Chandigarh News: बुड़ैल जेल में बंद मोहाली आरपीजी हमले के आरोपी से मिला मोबाइल, जांच में जुटी पुलिस
सूत्रों के मुताबिक, पेशी से आने वाले कैदी कई बार बॉडी कैविटी में ड्रग या छोटे मोबाइल छिपा लाते हैं। दीपक से जो मोबाइल पकड़ा गया है वह भी नंबरों वाला छोटा चाइनीज फोन है।
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मोहाली स्थित पंजाब पुलिस के खुफिया मुख्यालय पर आरपीजी हमले और सेक्टर-15 के एक पीजी में घुसकर दो लोगों की हत्या करने के आरोपी दीपक उर्फ रंगा (24) से बुड़ैल जेल में मोबाइल फोन मिला। सेक्टर-49 थाना पुलिस ने रंगा के खिलाफ प्रिजन (पंजाब अमेंडमेंट) एक्ट 2011 की धारा 52-ए(1) के तहत केस दर्ज किया है। शिकायतकर्ता सीपीएस प्रवीण कुमार हैं।
मूलरूप से झज्जर (हरियाणा) जिले के गांव सुरखपुर निवासी दीपक एक शार्प शूटर है। जेल प्रशासन को संदेह था कि उसके पास मोबाइल फोन हो सकता है। संदेह के आधार पर 17 दिसंबर को बैरक नंबर नौ में बंद दीपक की तलाशी ली गई तो उससे मोबाइल फोन बरामद हुआ। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि जेल में उसके पास मोबाइल फोन कैसे पहुंचा और उससे आरोपी ने कहां-कहां और कितनी कॉल की है।
सूत्रों के मुताबिक, पेशी से आने वाले कैदी कई बार बॉडी कैविटी में ड्रग या छोटे मोबाइल छिपा लाते हैं। दीपक से जो मोबाइल पकड़ा गया है वह भी नंबरों वाला छोटा चाइनीज फोन है। बता दें कि दीपक का नाम बुड़ैल में वर्ष 2019 में हुए सोनू शाह हत्याकांड में भी सामने आया था। आरोप के मुताबिक, उसने वारदात के बाद दहशत फैलाने के लिए हवाई फायरिंग भी की थी।
राणा कंदोवालिया की भी हत्या में भी शामिल था रंगा
दीपक रंगा का नाम राणा कंदोवालिया की हत्या से भी जुड़ा था। आरोप के मुताबिक, लॉरेंस से निर्देश पर दीपक रंगा ने सोनू डागर, एक नाबालिग और हैप्पी के साथ मिलकर केडी अस्पताल अमृतसर में राणा कंदोवालिया की हत्या की थी। इसके बाद दीपक रंगा आतंकी रिंदा के संपर्क में आया और उसके कहने पर नाबालिग आरोपी के साथ मिलकर महाराष्ट्र में संजय बियानी नामक व्यक्ति की हत्या की थी।
पुलिस अमृतसर से लाई थी प्रोडक्शन वारंट पर
पुलिस पूछताछ में रंगा ने कबूला था कि गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई और राजू बसौदी के कहने पर उसने राजन, मंजीत मोटा, शुभम बिगनी और अभिषेक उर्फ बंटी के साथ मिलकर 28 सितंबर 2019 को बुड़ैल में सोनू शाह की हत्या की थी। इस मामले में चंडीगढ़ पुलिस उसे पूछताछ के अमृतसर की सेंट्रल जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लाई थी।
सोनू शाह की हत्या के अलावा दीपक ने वर्ष 2019 में ही चंडीगढ़ सेक्टर-15 में दो कॉलेज छात्रों की गोलियां मारकर हत्या की थी। सूत्रों के मुताबिक, इसके लिए उसे 2 से 3 लाख रुपये मिले थे। वहीं, मोहाली आरपीजी हमले के लिए उसे 10 से 15 लाख रुपये मिले थे, जो आतंकी रिंदा ने भिजवाए थे।