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Punjab: अमृतपाल के साले पर कनाडा में भारतीय उच्चायोग पर हमले के मामले में केस दर्ज
Sun, 25 Jun 2023 01:45 AM IST
भूपेंद्र सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Sun, 25 Jun 2023 01:45 AM IST
सार
ओटावा में भारतीय उच्चायोग पर प्रदर्शन की आड़ में खालिस्तान समर्थकों ने हमला किया था। एनआईए पाकिस्तान के लिंक भी खंगाल रही है।
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Amritpal singh
- फोटो : एएनआई
विस्तार
मार्च महीने में कनाडा स्थित भारतीय उच्चायोग पर हमले के मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने खालिस्तान समर्थक एवं वारिस पंजाब दे के प्रमुख अमृतपाल सिंह के साले अमरजोत सिंह और कई अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। अमरजोत को घटना का मुख्य आरोपी बनाया गया है। आरोपियों पर लोगों को उकसाने, दंगा करवाने की कोशिश, साजिश रचने, जबरदस्ती घर में घुसने के साथ ही गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) व विस्फोटक पदार्थ अधिनियम (यूएपीए) की धाराएं भी लगाई हैं। एनआईए अब मामले में पाकिस्तान एंगल की भी जांच कर रही है।
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18 मार्च को पंजाब पुलिस व अन्य सुरक्षा एजेंसियां खालिस्तान समर्थक अमृतपाल सिंह को गिरफ्तार करने के प्रयास कर रही थीं। इसी बीच 23 मार्च को अमृतपाल सिंह पर कार्रवाई के विरोध में कनाडा स्थित ओटावा में भारतीय उच्चायोग पर प्रदर्शन की आड़ में खालिस्तान समर्थकों ने हमला किया। एजेंसी के मुताबिक हमले की अगुवाई अमृतपाल सिंह का साला अमरजोत सिंह कर रहा था।
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इस दौरान दो ग्रेनेड उच्चायोग की इमारत के अंदर फेंके गए थे। अधिकारियों के मुताबिक इससे पहले 19 मार्च सैन फ्रांसिस्को में भारतीय वाणिज्य दूतावास पर हमला कर उसे नुकसान पहुंचाने की कोशिश की गई थी। मामले में वहां की संघीय एजेंसी ने दूतावास पर नुकसान पहुंचाने के लिए बाबा सरवन सिंह सहित आठ खालिस्तान समर्थकों की भी पहचान की है।
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इन दोनों मामलों की जांच पहले दिल्ली पुलिस कर रही थी। अब दोनों केसों की जांच एनआईए ने अपने हाथ में ले ली है। क्योंकि भारतीय उच्चायोग और वाणिज्य दूतावासों पर हुए हमले में पाकिस्तान के लिंक का अंदेशा है। एजेंसी के हाथ इस तरह के कुछ अहम सबूत हाथ लगे थे।
याद रहे कि एनआईए की टीम ने पिछले महीने लंदन में भारतीय उच्चायोग पर हुए हमले के मामले में सबूत जुटाने के लिए वहां का दौरा किया था। जिसके बाद 45 संदिग्धों की सूची तैयार की है। इसके जल्द ही अमेरिका और कनाडा का दौरा करने की भी संभावना है। इससे पहले लंदन में हुए हमले में शामिल लोगों की अब अमृतपाल से संपर्क की भी जांच चल रही है।
जब पंजाब पुलिस और केंद्र एजेंसियां अमृतपाल सिंह की तलाश कर रही थी तो इस दौरान प्रदर्शन हुआ था। इन विरोध प्रदर्शनों के नेतृत्व में कुछ दिन पहले कनाडा में मारे गए आतंकी हरदीप सिंह निज्जर और अवतार सिंह खंडा शामिल हुए थे। इन लोगों को खालिस्तानी नेताओं के रूप में पेश किया जा रहा था। एजेंसी इसकी जांच कर रही है क्या वह उस समय अमृतपाल सिंह के संपर्क में था। इससे पहले केंद्रीय एजेंसियों ने डिब्रूगढ़ की जेल में बद अमृतपाल सिंह के साले से भी पूछताछ की थी।