सोनीपत में 12 साल के पहलवान की गोली मारकर हत्या, परिवार ने ट्रेनर पर लगाए आरोप
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गांव पलड़ी में बाइक पर सवार होकर आए हमलावर ने 12 साल के पहलवान किशोर की गोली मारकर हत्या कर दी। हत्या का आरोप पहलवान के कुश्ती ट्रेनर रहे युवक पर लगा है। पीड़ित परिवार डेढ़ साल पहले झज्जर के गांव दादरी तोए में रहकर खेतीबाड़ी करने गया था। उन्होंने अपने बेटे को ट्रेनर के पास छोड़ दिया था।
वहां पर एक माह रहकर परिवार लौट आया। किशोर भी ट्रेनर के पास से प्रशिक्षण छोड़कर चला आया था। परिजनों का आरोप है कि ट्रेनर ने उन्हें वापस जाने से मना किया था। इसी रंजिश में उसने गोली मारकर हत्या कर दी। गोली मारने के बाद आरोपी छत से कूदकर फरार हो गया। पुलिस ने बाल पहलवान की मां के बयान पर हत्या का मामला दर्ज कर लिया है।
गांव पलड़ी कलां निवासी आयुष (12) रविवार रात को अपनी मां कोमल और बहन अन्नू के साथ घर की छत पर चारपाई पर सो रहा था। आयुष की मां का आरोप है कि रात को पौने 11 बजे एक बाइक सवार युवक उनके घर की छत पर आ गया। उसने उसके बेटे आयुष के माथे पर पिस्तौल रखकर गोली मार दी। आरोपी ने उसके बड़े बेटे के बारे में भी पूछा और फिर दीवार से होते हुए पड़ोस में खाली प्लॉट में कूदकर फरार हो गया।
रात को आयुष को लेकर परिजन सामान्य अस्पताल में पहुंचे। जहां उसकी देर रात मौत हो गई। पुलिस ने सोमवार को शव का पोस्टमार्टम करवाने के बाद परिजनों को सौंप दिया। कोमल ने आरोप लगाया कि गोली मारने वाला गांव हसनगढ़ का रहने वाला सोमप्रकाश था। उसने बताया कि करीब डेढ़ साल पहले फरवरी, 2018 में वह झज्जर के गांव दादरी तोए गए थे।
उन्होंने वहां पर रहकर एक माह तक खेती की थी। उसके साथ उसकी दोनों बेटी अन्नू व काजल तथा बेटा अंकित व आयुष भी था। महिला ने बताया कि उसका पति रणबीर ट्रक पर हेल्पर है। एक माह दादरी तोए में रहने के बाद वह वापस अपने गांव आ गए थे। उन्होंने दादरी तोए में रहते हुए अपने बेटे आयुष को सोमप्रकाश के पास कुश्ती की ट्रेनिंग देने के लिए हसनगढ़ गांव में छोड़ा था।
उनके वापस लौटने से सोमप्रकाश ने मना किया था। उनके वहां नहीं रुकने व बेटे को वापस लेकर आने से सोमप्रकाश उनसे रंजिश रखने लगा। इसी रंजिश में उसने बेटे की गोली मारकर हत्या कर दी। पुलिस ने सोमप्रकाश के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। उसकी गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं।
बचपन से था पहलवानी का शौक
परिजनों ने बताया कि आयुष छठी कक्षा का छात्र था। उसे बचपन से ही कुश्ती का शौक था। इसी के चलते उन्होंने अपने एक रिश्तेदार के कहने पर उसे सोमप्रकाश के पास कुश्ती की ट्रेनिंग देने भेजा था। उन्हें क्या पता था कि एक दिन वह ट्रेनर ही उनके बेटे की जान ले लेगा।
बड़े बेटे की हत्या करना चाहता था हमलावर
संदेह जताया जा रहा है कि हमलावर आयुष के बड़े भाई पर हमला करने के लिए आया था। बताया गया है कि बड़ा बेटा ही दादरी तोए से परिवार को लेकर आया था। साथ ही हमलावर ने महिला से उसके बेटे के बारे में पूछा था।
खाली प्लॉट में मिली टोपी व मास्क
आयुष के मकान के पास खाली प्लॉट है। साथ ही उसके घर में मुख्य दरवाजा नहीं है। गली से होकर उनके घर सीढ़ियों से आसानी से छत पर जाया जा सकता है। बताया गया है कि हमलावर बाइक लेकर आया था। उसके बाद वह छत पर पहुंचा और आयुष को गोली मार दी। उसके बाद वह पड़ोस में खाली प्लॉट में कूदकर वहां से भाग गया। खाली प्लॉट के अंदर एक टोपी व मॉस्क मिला था।
गांव पलड़ी कलां में 12 साल के बाल पहलवान की गोली मारकर हत्या की गई है। परिजनों ने उसके ट्रेनर रहे युवक पर ही हत्या का आरोप लगाया है। मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। जिसके बाद ही हत्या के सही कारणों से पर्दा उठ सकेगा। -जितेंद्र कुमार, डीएसपी, राई।