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BSF के बाद एयरफोर्स के जवान का वीडियो वायरल, मोदी से मांगी मौत
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक(हरियाणा)
Updated Thu, 12 Jan 2017 02:25 PM IST
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एयरफोर्स के जवान हरिओम मलिक का वीडियो वायरल
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बीएसएफ के जवान तेज बहादुर का खाने से संबंधित वीडियो का मामला शांत हुआ नहीं कि एयरफोर्स के एक जवान का वीडियो सामने आया है। यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
इस वीडियो में जवान ने वायुसेना के जवान ने उच्च अधिकारियों पर आरोप लगाया कि 14 हजार रुपये नहीं देने पर उसके ऊपर कई चार्ज लगाकर नौकरी से निकाल दिया गया। परेशान होकर जवान ने राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर मौत की गुहार लगाई है।
जवान का कहना है कि उसे इंसाफ नहीं मिला है, ऐसे में राष्ट्रपति से मांग करता हूं कि सपरिवार मौत की इजाजत दे दी जाए, ताकि जलालत भरी जिंदगी से छुटकारा मिल जाए।
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इस वीडियो में जवान ने वायुसेना के जवान ने उच्च अधिकारियों पर आरोप लगाया कि 14 हजार रुपये नहीं देने पर उसके ऊपर कई चार्ज लगाकर नौकरी से निकाल दिया गया। परेशान होकर जवान ने राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर मौत की गुहार लगाई है।
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जवान का कहना है कि उसे इंसाफ नहीं मिला है, ऐसे में राष्ट्रपति से मांग करता हूं कि सपरिवार मौत की इजाजत दे दी जाए, ताकि जलालत भरी जिंदगी से छुटकारा मिल जाए।
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आरोप लगाकर निकाला गया था नौकरी से
एयरफोर्स के जवान हरिओम मलिक का वीडियो वायरल
रोहतक के गांव मोखरा निवासी हरिओम मलिक ने वायरल वीडियो में कहा है कि उसकी ज्वाइनिंग साल 1985 में वायुसेना में हुई और तैनाती शिलांग में मिली थी। शिलांग में तीन साल रहने के बाद वह हेड क्वार्टर चला गया।
आरोप है कि हेड क्वार्टर में काम करते हुए सेना के एक अधिकारी ने एक कालीन हरिओम को दिया। कालीन को अधिकारी के किसी परिचित को दिल्ली में देना था। हरिओम कालीन लेकर दिल्ली पहुंचा। दिल्ली में हरिओम को अधिकारी की परिचित नहीं मिली।
इस पर हरिओम ने कालीन किसी और को देकर संबंधित महिला को देने की बात कही। इसके बाद वापस आ गया। तीन महीने बाद पता चला कि कालीन संबंधित अधिकारी के परिचित के पास नहीं पहुंचा। इसके एवज में अधिकारी ने कई बार जवान को दिल्ली के चक्कर कटवाए।
बाद में जवान से कहा कि 14 हजार रुपये लेकर आ जाना। जवान रुपये की व्यवस्था नहीं कर सका। आरोप है कि इसके बाद अधिकारी ने कई आरोप लगाकर जवान को नौकरी से निकाल दिया।
आरोप है कि हेड क्वार्टर में काम करते हुए सेना के एक अधिकारी ने एक कालीन हरिओम को दिया। कालीन को अधिकारी के किसी परिचित को दिल्ली में देना था। हरिओम कालीन लेकर दिल्ली पहुंचा। दिल्ली में हरिओम को अधिकारी की परिचित नहीं मिली।
इस पर हरिओम ने कालीन किसी और को देकर संबंधित महिला को देने की बात कही। इसके बाद वापस आ गया। तीन महीने बाद पता चला कि कालीन संबंधित अधिकारी के परिचित के पास नहीं पहुंचा। इसके एवज में अधिकारी ने कई बार जवान को दिल्ली के चक्कर कटवाए।
बाद में जवान से कहा कि 14 हजार रुपये लेकर आ जाना। जवान रुपये की व्यवस्था नहीं कर सका। आरोप है कि इसके बाद अधिकारी ने कई आरोप लगाकर जवान को नौकरी से निकाल दिया।