जेटली हारे, कैबिनेट मंत्री जोशी ने दिया इस्तीफा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमृतसर नॉर्थ विधानसभा क्षेत्र में भाजपा के संसदीय सीट के उम्मीदवार अरुण जेटली को मिली हार की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए कैबिनेट मंत्री अनिल जोशी ने अपने पद से त्यागपत्र दे दिया है।
शुक्रवार देर शाम जोशी ने अपना त्यागपत्र पंजाब भाजपा के अध्यक्ष कमल शर्मा को भेज दिया। कैबिनेट मंत्री के पद से अपना त्यागपत्र जोशी की ओर से विधानसभा के स्पीकर या फिर मुख्यमंत्री को नहीं बल्कि पंजाब भाजपा के अध्यक्ष को भेजा है।
सिद्धु को टिकट देने का किया था विरोध
अपने त्यागपत्र के बारे में जोशी ने कहा कि वह वायदे के अनुसार अपने ही विधानसभा क्षेत्र में भाजपा उम्मीदवार को बड़ी लीड दिलवाने में असफल रहे। वह इसकी नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए अपने पद से त्यागपत्र दे रहे है।
भाजपा के मीडिया प्रभारी जनार्दन शर्मा ने भी खुलासा किया कि जोशी ने अपना इस्तीफा राज्य अध्यक्ष को भेज दिया है। उल्लेखनीय है कि भाजपा के वरिष्ठ नेता नवजोत सिंह सिद्धू को अमृतसर संसदीय सीट से हटाने के लिए अनिल जोशी और अकाली दल के विभिन्न नेताओं ने अरुण जेटली को अमृतसर से चुनाव लड़ाने की अपील की थी।
जेटली को काफी कुछ सुनना पड़ा
जोशी की तरफ से दावे किए गए थे कि अमृतसर से जेटली को जेतली को डेढ़ लाख की लीड से जीत दिलवाई जाएगी। जेटली को यहां तक आश्वासन दिया गया था कि अमृतसर से वे बहुत ही आसानी से जीत जाएंगे।
उनको सिर्फ नामांकन ही दाखिल करवाना है। सीट भाजपा और अकाली दल के वर्कर ही जिता कर दें देंगे। लेकिन जैसे ही कैप्टन जेटली के मुकाबले मैदान में आए तो जेटली को अमृतसर छोड़ना मुश्किल हो गया।
जेतली को अपने परिवार के सदस्यों के साथ गली-गली वोटरों से संपर्क करना पड़ा। इस दौरान भी अकाली-भाजपा नेताओं की कार्यप्रणाली को लेकर जेटली को काफी कुछ सुनना पड़ा।
जोशी के क्षेत्र से हार की पहली खबर
अमृतसर से जैसे ही परिणाम आने शुरू हुए तो सबसे पहले जोशी के विधानसभा क्षेत्र अमृतसर नार्थ में हार की खबर आई। पहले राउंड में कैप्टन अमरिंदर सिंह 1829, दूसरे राउंड में 1550, तीसरे राउंड में 1329, चौथे राउंड में 2583, पांचवें राउंड में 2778, छठे राउंड में 3423, सातवें राउंड में 1988, आठवें राउंड में 1844, नौंवे राउड में 1110, दसवें राउंड में 2611 और 12वें राउंड में 27 वोट की लीड लेते रहे। जबकि जेटली एक भी राउंड में लीड हासिल नहीं कर सके। इसलिए जोशी ने इस हार के संबंध में अपनी नैतिकता स्वीकार करते हुए त्यागपत्र दे दिया।