भिवानी में यमुना में जलस्तर कम होने का असर जिले की नहरों पर भी पड़ रहा है। सुंदर ग्रुप की नहरों में 2150 क्यूसेक डिमांड के मुकाबले शुरूआत में मात्र 900 क्यूसेक पानी ही पहुंचा। सिंचाई मंत्री के दखल के बाद वीरवार सुबह सुंदर ग्रुप की नहरों में 752 क्यूसेक पानी बढ़ने के साथ ही 1652 क्यूसेक हो गया। जिसके बाद सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने वीरवार को बंद पड़ी मिताथल फीडर और जूई फीडर नहरी में भी पानी छोड़ दिया। सिंचाई विभाग के शेड़्यूल के हिसाब से दो दिसंबर से ही सुंदर ग्रुप की नहरों में पानी चल रहा है। लेकिर डिमांड के मुकाबले आधे से भी कम पानी पहुंचने से किसानों की चिंता बढ़ गई है ऐसे में टेल तक लगने वाले करीब 72 गांवों के जलघर टैंकों में भी पर्याप्त पानी भंडारण का संकट बढ़ गया है। हालांकि सिंचाई विभाग के अधिकारियों के प्रयासों से वीरवार को मिताथल फीडर में 285 क्यूसेक और जूई फीडर में 426 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। इसी के साथ सुंदर डाउन में 940 क्यूसेक पानी मिला। नौ दिसंबर तक सुंदर ग्रुप में पानी मिलेगा। हालांकि अतिरिक्त समय पानी मिलने की उम्मीद बेहद कम है, क्योंकि यमुना में पानी का स्तर कम होने से हैड पर ही पानी बहुत कम पहुंचा है।