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हल्द्वानी नगर निगम स्वच्छता रैंकिंग में देश में फिसला

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Sun, 21 Nov 2021 02:42 AM IST
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Haldwani Municipal Corporation slips in the cleanliness ranking in the country
हल्द्वानी। स्वच्छता सर्वेक्षण-2021 के रिजल्ट जारी हो गए हैं। नगर निगम हल्द्वानी ने देश में 281 वां स्थान प्राप्त किया है। स्वच्छता सर्वेक्षण 2020 में हल्द्वानी नगर निगम ने देश में 229वां स्थान प्राप्त किया था। इस बार हल्द्वानी नगर निगम को भारी झटका लगा है। हालांकि वह राज्य में चौथा स्थान बनाए रखने पर सफल रहा।
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स्वच्छता सर्वेक्षण 2020 में प्रथम स्थान पर देहरादून, दूसरे पर रुड़की, तीसरे पर काशीपुर और चौथे स्थान पर हल्द्वानी रहा था। इस बार रुद्रपुर नगर निगम ने चौंकाते हुए तीसरा स्थान प्राप्त किया है।
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नगर निगम हल्द्वानी के पिछड़ने का मुख्य कारण नए वार्ड में सफाई व्यवस्था और डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन न होना है। साथ ही समय रहते सीवर ट्रीटमेंट प्लांट बन जाता तो नगर निगम की स्वच्छता रैंकिंग में सुधार होता। कंपोस्ट प्लांट नहीं बनना, गीला सूखा कूड़ा प्रथ्थीकरण न होना के कारण भी रैंकिंग में गिरावट दर्ज हुई है।
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ये हैं कारण
- डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन पूरी तरह न होना।
- गीले-सूखे कूड़े का सेग्रीगेशन न होना।
- सीवर ट्रीटमेंट प्लांट न होना।
- एसडब्ल्यूएम प्लांट न होना।
- नए वार्डों में कूड़ा कलेक्शन न होना।
- नए वार्डों में सफाई व्यवस्था न होना।
चौथे स्थान पर आने से निगम को नहीं मिलेगा इनाम
हल्द्वानी। राज्य सरकार प्रदेश में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले नगर निगमों को नकद राशि के साथ प्रशस्ति पत्र प्रदान करती है। 2019 में हल्द्वानी-काठगोदाम नगर निगम तीसरे स्थान में था। इस कारण हल्द्वानी निगम को राज्य सरकार ने पुरस्कृत किया था। इस बार निगम को पुरस्कार नहीं मिलेगा।
राष्ट्रीय स्तर पर स्वच्छता रैंकिंग में गिरावट हुई है। प्रदेश स्तर में हम चौथे स्थान पर कायम हैं। इसका कारण नवसम्मिलित क्षेत्र में सफाई कर्मियों की व्यवस्था और डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन और एसडब्लूएम प्लांट का न होना रहा। दिसंबर में नए क्षेत्र में कूड़ा गाड़ियां चलने लगेंगी। एसडब्लूएम प्लांट की टेंडर प्रक्रिया चल रही है। एसटीपी प्लांट 80 प्रतिशत बन चुका है। अगामी वर्ष में इसमें सुधार आएगा।
-डॉ. जोगेंद्र सिंह रौतेला, मेयर नगर निगम हल्द्वानी
नैनीताल पालिका दूसरे स्थान पर
नैनीताल। पिछले साल हुए स्वच्छता सर्वेक्षण में नैनीताल नगर पालिका ने राज्य में पहला स्थान प्राप्त किया था लेकिन इस बार उसे दूसरे स्थान पर संतोष करना पड़ा है, वहीं दूसरी ओर छावनी क्षेत्रों में नैनीताल छावनी क्षेत्र स्वच्छता के मामले में राज्य स्तर पर तीसरे स्थान में है।
शासन की ओर जारी स्वच्छता सर्वेक्षण की रिपोर्ट में वर्ष 2021 में 25 से 50 हजार जनसंख्या वाले 200 शहरों में नैनीताल ने राज्य में दूसरा व राष्ट्रीय स्तर पर 106 वां स्थान प्राप्त किया है जबकि छावनी परिषद के 62 शहरों में नैनीताल ने स्वच्छता में राज्य स्तर में तीसरा व राष्ट्रीय स्तर पर 31वां स्थान पाया है। वर्ष 2020 में हुए सर्वे में 25 से 50 हजार जनसंख्या वाले निकायों में नैनीताल नगर पालिका ने प्रदेश में पहला स्थान प्राप्त किया था और देश के नॉर्थ जोन में नैनीताल नगर पालिका को तब 68 वां स्थान मिला था लेकिन इस बार स्वच्छता सर्वे में पालिका की रैंकिंग में गिरावट दर्ज की गई है।
इस संबंध में पालिका के अधिशासी अधिकारी अशोक कुमार वर्मा का कहना है कि स्वच्छता सर्वे कार्य के तहत रैंकिंग के लिए पालिका के अलग अलग स्थानों पर शौचालय व्यवस्था, कूड़ा निस्तारण व्यवस्था व पार्क आदि की सर्वे हुई थी। उसी आधार पर नैनीताल नगर पालिका की रैंकिंग की गई है। बताया कि इस बार बजट की कमी के कारण स्वच्छता का कार्य और कूड़ा निस्तारण संबंधी कार्य पिछले साल की तरह नहीं हो पाया था।
इस वर्ष कूड़ा निस्तारण प्लांट के बनने के बाद कूड़ा निस्तारण की समस्या स्थायी रूप से हल हो जाएगी। दावा किया कि भविष्य में पालिका फिर से स्वच्छता रैकिंग में पहले स्थान पर आने के लिए प्रयासरत रहेगी।

अशोक कुमार वर्मा, ईओ, नगर पालिका नैनीताल
रामनगर पहले से लुढ़क कर तीसरे स्थान पर
रामनगर (नैनीताल)। स्वच्छता सर्वेक्षण में इस बार रामनगर की नगर पालिका को राज्य में तीसरा स्थान मिला है, जबकि पिछले साल रामनगर पहले स्थान पर था।
पालिका के अधिशासी अधिकारी भारत त्रिपाठी ने बताया कि इस वर्ष 50 हजार से एक लाख की आबादी वाली नगरीय क्षेत्रों में सर्वेक्षण कराया गया था। इस बार रामनगर पालिका को राज्य रैंकिंग में तीसरा स्थान, जबकि राष्ट्रीय स्तर की रैंकिंग में 81 रैंक हासिल हुई है। ईओ ने बताया कि रामनगर में सीवर सिस्टम नहीं होने से रैंकिंग कम आई है। पिछले साल से सीवर सिस्टम के अंक नहीं जोड़े गए थे। इस बार अंक जोड़े गए है।
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