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जाली सर्टिफिकेट बनाने वाले रैकेट का पर्दाफाश
ब्यूरो/अमर उजाला, मोहाली/खरड़
Updated Thu, 15 May 2014 10:36 PM IST
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एसएसपी मोहाली के कार्यालय से मात्र 50 मीटर की दूरी पर पिछले दो वर्षो से शिक्षण संस्थान चला रहे एक ऐसे रैकेट का पर्दाफाश हुआ है जो मात्र कुछ हजार रूपयें लेकर युवाओं को जाली डीग्री व सर्टीफिकेट मुहैया करवा देते थे ।
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इस बात की सूचना मिलते ही सीआईऐ स्टाफ द्वारा रेड कर उक्त संस्थान के संचालक व खरड़ में रहने वाली उसकी महिला साथी को गिरफ्तार कर हजारों की संख्या में फर्जी सर्टीफिकेट बरामद किए है जो खाली थे। जबकि एक साथी फरार है।
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अपना एजेंट बनाकर फैला रहा था जाल
क्टर 45 चंडीगढ़ निवासी दीपक भारद्वाज ने पुलिस को सूचना दी कि वह चंडीगढ़ में एक शिक्षण संस्थान चलाता है जो आइलैटस के कोर्स करवाता है उसकी मुलाकात मोहाली फेज एक में उक्त संस्थान के संचालक संजय शर्मा से हुई।
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संजय शर्मा मूल रूप से हिमाचल का रहना वाला है जो मौजूदा समय में फेज 6 मोहाली में रहता है। संजय ने बताया कि उसके पास राष्ट्रीय कांउसिल ऑफ स्कूल ऐजूकेशन दिल्ली की फ्रेंचाइजी है व युवाओं को दसवी व बारहवी की परिक्षा करवाता है जिनके पास होने की पूरी गारंटी लेता है।
उसने दीपक को अपना ऐजैंट बनने को कहा जिसपर उसे कमिशन देनी तय हुई वह उसकी बात में आ गया। दीपक ने अपने स्टूडैंटस को संजय के पास परिक्षा दिलवाने के लिए भेजना शुरू कर दिए जब उसके स्टूडैंटस को परिक्षा के सर्टिफिकेट जारी किए गए तो उसने अपने स्टूडैंटस से पूछा कि परिक्षा कहा पर दी है तो पता चला कि परिक्षा तो दिलवाई नही उपरांत उसने निजी तौर सर्टिफिकेटस की जांच करवाई तो पता चला कि सर्टिफिकेट फर्जी है।
उसने पुलिस को 25 मार्कशीट व एक सर्टिफिकेट मुहैया करवाया जिनमें डीग्री व सकेंडरी के सर्टिफिकेट थे। ऐसे ही कई राज्यों में उसने अपने कार्यालय खोल रखे है।