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जिला पूर्ति अधिकारी ने शुरू की चावल कालाबाजारी की जांच
Updated Tue, 19 Dec 2017 12:38 AM IST
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जसपुर। आरएफसी कुमाऊं के निर्देश पर जिला पूर्ति अधिकारी (डीएसओ) ने सरकारी सस्ते गल्ले की कालाबाजारी के मामले की जांच शुरू की है। सोमवार को डीएसओ श्याम आर्य ने खाद्य आपूर्ति निरीक्षक के कार्यालय पहुंचकर अभिलेखों और डीलरों द्वारा राशन उठाने की तिथियों की जांच की। उन्होंने बताया कि आरएफसी कुमाऊं ललित मोहन रयाल को इसकी रिपोर्ट सौंपी जाएगी।
इसके बाद उन्होंने नगर में राशन डीलरों की दुकानों का भी निरीक्षण किया। आपूर्ति निरीक्षक बीपी त्रिवेदी ने बताया कि 22 बोरे चावल ही किसी राशन डीलर के पुलिस ने बरामद किए हैं। गेहूं के बोरे अलग-अलग वजन के हैं और रस्सी से बंधे हुए थे। इसलिए गेहूं राशन की दुकान का नहीं भी हो सकता है। बता दें कि 15 दिसंबर की रात पुलिस ने तीन लोगों को गिरफ्तार कर 81 बोरे गेहूं, 22 बोरे चावल तथा यूपी उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा राज्यों के टैग लगे 257 खाली बोरे बरामद किए थे और मिनी ट्रक को सीज किया था। राशन डीलर सहित चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था।
इसके बाद उन्होंने नगर में राशन डीलरों की दुकानों का भी निरीक्षण किया। आपूर्ति निरीक्षक बीपी त्रिवेदी ने बताया कि 22 बोरे चावल ही किसी राशन डीलर के पुलिस ने बरामद किए हैं। गेहूं के बोरे अलग-अलग वजन के हैं और रस्सी से बंधे हुए थे। इसलिए गेहूं राशन की दुकान का नहीं भी हो सकता है। बता दें कि 15 दिसंबर की रात पुलिस ने तीन लोगों को गिरफ्तार कर 81 बोरे गेहूं, 22 बोरे चावल तथा यूपी उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा राज्यों के टैग लगे 257 खाली बोरे बरामद किए थे और मिनी ट्रक को सीज किया था। राशन डीलर सहित चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था।
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