फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   chandigarh housing board may launch new scheme

चंडीगढ़ में लांच हो सकती है नई हाउसिंग स्कीम

Thu, 18 Jun 2015 12:24 PM IST
राजेश ढल्ल/अमर उजाला, चंडीगढ़
राजेश ढल्ल/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Thu, 18 Jun 2015 12:24 PM IST
विज्ञापन
chandigarh housing board may launch new scheme

पुनर्वास योजना के तहत हजारों फ्लैट आवंटित होने के बाद शहर में आम लोगों के लिए चंडीगढ़ हाउसिंग बोर्ड की नई जनरल हाउसिंग स्कीम का रास्ता खुल गया है। साथ ही एक साल बाद सिटी ब्यूटीफुल के स्लम फ्री सिटी बनने की उम्मीद भी बंध गई है।

विज्ञापन


साल 2006 के सर्वे की रिपोर्ट के आधार पर शहर को स्लम फ्री बनाने के लिए 25 हजार फ्लैट का निर्माण करने की योजना बनाई गई थी। इसके तहत 12 हजार 736 फ्लैट अलॉट भी किए जा चुके हैं, जबकि बाकी 12992 फ्लैट का निर्माण बाकी है।
विज्ञापन


सरकारी आंकड़ों के अनुसार अब शहर में सिर्फ 4960 लोग ऐसे बचे हैं, जिन्हें पुनर्वास योजना के तहत फ्लैट मिलने हैं और मलोया में इतने ही फ्लैट का निर्माण चल रहा है। इसलिए बाकी बची जमीन पर 8032 फ्लैट का निर्माण होना या नहीं, इस पर एक साल बाद ही निर्णय लिया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


बोर्ड अधिकारियों के अनुसार, पुनर्वास योजना के तहत बीच जमीन को हाउसिंग बोर्ड प्रशासन की मंजूरी के बाद जनरल हाउसिंग स्कीम में तबदील किया जा सकता है। साथ ही यदि फ्लैट्स सरप्लस हो गए तो उन्हें किराए पर भी चढ़ाने का निर्णय लिया जा सकता है।

मलोया में बच सकती है 100 एकड़ जमीन
मलोया में बोर्ड के पास कुल 140 एकड़ जमीन है, जिनमें अभी 4960 झुग्गी वालों के लिए फ्लैट का निर्माण हो रहा है। अगर योजना के तहत बाकी 8032 फ्लैट का निर्माण नहीं होता है तो बोर्ड के पास करीब 100 एकड़ जमीन अन्य प्रोजेक्ट के लिए बच जाएगी। इस समय हाउसिंग इंप्लाइज स्कीम भी जमीन नहीं मिलने के कारण ही लटकी हुई है।

इस स्कीम के तहत चार हजार फ्लैट के निर्माण के लिए 65 एकड़ जमीन चाहिए। इससे पहले बोर्ड के निदेशक मंडल ने सेक्टर-51 में जनरल हाउसिंग स्कीम के तहत 128 टू बेडरूम फ्लैट्स की स्कीम को इसी साल लांच करने की मंजूरी दे चुका है। इसमें प्रति फ्लैट की कीमत 70 लाख रुपये होगी।

देरी जरूर होगी, पर एक कमरा ज्यादा मिलेगा
पुनर्वास योजना के तहत अभी तक जो फ्लैट बांटे गए हैं, वे वन रूम सेट हैं, लेकिन मलोया में बनने वाले फ्लैट टू रूम सेट होंगे और एक साल में इनका निर्माण पूरा हो जाएगा। इन फ्लैट का एरिया भी अभी तक आवंटित फ्लैट्स से ज्यादा है। मंगलवार को मौलीजागरां में 1568 फ्लैट की चाबियां सौंपी गईं हैं। अभी तक बने 12 हजार 736 फ्लैट का एरिया 308 स्क्वायर फुट है, जबकि जिन टू रूम सेट का निर्माण हो रहा है, उसका कुल एरिया 368 स्क्वायर फुट है। केंद्र सरकार की योजना के अनुसार, भविष्य में देशभर में पुनर्वास योजना के तहत जितने फ्लैट बनेंगे, वे टू रूम सेट होंगे।

एक साल बाद स्लम फ्री सिटी बनने की भी बंधी उम्मीद
फिलहाल मलोया में 4960 फ्लैट्स का निर्माण किया जा रहा है। अगले साल ये फ्लैट्स लोगों को सौंप दिए जाएंगे। इसके बाद ही निर्णय लिया जाएगा कि बाकी बचे फ्लैट्स का निर्माण होगा या नहीं।
- मनिंदर सिंह, चेयरमैन, हाउसिंग बोर्ड

प्रशासन शहर को स्लम फ्री बनाने के लिए प्रयासरत है। सभी झुग्गी वालों को छत दी जाएगी। हाउसिंग इंप्लाइज स्कीम को भी लांच करवाने का पूरा प्रयास किया जा रहा है।

- संजय टंडन, भाजपा अध्यक्ष

इस समय शहर में ऐसे हजारों परिवार हैं, जो पिछले कई वर्षों से किराए के मकान में रह रहे हैं। मलोया में अगर जमीन बचती है तो सिर्फ किराएदारों के लिए नई स्कीम लांच करनी चाहिए।
- एसएस भारद्वाज, अध्यक्ष, चंडीगढ़ सोशल वेलफेयर काउंसिल

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed