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कैप्टन अमरिंदर सिंह बोले- रंजन गोगोई का राज्यसभा के लिए नामांकन गलत और संदेहपूर्ण
Thu, 19 Mar 2020 09:01 PM IST
ajay kumar
संवाद न्यूज एजेंसी, लुधियाना ( पंजाब)
संवाद न्यूज एजेंसी, लुधियाना ( पंजाब)
Published by: ajay kumar
Updated Thu, 19 Mar 2020 09:01 PM IST
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कैप्टन अमरिंदर सिंह (फाइल फोटो)
- फोटो : एएनआई
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सर्वोच्च न्यायलय के पूर्व मुख्य न्यायधीश जस्टिस रंजन गोगोई की राज्यसभा के सदस्य के तौर पर नामांकन को गलत और संदेहपूर्ण बताते हुए पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि इससे स्पष्ट हो गया कि गोगोई केंद्र की मौजूदा सरकार के लिए लाभदायक रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि गोगोई के नामांकन पर लाजिमी तौर पर उंगली उठनी ही थी, क्योंकि कोई भी संवेदनशील व्यक्ति सरकार के ऐसे किसी भी कदम का विरोध करेगा।
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कैप्टन ने कहा सरकारों को अपनी जिम्मेदारी समझनी होगी और वह राजनीतिक फायदों के लिए संस्थाओं को इस्तेमाल नहीं कर सकते, जो गोगोई के नामांकन के मामले में हुई है। मुख्यमंत्री ने मुख्य जज के तौर पर सेवामुक्ति के छह महीनों से समय में भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार द्वारा गोगोई के नामांकन और इस पद से सेवामुक्त होने से कुछ वर्षों के बाद कांग्रेस की टिकट पर राज्यसभा चुने जाने की समानता को अलग किया।
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उन्होंने कहा कि मिश्रा, गोगोई की तरह राज्यसभा सदस्य नहीं बने थे, बल्कि उन्होंने मुख्य जज के तौर पर सेवामुक्त होने के सात साल बाद राज्यसभा की सीट के लिए चुनाव लड़ा था। मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्व सेना अधिकारी, जज और संबंधित क्षेत्रों के अन्य लोग अक्सर राजनीति में दाखिल होकर चुनाव लड़ते हैं और सेना के पूर्व प्रमुख जनरल जेजे सिंह को भी पंजाब विधानसभा चुनाव में अकाली दल ने उनके खिलाफ चुनावी मैदान में उतारा था। कैप्टन सिंह ने कहा कि गोगोई भी राजनीति में आने के हकदार हैं, लेकिन उनको सेवामुक्ति से 4-5 वर्षों के बाद चुनाव लड़ना चाहिए था।
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