चंदौली: सीएम योगी के दौरे से पहले सपाइयों और पुलिस के बीच झड़प, लाठीचार्ज, सीओ और विधायक के बीच धक्का-मुक्की
चंदौली जिले के रामगढ़ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के पहुंचने से पहले लक्ष्मणगढ़ में सपा कार्यकर्ताओं पर पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा। मुख्यमंत्री को पत्रक देने के लिए निकले सपा नेताओं को पुलिस ने रोका, लेकिन वो नहीं रुके।
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यूपी के चंदौली जिले के रामगढ़ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के पहुंचने से पहले लक्ष्मणगढ़ में सपा कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच जमकर नोंक-झोंक हुई। पुलिस ने कई बार रोकने का प्रयास किया पर सपा कार्यकर्ता नहीं रूके। इसपर पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। मौके पर भगदड़ मच गई।
इसी दौरान सकलडीहा विधायक प्रभुनारायण सिंह यादव और सीओ अनिरूद्ध सिंह के बीच जमकर हाथापाई, धक्कामुक्की और तू-तू, मैं-मैं हुई। विधायक ने सीओ को हटाने की मांग तक कर दी। मौके पर एएसपी, एसडीएम और पीएसी भी पहुंच गई। बाद में पूर्व सांसद रामकिशुन यादव के समझाने पर मामला शांत हुआ और एसडीएम को पत्रक सौंपा गया।
जिले के रामगढ़ स्थित बाबा कीनाराम के जन्मस्थली पर 30 करोड़ के विकास कार्यों के शिलान्यास करने के लिए रविवार की दोपहर मुख्यमंत्री पहुंचने वाले थे। मुख्यमंत्री के आने से पहले दोपहर करीब 12:00 बजे चहनिया बाजार से पूर्व सांसद रामकिशन यादव, विधायक प्रभु नारायण सिंह यादव समाजवादी पार्टी के जिला अध्यक्ष सत्नारायण राजभर, पूर्व विधायक बब्बन चौहान, पूर्व विधायक जीतेंद्र एडवोकेट के नेतृत्व में सैकड़ों सपा कार्यकर्ता पैदल ही मुख्यमंत्री को पत्रक देने के लिए चल पड़े।
सपा कार्यकर्ता जबरदस्ती आगे बढ़ने लगे
चहनिया चौराहे पर ही बलुआ थाना प्रभारी मिथिलेश तिवारी और अन्य पुलिसकर्मी उन्हें रोकने की कोशिश किए पर सपा कार्यकर्ता नहीं रूके। सूचना के बाद सीओ अनिरूद्ध सिंह पुलिस फोर्स के साथ पहुंचे और रामगढ़ से मात्र दो किमी पहले सपा कार्यकर्ताओं को रोक दिया। उन्होंने कहा कि पत्रक देना हो तो यही दे दीजिए। लेकिन सपा कार्यकर्ता नहीं माने और जबरदस्ती आगे बढ़ने लगे।
जिसके बाद पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। लाठीचार्ज के बाद भगदड़ मच गई। लेकिन सपा कार्यकर्ता फिर जमा होकर सड़क पर ही धरने पर बैठ गए। इसी दौरान सकलडीहा के विधायक प्रभुनारायण सिंह यादव ने सीओ अरिरूद्ध सिंह का सिर पकड़कर अपने सर में लड़ाने लगे और कहने लगे कि मेरा सिर फोड़ दो। फिर विधायक ने धक्का दिया, सीओ ने भी धक्का दिया। मामला तू-तू, मैं-मैं पर आ गया।
सीओ और विधायक में बहसबाजी
सीओ और विधायक के बीच काफी देर तक बहसबाजी होती रही। पूर्व सांसद रामकिशुन यादव ने बीच बचाव किया। उन्होंने डीएम को फोन कर सीओ को हटाने को कहा। डीएम के आदेश के बाद सीओ को मौके से हटाया गया। तब जाकर सपा कार्यकर्ता माने और एडीएम को पत्रक सौंपकर धरना समाप्त किया।
पूर्व सांसद रामकिशुन यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री दो महीने में दो बार जिले में आ चुके हैं पर किसी भी विकास कार्य पर उनका ध्यान नहीं है। जिले के किसान खाद के किल्लत से जूझ रहे हैं। सकलडीहा की सड़कें जर्जर हो चुकी हैं पर इस पर न तो सीएम का ध्यान हैं और न ही उनके प्रतिनिधियों का। इस दौरान सयुस के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष संतोष यादव, चंद्रशेखर यादव, यादवेश यादव, अजीत सिंह, सुषमा, गार्गी सिंह पटेल मौजूद रहे।
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