यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस के आह्वान पर शुक्रवार को कर्मचारियों ने हड़ताल रखी। बहालगढ़ रोड पर यूनियन बैंक शाखा के बाहर कर्मचारियों ने धरना दिया। 200 से ज्यादा बैंक शाखाओं में कैश काउंटर, चेक क्लीयरेंस, पासबुक अपडेट, लोन से जुड़े कार्य व अन्य ग्राहक के लिए संबंधित सभी सेवाएं प्रभावित रहीं। इससे 400 करोड़ रुपये से ज्यादा का लेनदेन प्रभावित रहा। कर्मियों के हड़ताल पर जाने से कामकाज ठप रहा। इसके कारण निराश हुए उपभोक्ताओं को वापस घर लौटना पड़ा। वहीं, हड़ताल पर बैठे कर्मचारियों ने रोष जताया। अखिल भारतीय बैंक अधिकारी परिसंघ के प्रदेश सह सचिव जितेंद्र सरदाना ने बताया कि कर्मचारी लंबे समय से लंबित पांच दिवसीय बैंकिंग प्रणाली की मांग कर रहे हैं। मार्च 2024 में वेतन समझौते के वक्त बैंक यूनियंस व भारतीय बैंक संघ (आईबीए) के बीच लिखित समझौता हुआ था कि सभी शनिवार को बैंक बंद रहेंगे। कर्मी 5 दिन रोजाना 40 मिनट अतिरिक्त कार्य करने के लिए तैयार हैं। इस मांग को आईबीए ने वित्त मंत्रालय को मंजूरी के लिए भेजा था, इसके बावजूद सरकार ने इसे अब तक लागू नहीं किया है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर सरकार ने उनकी मांगों को पूरा नहीं किया तो 28 से 30 सितंबर तक बैंकों में हड़ताल की जाएगी। उसके बाद भी सरकार नहीं मानी तो 26 अक्तूबर से बैंक कर्मी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे।