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बहादुरी को शत शत नमन, 15 घरों के 'चिराग' बुझने से बचाए और दे गया अपनी जान
Thu, 19 Dec 2019 12:29 PM IST
खुशबू गोयल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लुधियाना(पंजाब)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लुधियाना(पंजाब)
Published by: खुशबू गोयल
Updated Thu, 19 Dec 2019 12:29 PM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर
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ड्राइवर की बहादुरी को शत शत नमन, सूझबूझ से वैन को सड़क किनारे लगा दिया। उसकी अपनी जान चली गई, लेकिन कई घरों के 'चिराग' बचा गया। घटना पंजाब के लुधियाना की है। स्कूली बच्चों को लेकर जा रहे वैन चालक की ड्राइविंग करते हुए अचानक दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई, लेकिन मरते-मरते भी वह वह वैन में बैठे 15 बच्चों की जिंदगी बचा गया।
लोग उसकी बहादुरी और समझ के लिए तारीफों के पुल बांध रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ उनकी आंखें नम भी हैं। हर किसी के हाथ दुआ में उठकर बस भगवान से इतनी प्रार्थना कर रहे थे कि वह ड्राइवर की आत्मा को शांति दे। उसने हिम्मत दिखाते हुए बच्चों की जिंदगी बचा ली, वरना बड़ा हादसा होता।
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लोग उसकी बहादुरी और समझ के लिए तारीफों के पुल बांध रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ उनकी आंखें नम भी हैं। हर किसी के हाथ दुआ में उठकर बस भगवान से इतनी प्रार्थना कर रहे थे कि वह ड्राइवर की आत्मा को शांति दे। उसने हिम्मत दिखाते हुए बच्चों की जिंदगी बचा ली, वरना बड़ा हादसा होता।
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ब्रेक लगाने से पहले हो गया बेहोश, फिर भी...
मिली जानकारी के अनुसार, दुगरी निवासी जसपाल सिंह काफी समय से रयान इंटरनेशनल स्कूल की वैन चला रहा था। हर रोज की तरह सुबह वह स्कूली छात्रों को लेने के लिए निकला।
लगभग 15 छात्रों को वह वैन में बैठा चुका था। वैन स्कूल के लिए निकल चुकी थी, लेकिन जैसे ही वह मोहन दाई अस्पताल के पास पहुंचा, अचानक उसके सीने में तेज दर्द उठा, लेकिन सूझबूझ दिखते हुए उसने एकदम गाड़ी की गति धीमी करके उसे सड़क किनारे लगा दिया।
इससे पहले की ब्रेक लगाता, वह बेहोश हो गया। लेकिन वैन सड़क के किनारे मिट्टी के ढेर में फंसकर रुक गई। यह सब देखकर वैन में सवार बच्चों ने शोर मचा दिया। शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। उन्होंने वैन चालक को निजी अस्पताल में भर्ती करवाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
लगभग 15 छात्रों को वह वैन में बैठा चुका था। वैन स्कूल के लिए निकल चुकी थी, लेकिन जैसे ही वह मोहन दाई अस्पताल के पास पहुंचा, अचानक उसके सीने में तेज दर्द उठा, लेकिन सूझबूझ दिखते हुए उसने एकदम गाड़ी की गति धीमी करके उसे सड़क किनारे लगा दिया।
इससे पहले की ब्रेक लगाता, वह बेहोश हो गया। लेकिन वैन सड़क के किनारे मिट्टी के ढेर में फंसकर रुक गई। यह सब देखकर वैन में सवार बच्चों ने शोर मचा दिया। शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। उन्होंने वैन चालक को निजी अस्पताल में भर्ती करवाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।