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पभ्या वाले अब भी प्यासे
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गणाई गंगोली (पिथौरागढ़)। पभ्या गांव में ग्रामीण पिछले 20 दिनों से नलों में पानी की बूंद नहीं टपकने से लोग परेशान हैं। कुछ दिन पूर्व पेयजल लाइन को ठीक करने को गए युवक की खाई में गिरने से मौत हो गई। इसके बाद भी जल संस्थान और शासन-प्रशासन पेयजल उपलब्ध कराने को लेकर कोई प्रभावी कदम नहीं उठा रहा है। इससे लोगों में आक्रोश है।
गणाई गंगोली की ग्राम पंचायत पभ्या में 20 दिनों से पानी नहीं आ रहा है। पांच दिन पूर्व पानी लगाने गए सूजन सिंह पुत्र करम सिंह (36) पैर फिसलने से 100 मीटर गहरी खाई में गिरने से मौत हो गई। ग्रामीणों का कहना है कि नलों में पानी नहीं आने के कारण लोग पिछले 20 दिनों से तीन किमी दूर से पानी लाने के लिए मजबूर है। मवेशियों को पानी पिलाने में सर्वाधिक दिक्कत होती है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव के लिए पेयजल की व्यवस्था करने में एक ग्रामीण की मौत के बाद भी शासन-प्रशासन और जल संस्थान को दर्द नहीं दिख रहा है। उन्होंने शीघ्र पेयजल की व्यवस्था नहीं करने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
पेयजल लाइन 10 किमी लंबी है। कर्मचारी पेयजल लाइन की मरम्मत करने में लगे हुए हैं। दो दिन पूर्व पानी चल गया था, फिर दोबारा लाइन ब्लाक हो गई है। जल्द ही पेयजल लाइन को ठीक कर लिया जाएगा। - ललित मोहन, जूनियर अभियंता जल संस्थान।
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गांव में पानी लगाने में एक युवक की मौत हो चुकी है। विभाग से बार बार कहने के बाद भी पेयजल लाइन ठीक नहीं की जा रही है। पेयजल लाइन को ठीक करने के दौरान मृतक के परिजनों को आर्थिक सहायता मिलनी चाहिए। - राजेंद्र सिंह डोबाल, बुजुर्ग पभ्या गांव।
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गणाई गंगोली की ग्राम पंचायत पभ्या में 20 दिनों से पानी नहीं आ रहा है। पांच दिन पूर्व पानी लगाने गए सूजन सिंह पुत्र करम सिंह (36) पैर फिसलने से 100 मीटर गहरी खाई में गिरने से मौत हो गई। ग्रामीणों का कहना है कि नलों में पानी नहीं आने के कारण लोग पिछले 20 दिनों से तीन किमी दूर से पानी लाने के लिए मजबूर है। मवेशियों को पानी पिलाने में सर्वाधिक दिक्कत होती है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव के लिए पेयजल की व्यवस्था करने में एक ग्रामीण की मौत के बाद भी शासन-प्रशासन और जल संस्थान को दर्द नहीं दिख रहा है। उन्होंने शीघ्र पेयजल की व्यवस्था नहीं करने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
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पेयजल लाइन 10 किमी लंबी है। कर्मचारी पेयजल लाइन की मरम्मत करने में लगे हुए हैं। दो दिन पूर्व पानी चल गया था, फिर दोबारा लाइन ब्लाक हो गई है। जल्द ही पेयजल लाइन को ठीक कर लिया जाएगा। - ललित मोहन, जूनियर अभियंता जल संस्थान।
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गांव में पानी लगाने में एक युवक की मौत हो चुकी है। विभाग से बार बार कहने के बाद भी पेयजल लाइन ठीक नहीं की जा रही है। पेयजल लाइन को ठीक करने के दौरान मृतक के परिजनों को आर्थिक सहायता मिलनी चाहिए। - राजेंद्र सिंह डोबाल, बुजुर्ग पभ्या गांव।