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यूपी में गठबंधन हुआ तो पंजाब में भी सपा-कांग्रेस साथ होंगे: रामूवालिया
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लुधियाना (पंजाब)
Updated Thu, 19 Jul 2018 06:56 PM IST
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बलवंत सिंह रामूवालिया
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लोकसभा चुनाव 2019 में अगर उत्तरप्रदेश में सपा और कांग्रेस का गठबंधन होता है तो पंजाब में भी सपा और कांग्रेस का गठबंधन होगा। सपा और बसपा तो 2019 में गठबंधन के तहत ही चुनाव लड़ेंगे। यह कहना है उत्तरप्रदेश की अखिलेश सरकार में जेल मंत्री रह चुके बलवंत सिंह रामूवालिया का। वह एक बार फिर पंजाब की राजनीतिक में सक्रिय हो गए हैं। उत्तरप्रदेश में विधान परिषद के सदस्य बलवंत सिंह रामूवालिया ने गुरूवार को फिर अपने वर्करों के साथ गुरु नानक देव भवन में मीटिंग की और पंजाब में नशे के मुद्दे पर वर्करों के साथ खुलकर बात की।
बलवंत सिंह रामूवालिया ने बताया कि उन्होंने लोक भलाई पार्टी का फिर से गठन किया। इस दौरान भारी मात्रा में पार्टी के पुराने वर्कर पहुंचे हुए थे। इस दौरान उन्होंने नशे के मुद्दे पर भी वर्करों से बात की और सरकार से इसे जड़ से खत्म करने की मांग की। रामूवालिया ने बताया कि वह पंजाब में पार्टी का विस्तार जल्द ही करेंगे। फिलहाल यह गैर राजनीतिक मंच है। उन्होंने कहा कि 2019 के लोकसभा चुनाव में सपा और बसपा दोनों एक साथ चुनाव लड़ेगे।
अगर सपा और कांग्रेस का उत्तरप्रदेश में गठबंधन होता है तो पंजाब में भी लाजिमी है कि गठबंधन हो। गुरूवार को हुई मीटिंग के दौरान उन्होंने दस दस सदस्यों की सौ टीमें तैयार की हैं। जो अपने अपने इलाके में नशा बेचने वालों के खिलाफ अभियान चलाएंगी। अगर कोई नशा बेचता है तो उसे गिरफ्तार कराया जाएगा। अगर कोई नशा करने का आदी है तो उसे इलाज के लिए पहुंचाकर नशा न करने की अपील की जाएगी।
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बलवंत सिंह रामूवालिया ने बताया कि उन्होंने लोक भलाई पार्टी का फिर से गठन किया। इस दौरान भारी मात्रा में पार्टी के पुराने वर्कर पहुंचे हुए थे। इस दौरान उन्होंने नशे के मुद्दे पर भी वर्करों से बात की और सरकार से इसे जड़ से खत्म करने की मांग की। रामूवालिया ने बताया कि वह पंजाब में पार्टी का विस्तार जल्द ही करेंगे। फिलहाल यह गैर राजनीतिक मंच है। उन्होंने कहा कि 2019 के लोकसभा चुनाव में सपा और बसपा दोनों एक साथ चुनाव लड़ेगे।
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अगर सपा और कांग्रेस का उत्तरप्रदेश में गठबंधन होता है तो पंजाब में भी लाजिमी है कि गठबंधन हो। गुरूवार को हुई मीटिंग के दौरान उन्होंने दस दस सदस्यों की सौ टीमें तैयार की हैं। जो अपने अपने इलाके में नशा बेचने वालों के खिलाफ अभियान चलाएंगी। अगर कोई नशा बेचता है तो उसे गिरफ्तार कराया जाएगा। अगर कोई नशा करने का आदी है तो उसे इलाज के लिए पहुंचाकर नशा न करने की अपील की जाएगी।
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तस्करों की वीडियो रिकार्डिंग कराए पुलिस
बलवंत सिंह रामूवालिया
रामवालिया ने पंजाब सरकार से मांग की है कि वह नशे के मुद्दे पर स्पेशल मीटिंग बुलाए और इसे बड़ा मुद्दा घोषित करें। उन्होंने कहा कि कई बार सुनने में आता है कि पुलिस वालों ने पैसे लेकर नशीला पदार्थ सप्लाई करने वाले को छोड़ दिया। उन्होंने सरकार से यह भी मांग की है कि अगर पुलिस किसी तस्कर को गिरफ्तार करने जाती है तो उसकी वीडियो रिकार्डिंग कराए। अगर कोई पुलिस मुलाजिम की गलती हो तो उस पर कार्रवाई की जाए।
उल्लेखनीय है कि रामूवालिया ने 1997 में पंजाब में लोक भलाई पार्टी के तौर पर अपनी पार्टी बनाई गई थी। 2007 में वह विधानसभा चुनाव में लड़े और उनकी पार्टी को एक भी सीट नहीं मिली थी। वह खुद लुधियाना संसदीय क्षेत्र से चुनाव लड़े थे, लेकिन वहां भी किस्मत ने साथ नहीं दिया था। जिसके बाद नवंबर 2011 में इसे उस समय भंग कर दिया गया, जब रामूवालिया अकाली दल में शामिल हो गए। रामूवालिया इस समय यूपी विधान परिषद के सदस्य हैं, जहां उनका कार्यकल 2022 तक का है। वह यूपी की अखिलेश सरकार में 2015 से 2017 तक कैबिनेट मंत्री रहे। वह समाजवादी पार्टी के वर्किंग कमेटी के भी सदस्य है।
उल्लेखनीय है कि रामूवालिया ने 1997 में पंजाब में लोक भलाई पार्टी के तौर पर अपनी पार्टी बनाई गई थी। 2007 में वह विधानसभा चुनाव में लड़े और उनकी पार्टी को एक भी सीट नहीं मिली थी। वह खुद लुधियाना संसदीय क्षेत्र से चुनाव लड़े थे, लेकिन वहां भी किस्मत ने साथ नहीं दिया था। जिसके बाद नवंबर 2011 में इसे उस समय भंग कर दिया गया, जब रामूवालिया अकाली दल में शामिल हो गए। रामूवालिया इस समय यूपी विधान परिषद के सदस्य हैं, जहां उनका कार्यकल 2022 तक का है। वह यूपी की अखिलेश सरकार में 2015 से 2017 तक कैबिनेट मंत्री रहे। वह समाजवादी पार्टी के वर्किंग कमेटी के भी सदस्य है।