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एलपीयू हिंसा में नाै आरोपी गिरफ्तार, सात यूनिवर्सिटी के ही छात्र

लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी में हुई हिंसा और तोड़फोड़ के मामले में पुलिस ने अब तक 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें से सात एलपीयू के छात्र हैं। दो आउटसाइडर हैं।  पुलिस ने हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले से एक नाबालिग छात्र को गिरफ्तार किया है। आरोपी एलपीयू का ही छात्र है और मंडी जिले का रहने वाला बताया जा रहा है। उसके पिता मंडी के उपायुक्त कार्यालय में अधिकारी के तौर पर तैनात हैं।  पुलिस जांच में सामने आया है कि हिंसा के दौरान इस नाबालिग की तस्वीर सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुई थी। तस्वीर में वह विश्वविद्यालय परिसर में लगे लड़ाकू विमान पर खड़ा दिखाई दे रहा है, जबकि उसके पीछे आग की लपटें नजर आ रही हैं। सोशल मीडिया पर इस तस्वीर को उसे ‘हीरो’ की तरह पेश करते हुए प्रसारित किया गया। हालांकि, तस्वीर के आधार पर उसकी भूमिका और उसके खिलाफ लगाए गए आरोपों का अंतिम निर्धारण जांच और कानूनी प्रक्रिया के बाद ही होगा। पहले पुलिस ने नहीं किया था लाठीचार्ज शुक्रवार को डीआईजी नवीन सिंगला ने पत्रकारवार्ता की। उनके साथ एसएसपी गौरव तूरा तथा एसआईटी प्रभारी वनीत अहलावत भी मौजूद रहे। डीआईजी सिंगला ने कहा कि घटना के दौरान पुलिस की ओर से शुरुआत में कोई लाठीचार्ज नहीं किया गया था। उनके मुताबिक, जब छात्रों की भीड़ की ओर से पुलिस और मीडिया पर पथराव किया गया तथा वाहनों में तोड़फोड़ और आगजनी की गई, तब स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस टीम ने उपद्रव करने वालों को मौके से खदेड़ा। डीआईजी ने बताया कि मामले की जांच के दौरान फगवाड़ा से दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जबकि जम्मू और मुंबई से भी आरोपियों की गिरफ्तारी की गई है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए 9 आरोपियों में 7 छात्र और 2 बाहरी व्यक्ति बताए गए हैं। 20 आरोपी चिन्हित, जांच जारी पुलिस ने जांच के दौरान सीसीटीवी फुटेज, उपलब्ध डिजिटल साक्ष्यों और अन्य तथ्यों के आधार पर 20 आरोपियों की पहचान कर उन्हें मामले में नामजद किया है। पुलिस का कहना है कि मामले में आगे भी जांच जारी है और हिंसा, पथराव, तोड़फोड़ तथा आगजनी में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ मामले में उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

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