पंजाब: कैप्टन सरकार के खिलाफ गरजे अकाली, सिसवां में सीएम आवास घेरा, सुखबीर बादल हिरासत में
सुखबीर सिंह बादल ने कहा कि उन्होंने अपने जीवन में कई घोटाले देखे हैं लेकिन कोरोना वैक्सीन को लेकर जो घोटाला किया गया वह उन्होंने कभी नहीं देखा।
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पंजाब में कोरोना वैक्सीन निजी अस्पतालों को बेचने पर घोटाले का आरोप लगाते हुए शिरोमणि अकाली दल स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू की बर्खास्तगी की जिद पर अड़ा है। इसी मांग को लेकर मंगलवार को मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के सिसवां स्थित फार्म हाउस घेरने के लिए प्रदर्शन किया। इस दौरान बसपा नेता और कार्यकर्ता भी शामिल रहे।
प्रदर्शनकारी बैरिकेड तोड़कर आगे बढ़ने लगे तो पुलिस ने पानी की बौछारें छोड़ी। शिअद प्रधान सुखबीर सिंह बादल और बसपा प्रधान जसबीर सिंह गढ़ी सहित दर्जनों कार्यकर्ताओं को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। दोपहर करीब ढाई बजे सभी नेताओं को कुराली थाने ले जाया गया और करीब तीन बजे छोड़ दिया गया। वहीं, सुखबीर सिंह बादल समेत करीब तीन सौ पर कोविड नियमों के उल्लंघन और अन्य धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है।
इस बार बसपा का मिला साथ
बीती 7 जून को अकाली दल और आम आदमी पार्टी के सदस्यों ने मोहाली में स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू के घर के बाहर विरोध प्रदर्शन किया था। उस समय एलान किया था कि अगर 15 जून तक बलबीर सिंह सिद्धू को बर्खास्त नहीं किया तो शिअद मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के आवास का घेराव करेगा। तब शिअद प्रधान समेत करीब 200 नेताओं और कार्यकर्ताओं पर कोविड नियमों के उल्लंघन के तहत केस दर्ज हुआ था।
तय कार्यक्रम के अनुसार अब दोबारा शिअद प्रधान सुखबीर सिंह बादल, बिक्रम सिंह मजीठिया, एनके शर्मा के अलावा बसपा प्रदेश अध्यक्ष जसबीर सिंह गढ़ी की अगुवाई में दोनों दलों के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में सिसवां के लिए रवाना हुए। सभी को पुलिस ने माजरा टी प्वाइंट पर रोक लिया। प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड तोड़कर आगे बढ़ने का प्रयास किया तो पुलिस ने पानी की बौछार शुरू कर दी। इस दौरान पुलिस के साथ धक्कामुक्की भी हुई। माहौल बिगड़ता देख पुलिस ने सुखबीर बादल सहित सभी प्रमुख नेताओं को हिरासत में ले लिया।
शिअद प्रधान हुए पंजाब सरकार पर हमलावर
कैप्टन सरकार के खिलाफ पिछले साढ़े चार साल में ये सबसे बड़ा प्रदर्शन रहा। शिअद प्रधान सुखबीर बादल ने कहा कि निजी अस्पतालों को कोरोना वैक्सीन मोटी कीमत पर बेचने के बाद कैप्टन सरकार का फतेह किट का एक और नया घोटाला है। सुखबीर बादल ने कैप्टन पर निशाना साधते हुए कहा कि जहां नशा छुड़ाने वाली गोलियों, पीपीई किट, वैक्सीन व फतेह किट घोटाले के लिए स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिद्धू जिम्मेदार हैं, वहीं साधु सिंह धर्मसोत 303 करोड़ रुपये के स्कॉलरशिप घोटाले के लिए जिम्मेदार हैं। इसके अलावा सुखविंदर रंधावा बीज घोटाले लिए जिम्मेदार हैं। शिअद प्रधान ने कहा कि स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू को बर्खास्त किया जाए और सभी घोटालों की जांच कराई जाए। वहीं, पंजाब सरकार पर 2017 के विधानसभा चुनाव के समय किए गए वादों को पूरा न करने का भी आरोप लगाया है।
इनके खिलाफ हुआ केस दर्ज
मुख्यमंत्री के फार्म हाउस का घेराव करने गए अकाली दल के प्रधान सुखबीर सिंह बादल समेत तीन सौ लोगों पर मुल्लांपुर थाने में कोविड गाइडलाइंस तोड़ने के आरोप में केस दर्ज किया है। उन पर 188 और 51 डिजास्टर मैनेजमेंट एक्ट के तहत केस दर्ज किया है। यह सभी अकाली दल के दिग्गज नेता हैं। इसमें कई मौजूदा विधायक व सांसद शामिल हैं।
एफआईआर में जनमेजा सिंह सेखों, डेराबस्सी के विधायक एनके शर्मा, डॉ. दलजीत सिंह चीमा, अरविंदर सिंह, करमजीत सिंह लाली, सुरिंदर सिंह मिंटू, रमनजीत सिंह संधू, हीरा सिंह गाबड़िया, बोनी अजनाला, जसवीर सिंह, नछत्तर सिंह बसपा, बिक्रम सिंह मजीठिया, रनजीत सिंह गिल, अजमेर सिंह खेड़ा एसजीपीसी सदस्य, चरनजीत सिंह कालेवाल एसजीपीसी सदस्य, गुलजार सिंह राणिके व बंटी रोमाना शामिल हैं।