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150 से ज्यादा बच्चों से वसूली करता था गैंग

Thu, 22 Jan 2015 05:43 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Thu, 22 Jan 2015 05:43 PM IST
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friendship and swindle with children: new disclosure

कूल डूड बनकर शहर के चार प्रमुख कान्वेंट स्कूलों के 150 से ज्यादा छात्रों को अपने जाल में फंसाने वाले बैड ब्वायज गैंग की पोल अब ये बच्चे ही खोल रहे हैं। गैंग के तीनों सदस्य पुलिस रिमांड पर हैं और 29 छात्र इनकी शिनाख्त भी कर चुके हैं।

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तीनों आरोपी पुलिस के ऑपरेशन सेल की हिरासत में हैं। इनमें किशनगढ़ निवासी भाजपा नेता व पूर्व जिला परिषद चेयरमैन भजन सिंह माड़ू का बेटा रतन लुबाना, सेक्टर-20/बी निवासी अमितोज सिंह और डेराबस्सी के गांव जनेतपुर निवासी राजवीर सिंह शामिल हैं।
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मोबाइल से मिली जानकारियां
ऑपरेशन सेल ने आरोपियों के मोबाइल डाटा से पता लगाया है कि कान्वेंट के डेढ़ सौ से ज्यादा बच्चे उनके संपर्क में थे। इनमें से 29 बच्चों के बयान पुलिस को मिल गए हैं। इन बच्चों को मस्ती कराने का वादा कर दोस्त बनाया जाता था, एक बार जाल में फंसने पर वसूली शुरू कर दी जाती। पैसे न लाने पर धमकाया भी जाता था।

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ऐसे करते थे वसूली

friendship and swindle with children: new disclosure

आपरेशन सेल अधिकारियों के अनुसार जांच के बाद 29बच्चों से पैसे लेने की पुष्टि हुई है। पुलिस उन सभी बच्चों के बयान को दर्ज कर रही है। फिलहाल पहली जांच में दो बच्चों में एक से 18 हजार और एक से नौ हजार रुपये आरोपियों ने लिया था।

तीनों आरोपियों को पुलिस वीरवार को जिला अदालत में पेश करेंगी। पार्टी का बहाना करके पैसे जुटाते थे और जो नहीं देता था उसे पिस्टल दिखाकर धमकाते थे। फेसबुक और वाट्सएप पर डराने के लिए खुद की हथियारों के साथ फोटो टैग करते थे।


रतन लुबाना के पिता भजन सिंह माढ़ू के अनुसार उन्होंने अपने बेटे की हर जरूरत पूरी की है। रतन को हाल ही में एंडेवर गाड़ी दी थी। इसके अलाव पेट्रोल खर्च के लिए हजार-पांच सौ रुपये रोज वह मां से ले लेता था। ऐसे में उसे बच्चों से पैसे लेने की क्यों जरूरत होगी। मेरा बेटा बेकसूर है। उसे फंसाया जा रहा है।

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