{"_id":"687fbc6fa56ede7f38045bf4","slug":"attari-border-protocol-officer-asi-arun-mahal-honoured-with-dgp-disc-award-for-excellent-services-chandigarh-news-c-59-1-asr1001-113315-2025-07-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chandigarh News: अटारी बाॅर्डर के प्रोटोकाल अफसर एएसआई अरुण माहल बेहतर सेवाओं के लिए डीजीपी डिस्क अवार्ड से सम्मानित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chandigarh News: अटारी बाॅर्डर के प्रोटोकाल अफसर एएसआई अरुण माहल बेहतर सेवाओं के लिए डीजीपी डिस्क अवार्ड से सम्मानित
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
अमृतसर। डीआईजी बाॅर्डर रेंज अमृतसर डाॅ. नानक सिंह ने एएसआई अरुण महल प्रोटोकोल अफसर अटारी बॉर्डर अमृतसर को उनके अच्छे काम के लिए डिस्क अवार्ड प्रदान किया।
अटारी बाॅर्डर पर बतौर प्रोटोकाल अफसर अपनी सेवाएं देने वाले पंजाब पुलिस के एएसआई अरुण माहल को उनकी बेहतरीन सेवाओं के लिए डीजीपी गौरव यादव की तरफ से डीजीपी डिस्क अवार्ड से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान उनको डीआईजी बाॅर्डर रेंज अमृतसर डॉ. नानक सिंह आईपीएस के हाथों मिला।
माहल 1992 में पुलिस सेवा में आए थे। इसके बाद विभाग के विभिन्न विंग में लगातार सेवाएं देने के बाद उनको 2019-20 में अटारी बाॅर्डर पर आने वाले वीआईपी, वीवीआई की सुविधा के लिए प्रोटोकाल अफसर लगाया गया। तब से लेकर आज तक वह रोजाना कम से कम 10 टीमों को बीएसएफ, पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों से तालमेल कर रिट्रीट विजिट में मदद करते आ रहे हैं। इसमें देश के विभिन्न राज्यों के अधिकारी, नेता, अभिनेता के काफी विदेशी वीवीआईपी भी शामिल होते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
अमृतसर। डीआईजी बाॅर्डर रेंज अमृतसर डाॅ. नानक सिंह ने एएसआई अरुण महल प्रोटोकोल अफसर अटारी बॉर्डर अमृतसर को उनके अच्छे काम के लिए डिस्क अवार्ड प्रदान किया।
अटारी बाॅर्डर पर बतौर प्रोटोकाल अफसर अपनी सेवाएं देने वाले पंजाब पुलिस के एएसआई अरुण माहल को उनकी बेहतरीन सेवाओं के लिए डीजीपी गौरव यादव की तरफ से डीजीपी डिस्क अवार्ड से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान उनको डीआईजी बाॅर्डर रेंज अमृतसर डॉ. नानक सिंह आईपीएस के हाथों मिला।
विज्ञापन
माहल 1992 में पुलिस सेवा में आए थे। इसके बाद विभाग के विभिन्न विंग में लगातार सेवाएं देने के बाद उनको 2019-20 में अटारी बाॅर्डर पर आने वाले वीआईपी, वीवीआई की सुविधा के लिए प्रोटोकाल अफसर लगाया गया। तब से लेकर आज तक वह रोजाना कम से कम 10 टीमों को बीएसएफ, पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों से तालमेल कर रिट्रीट विजिट में मदद करते आ रहे हैं। इसमें देश के विभिन्न राज्यों के अधिकारी, नेता, अभिनेता के काफी विदेशी वीवीआईपी भी शामिल होते हैं।
विज्ञापन