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पीआरडी के कई जवानों को बैठना पड़ेगा घर
ब्यूरो/अमर उजाला, पिथौरागढ़
Updated Fri, 28 Apr 2017 10:17 PM IST
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पीआरडी जवान
- फोटो : अमर उजाला
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पीआरडी जवानों के लिए आयु सीमा का निर्धारण कर दिया गया है। अब 50 वर्ष से ज्यादा उम्र के लोग पीआरडी जवान के तौर पर काम नहीं कर पाएंगे। उनको बैज नंबर भी नहीं मिलेगा। विभाग के इस फैसले से जिले में 60 पीआरडी जवानों को घर बैठना पड़ जाएगा।
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बताया गया कि निदेशक युवा कल्याण विभाग ने 18 अप्रैल को सभी जिला युवा कल्याण अधिकारियों को जारी आदेश में कहा है कि 50 वर्ष से कम उम्र के पीआरडी जवानों को ही बैज जारी होगा। जिला युवा कल्याण विभाग की प्रशासनिक अधिकारी मुन्नी सिंह की ओर से सभी क्षेत्रीय युवा कल्याण अधिकारियों को पत्र देकर कहा है कि अपने-अपने विकासखंड में 50 से अधिक उम्र वाले पीआरडी जवानों की सूची उपलब्ध कराएं। जिले में इस समय 452 पीआरडी जवान पंजीकृत हैं। इनमें से 150 को नियमित काम मिलता है। शेष को चुनाव के समय या फिर किसी खास कार्यक्रम के समय ही ड्यूटी पर लगाया जाता है।
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वहीं, विभाग के इस फैसले का पीआरडी जवानों ने विरोध शुरू कर दिया है। कनालीछीना के ब्लॉक कमांडर राजेंद्र सिंह दिगारी और मूनाकोट के सतीश चंद्र पंत ने कहा कि यह फैसला पूरी तरह गलत है। उन्होंने कहा कि 10 से 15 वर्ष की सेवा करने वाले पीआरडी जवानों के लिए यह फैसला अपमानित करने वाला है। उन्होंने कहा कि आंतरिक सुरक्षा में अहम योगदान देने वाले पीआरडी जवानों को स्थायी करने की नीति बनाने के बजाए विभाग के अधिकारी परेशान करने वाले आदेश लेकर आ रहे हैं। आज भी सैकड़ों पंजीकृत पीआरडी जवान ऐसे हैं जिनको सालभर काम नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने यह भी कहा है कि पीआरडी में पूरे प्रदेश से 650 महिला जवानों की भर्ती तो की गई थी, लेकिन अब तक उनको काम नहीं दिया गया है। फैसले का विरोध करते हुए उन्होंने कहा कि इसे तत्काल वापस लिया जाए और पीआरडी जवानों का भविष्य सुरक्षित किया जाए।
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