सदर थाना के तहत रामनगर में 10.33 ग्राम चिट्टा बरामदगी के मामले में मुख्य आरोपी बलजीत को गिरफ्तार किया है। बलजीत पहले से ही जालंधर की जेल में बंद था। पुलिस ने उसे प्रोडक्शन वारंट के तहत हमीरपुर लाकर गिरफ्तार किया और कोर्ट में पेश किया। अदालत ने आरोपी को 19 तारीख तक पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। बलजीत अपने दो साथियों गुरदेव और अरविंद्र के साथ मिलकर पंजाब से नशे का बड़ा नेटवर्क संचालित कर रहा था। इस नेटवर्क की सप्लाई हमीरपुर समेत अन्य क्षेत्रों तक भी पहुंच रही थी। गुरदेव इस पूरे नेटवर्क में मिडलमैन की भूमिका निभाता था, जबकि नशे की सामग्री की सप्लाई बलजीत के जरिए होती थी। हमीरपुर सहित अन्य क्षेत्रों के कुछ लोग नशे की सामग्री के लिए गुरदेव के खाते में पैसे ट्रांसफर करते थे, जबकि उन्हें नशे की खेप बलजीत से मिलती थीं। गुरदेव बटाला में लोक मित्र केंद्र का संचालन करता था। पुलिस ने उसे पहले ही बटाला से गिरफ्तार कर लिया था। गुरदेव से पूछताछ के बाद पुलिस को बलजीत और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के बारे में महत्वपूर्ण सुराग मिले। जानकारी के मुताबिक इस पूरे मामले की शुरुआत 26 जुलाई को वार्ड नंबर-10 रामनगर में पुलिस की कार्रवाई से हुई थी। कार्रवाई के दौरान तीन युवकों के कब्जे से 10.33 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ था। पुलिस ने मौके पर शशांक भारद्वाज निवासी गांव बड़ैहर, तहसील भोरंज, नवीन कपलेश निवासी गांव लोहारड़ा और अश्वनी कुमार निवासी गांव बरोहा, डाकघर डुग्घा को गिरफ्तार किया था। एएसपी राजेश ने पुष्टि की है।