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Pauri News: फरासू के खेतों में छह साल बाद शुरू हुई धान की रोपाई
Fri, 03 Jul 2026 06:37 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पौड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, पौड़ी
Updated Fri, 03 Jul 2026 06:37 PM IST
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फोटो
लंबे समय से नहर थी क्षतिग्रस्त, पूजा-अर्चना के साथ शुरू हुई रोपाई
संवाद न्यूज एजेंसी
श्रीनगर। नगर निगम क्षेत्र के वार्ड-2 फरासू में करीब छह साल बाद धान की रोपाई को लेकर फिर से पहले जैसा उत्साह देखने को मिला। शुक्रवार को विधि-विधान और देव पूजन के साथ धान की रोपाई शुरू हुई। लंबे समय तक सिंचाई नहर क्षतिग्रस्त रहने के कारण खेती प्रभावित रही लेकिन नहर की मरम्मत होने के बाद अब खेतों तक पानी पहुंचने से किसानों के चेहरों पर खुशी लौट आई। सुबह से ही महिलाएं और पुरुष खेतों में रोपाई के कार्य में जुट गए।
ग्रामीणों ने बताया कि पिछले करीब छह वर्षों से बार-बार सिंचाई नहर के क्षतिग्रस्त होने के कारण समय पर धान की रोपाई नहीं हो पा रही थी। इस वर्ष नहर की मरम्मत होने से खेतों तक पर्याप्त पानी पहुंचा जिससे समय पर रोपाई शुरू हो सकी। वार्ड पार्षद विजय कुमार चमोली ने बताया कि सिंचाई व्यवस्था बहाल होने से क्षेत्र में कृषि गतिविधियों को नई गति मिलेगी। शुक्रवार सुबह देव पूजन के बाद ग्रामीणों ने पारंपरिक तरीके से धान की रोपाई शुरू की। इस अवसर पर सुशीला देवी, रामेश्वरी देवी, पूनम, विजय बहुगुणा, राजेंद्र बिष्ट, शुभु प्रसाद आदि मौजूद रहे।
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लंबे समय से नहर थी क्षतिग्रस्त, पूजा-अर्चना के साथ शुरू हुई रोपाई
संवाद न्यूज एजेंसी
श्रीनगर। नगर निगम क्षेत्र के वार्ड-2 फरासू में करीब छह साल बाद धान की रोपाई को लेकर फिर से पहले जैसा उत्साह देखने को मिला। शुक्रवार को विधि-विधान और देव पूजन के साथ धान की रोपाई शुरू हुई। लंबे समय तक सिंचाई नहर क्षतिग्रस्त रहने के कारण खेती प्रभावित रही लेकिन नहर की मरम्मत होने के बाद अब खेतों तक पानी पहुंचने से किसानों के चेहरों पर खुशी लौट आई। सुबह से ही महिलाएं और पुरुष खेतों में रोपाई के कार्य में जुट गए।
ग्रामीणों ने बताया कि पिछले करीब छह वर्षों से बार-बार सिंचाई नहर के क्षतिग्रस्त होने के कारण समय पर धान की रोपाई नहीं हो पा रही थी। इस वर्ष नहर की मरम्मत होने से खेतों तक पर्याप्त पानी पहुंचा जिससे समय पर रोपाई शुरू हो सकी। वार्ड पार्षद विजय कुमार चमोली ने बताया कि सिंचाई व्यवस्था बहाल होने से क्षेत्र में कृषि गतिविधियों को नई गति मिलेगी। शुक्रवार सुबह देव पूजन के बाद ग्रामीणों ने पारंपरिक तरीके से धान की रोपाई शुरू की। इस अवसर पर सुशीला देवी, रामेश्वरी देवी, पूनम, विजय बहुगुणा, राजेंद्र बिष्ट, शुभु प्रसाद आदि मौजूद रहे।
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