इंस्पेक्टर खुदकुशी मामले में खौफनाक खुलासा, दो कांस्टेबल भी गिरफ्तार, जानें कैसे हुई थी पूरी वारदात
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चार दिन पहले सीआईए की हिरासत में नौजवान के फंदा लगाकर जान देने के बाद शव ठिकाने लगाने के मामले में पुलिस ने सीआईए में तैनात दो कांस्टेबलों को गिरफ्तार कर लिया है।
गिरफ्तार पुलिस कांस्टेबल दर्शन सिंह और सुखमंदर सिंह पर आरोप है कि इन दोनों ने घटना के बाद खुदकुशी करने वाले सीआईए इंचार्ज इंस्पेक्टर नरिंद्र सिंह के साथ मिलकर युवक के शव को राजस्थान नहर में फेंक दिया था।
सूचना के बाद पुलिस ने राजस्थान नहर को खंगालना शुरू कर दिया है। उधर डीसी कुमार सौरभ राज ने इस केस की मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए हैं। जांच का काम एडीसी को सौंपा गया है।
पुलिस व प्रशासन की इस कार्यवाही से पहले बुधवार सुबह इस मामले को लेकर मृतक के परिजनों ने सामाजिक जत्थेबंदियों के साथ मिलकर एसएसपी दफ्तर के समक्ष बेमियादी धरना शुरू किया।
धरने में पंजाब एकता पार्टी के प्रधान सुखपाल सिंह खैरा, मानवाधिकार कार्यकर्ता परमजीत कौर खालड़ा के अलावा कोटकपूरा से विधायक कुलतार सिंह संधवां, जैतो से विधायक मास्टर बलदेव सिंह समेत बठिंडा से युवा नेता लक्खा सिधाना व पंजाब स्टूडेंट यूनियन के प्रांतीय प्रधान राजिंदर सिंह शामिल हुए। खैरा ने कहा कि यह घटना आतंकवाद के काले दौर की याद करवा रही है।
उन्होंने पंजाब सरकार से इस मामले में आरोपी पुलिस मुलाजिमों पर हत्या का केस दर्ज करने, साजिश रचने वाले लोगों पर कार्यवाही करने व मृतक के शव को बरामद करके परिवार को सौंपने समेत पूरे मामले की न्यायिक जांच करवाने की बात कही। एसएसपी राजबचन सिंह संधू ने कहा कि पुलिस ने शव की तलाश के लिए चार टीमों को राजस्थान नहर खंगालने में लगा दिया है।
साथ ही इस मामले में किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। मालूम हो कि मुक्तसर के गांव पंजाबा निवासी जसपाल सिंह को सीआईए स्टाफ ने एक शिकायत के आधार पर 18 मई की रात को यहां के गांव रत्ती रोड़ी से हिरासत में लिया था।
उसी रात जसपाल सिंह ने सीआईए के लॉकअप में फंदा लगाकर जान दे दी और उसकी मौत के बाद सीआईए के इंचार्ज ने कर्मियों के साथ मिलकर शव को नहर में फेंक दिया।
बाद में इसी बात के तनाव में 19 मई को शाम 5 बजे सीआईए इंचार्ज इंस्पेक्टर नरिन्द्र सिंह ने गोलीमार खुदकुशी कर ली थी। मामले में पुलिस ने मृतक नौजवान के मामा के बयान पर उसके संपर्क वाले दोस्तों के खिलाफ अपहरण का केस दर्ज किया था।
इसमें एक दिन पहले उसकी मौत की पुष्टि होने के बाद आत्महत्या को मजबूर करने की धारा शामिल की गई और खुदकुशी करने वाले इंस्पेक्टर नरिन्द्र सिंह को नामजद किया गया। इसी केस में बुधवार को सीआईए के दो कांस्टेबल गिरफ्तार किए गए हैं।