पंजाब ड्रग रैकेट में अहम खुलासा कर सकता है भाजयुमो नेता
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पंजाब ड्रग रैकेट में गिरफ्तार भाजयुमो नेता बेहद अहम खुलासे कर सकता है। पुलिस ने उसे एक दिन के रिमांड पर लिया है। पुलिस का मानना है कि जिम्मी कई अहम खुलासे कर सकता है।
दूसरी तरफ पुलिस भाजपा के पूर्व जिला प्रधान जोगराज सिंह कटोरा, मल्लांवाला के सर्कल प्रधान गुरचरण सिंह, डीएसपी बलविंदर सिंह सेखों व एक पोथी नामक व्यक्ति को गिरफ्तार करने के लिए छापामारी कर रही है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार जिम्मी को गिरफ्तार करते समय पुलिस ने उससे तीन लाख बरामद किए थे। पुलिस जिम्मी से दो लाख रुपये और बरामद करना चाहती है, क्योंकि जिम्मी ने तस्करों से अपने हिस्से के पांच लाख रुपये लिए थे, इसीलिए पुलिस ने एक दिन का और रिमांड लिया है।
जानकारों का कहना है कि जिम्मी ने पुलिस के सामने उन लोगों के नाम भी बताए हैं जिनके साथ मिलकर काम करता था। जिम्मी समेत नौ लोग हैं, जो पुलिस के कुछ अफसरों के साथ पैसे ले-देकर थानों में लोगों के काम करवाते थे।
फिरोजपुर से बदल चुके एक-दो डीएसपी रैंक के अफसरों के साथ भी इनके गहरे संबंध थे। पुलिस ने जसपाल सिंह संधू उर्फ जिम्मी के चेहरे पर नकाब पहनाकर अदालत में पेश किया।
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष का पीए था जिम्मी
खुफिया सूत्रों के अनुसार जिम्मी भाजपा प्रदेश अध्यक्ष कमल शर्मा का पीए था। पीए के तौर पर जिम्मी को भाजपा पार्टी के खाते से जून 2014 से भुगतान भी हुआ है। कई चेक भी उसके नाम पर कटे हैं।
शर्मा कहते आए हैं कि जिम्मी उनका पीए नहीं था, जबकि जिम्मी व पौथी उनके पीए के तौर पर काम करते थे। अधिकारियों व राजनेताओं से शर्मा के पीए के तौर पर दोनों ही मोबाइल फोन पर बातचीत करते थे।
मैं इस्तीफा क्यों दूं: कमल शर्मा
फिरोजपुर के भाजयुमो नेता जिम्मी की गिरफ्तारी को लेकर इस्तीफा देने की चर्चाओं को पंजाब भाजपा प्रधान कमल शर्मा ने सिरे से खारिज कर दिया। शर्मा ने उल्टा सवाल किया कि मैं इस्तीफा क्यों दूं। शर्मा ने कहा कि जिम्मी संधू ने कभी पीए की जिम्मेदारी नहीं निभाई।
उन्होंने कहा कि इस मामले में पार्टी ने आवश्यक कार्रवाई की है और अब इसे राजनीतिक रूप देना अनिवार्य नहीं। अकाली-भाजपाइयों के बीच एक दूसरे के खिलाफ कुछ हलकों में हो रही नारेबाजी को कमल ने दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया।