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चम्पावत: दुष्कर्म के दोषी पिता-पुत्र को 20-20 साल की कैद
Fri, 10 Feb 2023 11:02 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
Updated Fri, 10 Feb 2023 11:02 PM IST
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चंपावत। विशेष सत्र न्यायाधीश कहकशां खान ने दुष्कर्म के दोषी पिता-पुत्र को पॉक्सो एक्ट के तहत 20-20 साल कैद की सजा सुनाई है। दोनों पर 20-20 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना नहीं देने पर छह-छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
जानकारी के मुताबिक 29 फरवरी 2020 को चंपावत जिले के सीमांत गांव में पिता ने पहले अपनी 15 वर्षीय पुत्री के साथ बलात्कार किया था। इसके बाद भाई ने भी इसी सगी बहन को हवस का शिकार बनाया था। घटना से घबराकर नाबालिग अपनी छोटी बहन को लेकर टनकपुर भाग गई जहां उसने रीड्स संस्था के सदस्यों को आपबीती बताई जिसके बाद दोनों आरोपी पिता-पुत्र के खिलाफ सीमांत के थाने में 376ए, 376 डी और 5/6 पॉक्सो एक्ट के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई।
शुक्रवार को विशेष सत्र न्यायाधीश कहकशा खान ने दोषी पिता-पुत्र को 20-20 साल की सजा और 20-20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। जुर्माना नहीं देने पर छह-छह माह के अतिरिक्त कारावास की सजा सुनाई गई है। अभियोजन पक्ष की ओर से डीजीसी क्राइम विद्याधर जोशी ने पैरवी की।
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जानकारी के मुताबिक 29 फरवरी 2020 को चंपावत जिले के सीमांत गांव में पिता ने पहले अपनी 15 वर्षीय पुत्री के साथ बलात्कार किया था। इसके बाद भाई ने भी इसी सगी बहन को हवस का शिकार बनाया था। घटना से घबराकर नाबालिग अपनी छोटी बहन को लेकर टनकपुर भाग गई जहां उसने रीड्स संस्था के सदस्यों को आपबीती बताई जिसके बाद दोनों आरोपी पिता-पुत्र के खिलाफ सीमांत के थाने में 376ए, 376 डी और 5/6 पॉक्सो एक्ट के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई।
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शुक्रवार को विशेष सत्र न्यायाधीश कहकशा खान ने दोषी पिता-पुत्र को 20-20 साल की सजा और 20-20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। जुर्माना नहीं देने पर छह-छह माह के अतिरिक्त कारावास की सजा सुनाई गई है। अभियोजन पक्ष की ओर से डीजीसी क्राइम विद्याधर जोशी ने पैरवी की।
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