सुरंग से करोड़ों में सेंध, केस खुलते ही 5 खुलासे
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सुरंग बनाकर बैंक के लॉकर तक पहुंच कर करोड़ों की चोरी करने वाले बेशक धरे गए, लेकिन मामले में 5 खुलासे हुए हैं। पहला तो ये साजिश मकान मालिक ने ही रची थी। पुलिस की प्रारंभिक जांच में ऐसा सामने आया है।
आरोपियों की गिरफ्तारी की सूचना मिलते ही मकान मालिक ने आत्महत्या कर ली। पुलिस का दावा है कि मकान मालिक और एक अन्य आरोपी सतीश ही वारदात के मास्टर माइंड थे। वहीं, दूसरी ओर परिजनों ने मौत को लेकर पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
जिस मकान से सुरंग बनाकर बदमाशों ने बैंक में करोड़ों रुपये की चोरी की वारदात को अंजाम दिया उस मकान के मालिक महिपाल भनवाला का शव गुरुवार को अपनी गाड़ी में पड़ा मिला। गाड़ी गोहाना-पानीपत मार्ग स्थित एक कार एजेंसी के सामने खड़ी थी। सूचना मिलने के बाद पहुंची पुलिस ने शव को गोहाना के सरकारी अस्पताल में रखवा दिया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि मौत जहरीले पदार्थ के सेवन के कारण हुई है। एफएसएल की टीम ने भी मौके पर जांच की।
दहशत में मकान मालिक ने आत्महत्या कर ली
एसपी सोनीपत अरुण नेहरा ने अमर उजाला से बातचीत में बताया कि जिस मकान में सुरंग बनाई गई थी, उसके मालिक महिपाल भनवाला निवासी कासंडी को साजिश रचने की धाराओं के तहत आरोपी बनाया गया था।
उनका कहना है कि जैसे ही तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी की सूचना महिपाल को मिली उसने भारी मात्रा में जहरीले पदार्थ का सेवन कर आत्महत्या कर ली। उसे डर था कि आरोपी उसका नाम अवश्य लेंगे और वह गिरफ्तार हो जाएगा। बस इसी दहशत में उसने आत्महत्या कर ली।
एसपी नेहरा ने बताया कि महिपाल भनवाला ने ही पूरी साजिश रची थी। इसका खुलासा प्रारंभिक जांच में हुआ है। इसलिए ही उसे षडयंत्र रचने की धाराओं के तहत आरोपी बनाया गया था। उनका कहना है कि आरोपी महिपाल ने इन चारों आरोपियों सुरेंद्र उर्फ काला, बलराज उर्फ बल्लू और सतीश व राजेश के साथ मिलकर पूरी साजिश रची। दो आरोपियों से पूछताछ जारी है और एक अन्य आरोपी सतीश को शुक्रवार को अदालत में पेश किया जाएगा।
जेवर पाना है तो अदालत में करें साबित
कोर्ट में जमा करा रहे हैं सामान
वरिष्ठ वकील राजेश छिक्कारा ने बताया कि किसी भी केस के दौरान पुलिस जो भी रिकवरी करती है उसे माल मुकदमा का नाम देकर अदालत में जमा करवाया जाता है। इस मामले में भी जेवरातों को अदालत में जमा करवा दिया है, आगे भी जो रिकवरी की जाएगी वह भी माल मुकदमा के तौर पर अदालत में ही जमा कराई जाएगी।
अभी इन बैगों में से केवल एक बैग बरामद हुआ है, जिसमें 10 किलोग्राम के गहनों में अधिकांश गहने चांदी के हैं। ऐसे में पुलिस को अभी चोरी का ज्यादातर माल बरामद करना है। माल की बरामदगी से महत्त्वपूर्ण पहलू यह है कि पीड़ित परिवारों को उनके लॉकर से चोरी के सामान की एक-एक पाई सुरक्षित वापस मिल जाए।
पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
मृतक महीपाल के पुत्र राजकुमार ने बताया कि उसके पिता को बुधवार रात लगभग 12.30 बजे एसआईटी सोनीपत में बुलवाया था। वे रात को ही एसआईटी गये थे, इसके कुछ देर बाद उसे भी बुलाया गया। राजकुमार ने आरोप लगाया कि एसआईटी में पुलिस वालों ने उसके पिता के साथ गाली गलौच किया था। राजकुमार के अनुसार पुलिस कर्मियों ने उसे वहीं बिठा लिया था।
गुरुवार शाम को 7 बजे उसे छोड़ा गया और वो भी कागज पर हस्ताक्षर कर ये लिखने के बाद कि मेरे पापा ठीक हैं। राजकुमार के अनुसार पुलिस कर्मियों की बदतमीजी से आहत होने के बाद ही उसके पिता ने आत्महत्या की है। परिजनों के अनुसार रात को करीब 2.30 बजे महिपाल घर वापस आया था, इसके बाद अलसुबह ही घर से निकल गया था। दूसरी ओर इस मामले में पुलिस सभी आरोपों से पल्ला झाड़ रही है। पुलिस के अनुसार महिपाल और उसके बेटे को बुलाया गया था, लेकिन वे आए ही नहीं।
बैंक के सामने से नहीं हटेंगे
हमें अपना पूरा पैसा और गहने चाहिए, नहीं तो वे बैंक के सामने से नहीं हटेंगे। पुराना बस स्टैंड स्थित पीएनबी की शाखा में हुई चोरी से प्रभावित 78 लॉकर धारकों ने बृहस्पतिवार को यह बात कही। कमेटी सदस्यों ने सोनीपत से लौटने के बाद यह फैसला लिया।
बृहस्पतिवार सुबह एसपी ने अरुण नेहरा ने बुलाया था। सोनीपत जाने के बाद कमेटी सदस्यों को बताया कि वारदात को अंजाम देने वाले 2 आरोपियों को न केवल गिरफ्तार कर लिया गया है, बल्कि उनके कब्जे से बंद पड़े एक ईंट भट्ठा से चोरी का कुछ माल भी बरामद कर लिया गया है। कमेटी के सदस्यों को पुलिस ने गिरफ्तार आरोपी और उनसे बरामद माल भी दिखाया।
कमेटी सदस्य राजेश मिगलानी, इंद्र जीत विरमानी, बलवंत नागपाल, राजेश भाटिया व संदीप कालड़ा ने बताया कि सभी आरोपियाें की गिरफ्तारी और उनसे पूरा माल बरामद होने के बाद भी जब तक पीड़ित ग्राहकों को उनकी चोरी का पूरा माल वापस न मिल जाए, तब तक धरने को समाप्त करने वाले नहीं हैं।
उन्होंने कहा कि बैंक को खोलने का सवाल ही पैदा नहीं होता। उन्होंने बताया कि पकड़े गए आरोपियों ने पुलिस की उपस्थिति में कमेटी के सदस्याें से बातचीत करते हुए स्वीकार किया कि लॉकरों से चुराए माल को भरकर वे 4 बैगों में ले गए।
डेढ़ माह में खोदी बैंक तक सुरंग
फिल्मी स्टाइल में 84 फीट सुरंग खोदकर गोहाना में पंजाब नेशनल बैंक से करोड़ों रुपये के जेवरात व नकदी चुराने वालों का पुलिस ने 72 घंटे में पर्दाफाश कर तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
लेकिन गिरफ्तारी से पहले ही वारदात के मास्टर माइंड और सुरंग वाले मकान के मालिक ने जहर खाकर जान दे दी। पुलिस ने आरोपियों के ठिकानों से 39 किलो सोने और चांदी के जेवरात बरामद कर लिए हैं।
पुलिस के अनुसार, करीब डेढ़ माह तक प्रतिदिन चार से पांच घंटे खुदाई कर पांच लोगों ने सुरंग बनाई थी। आरोपियों ने कस्सी, खुरपा और गैती से सुरंग खोदी थी। एक आरोपी सुरंग खोदता तो दूसरा मिट्टी उठाकर तीसरे को देता था। तीसरा मिट्टी को कट्टों में भरता और चौथा आरोपी मिट्टी को दूसरे कमरे में डालकर आता था।
इनके साथ एक अन्य आरोपी आसपास नजर बनाए रखता था। पुलिस ने वीरवार को दो आरोपियों को कोर्ट में पेश कर नौ दिन के रिमांड पर लिया, जबकि एक आरोपी शाम को पुलिस के हत्थे चढ़ा। उसे शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया जाएगा।
10 लाख के इनाम ने चोरों को पकड़वाया
पुलिस ने बैंक चोरी के मामले में आरोपियों की सूचना देने पर 10 लाख रुपये का इनाम घोषित किया था। इसी कारण एक व्यक्ति ने पुलिस को सूचना दी कि गांव लाठ में दो युवक संदिग्ध हालात में घूम रहे हैं।
सूचना के बाद पुलिस ने इन दोनों युवकों को हिरासत में लिया तो पूछताछ में उन्होंने अपराध कबूला। सतीश और राजेश को छोड़कर दोनों अन्य आरोपियों का कोई आपराधिक रिकार्ड नहीं है। सतीश और राजेश गांव में शरारती किस्म के व्यक्तियों में शामिल थे, हालांकि ये कुख्यात अपराधी भी नहीं थे।
क्या है मामला
गोहाना स्थित पंजाब नेशनल बैंक की मुख्य शाखा में सुरंग बनाकर करोड़ों रुपये की चोरी को अंजाम दिया गया था। 27 अक्टूबर की सुबह बैंक खुलने पर मामला प्रकाश में आया।
चोरों ने बैंक के 86 लॉकरों से करोड़ों रुपये के जेवरात और नकदी चुरा ली थी। चोरों ने बैंक के पास में ही खाली पड़े मकान में सुरंग बनाकर बैंक में सेंध लगाई थी। शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज किया था।
पुलिस टीम को मिलेगा इनाम
हरियाणा के डीजीपी एसएन वशिष्ठ ने गोहाना के बैंक में चोरी की वारदात को 72 घंटे में सुलझा लिए जाने पर संबंधित पुलिस टीम को बधाई दी है। उन्होंने कहा कि टीम को पुरस्कृत भी किया जाएगा।