगेटिव भी आती है तो भी केस पर ज्यादा कुछ फर्क नहीं पडे़गा।
क्योंकि पीड़िता ने एसडीएम कोर्ट में शिनाख्त परेड में आरोपी की पहचान की है। पुलिस इस मामले में चालान पेश करेगी और पकड़े गए आरोपी वसीम पर ट्रायल चलेगा। गौरतलब है कि 12 दिसंबर को युवती ने सेक्टर-34 से काल सेंटर से काम खत्म करने के बाद घर जाने के लिए ऑटो पकड़ा था।
उस ऑटो में पहले से एक युवक बैठा था। जैसे ही ऑटो चालक ने सेक्टर-32 चौक पार किया था। उसने ऑटो सेक्टर-29 की लोहा मार्केट के पास जंगल के पास रोक लिया था। उसके बाद दोनों आरोपियों ने युवती यक दुष्कर्म किया था।
बाद में पुलिस ने युवती के बयानों पर एक आरोपी सेक्टर-52 निवासी वसीम को गिरफ्तार कर लिया था। लेकिन उसके पुलिस रिमांड के दौरान पुलिस उससे उसके दूसरे साथी का नाम नहीं उगलवा पाई थी और न ही वारदात में इस्तेमाल हुए ऑटो को बरामद कर पाई थी। वसीम बुड़ैल जेल में है।