{"_id":"58050cfa4f1c1b562c702d9f","slug":"the-father-and-son-co-accused-bail","type":"story","status":"publish","title_hn":"सह आरोपी बनाए गए पिता-पुत्र को मिली जमानत","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
सह आरोपी बनाए गए पिता-पुत्र को मिली जमानत
अमर उजाला ब्यूरो बागेश्वर
Updated Mon, 17 Oct 2016 11:10 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सानीउडियार के भेटा गांव में दलित युवक की हत्या मामले में सह आरोपी बनाए पिता-पुत्र को विशेष जिला सत्र न्यायालय से जमानत मिल गई है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को 11 अक्तूबर को गिरफ्तार किया था।
मालूम हो कि पांच अक्तूबर को भेटा गांव में गेहूं पिसाने चक्की में गए सोहन राम पुत्र फकीर राम की गांव के ही शिक्षक ललित कर्नाटक ने हत्या कर दी थी। मृतक के चाचा रमेश राम की ओर से इस मामले में मुख्य आरोपी ललित कर्नाटक के खिलाफ हत्या और उसके भाई आनंद कर्नाटक व पिता घनश्याम कर्नाटक के खिलाफ धमकाने की रिपोर्ट कांडा थाने में दर्ज कराई गई थी। मुख्य आरोपी को घटना के दूसरे दिन ही गिरफ्तार कर लिया था। जबकि इस घटना में नामजद हत्यारोपी के भाई व पिता को 11 अक्तूबर को गिरफ्तार किया था। सह आरोपियों के अधिवक्ता की ओर से 13 अक्तूबर को विशेष जिला सत्र न्यायालय में जमानत की अर्जी दी गई थी। मंगलवार को इस मामले में न्यायालय में सुनवाई हुई। आरोपी पक्ष की ओर से अधिवक्ता घनानंद जोशी और हरीश जोशी ने पैरवी करते हुए कहा कि जिस समय यह घटना हुई थी उस समय घनश्याम कर्नाटक मंदिर में थे जबकि शिक्षक आनंद कर्नाटक घर में भोजन बना रहे थे। इसलिए इस मामले में उनको सह आरोपी बनाया जाना गलत है। जिरह सुनने के बाद विशेष जिला सत्र न्यायाधीश ने दोनों सह आरोपियों को जमानत दे दी।
विज्ञापन
मालूम हो कि पांच अक्तूबर को भेटा गांव में गेहूं पिसाने चक्की में गए सोहन राम पुत्र फकीर राम की गांव के ही शिक्षक ललित कर्नाटक ने हत्या कर दी थी। मृतक के चाचा रमेश राम की ओर से इस मामले में मुख्य आरोपी ललित कर्नाटक के खिलाफ हत्या और उसके भाई आनंद कर्नाटक व पिता घनश्याम कर्नाटक के खिलाफ धमकाने की रिपोर्ट कांडा थाने में दर्ज कराई गई थी। मुख्य आरोपी को घटना के दूसरे दिन ही गिरफ्तार कर लिया था। जबकि इस घटना में नामजद हत्यारोपी के भाई व पिता को 11 अक्तूबर को गिरफ्तार किया था। सह आरोपियों के अधिवक्ता की ओर से 13 अक्तूबर को विशेष जिला सत्र न्यायालय में जमानत की अर्जी दी गई थी। मंगलवार को इस मामले में न्यायालय में सुनवाई हुई। आरोपी पक्ष की ओर से अधिवक्ता घनानंद जोशी और हरीश जोशी ने पैरवी करते हुए कहा कि जिस समय यह घटना हुई थी उस समय घनश्याम कर्नाटक मंदिर में थे जबकि शिक्षक आनंद कर्नाटक घर में भोजन बना रहे थे। इसलिए इस मामले में उनको सह आरोपी बनाया जाना गलत है। जिरह सुनने के बाद विशेष जिला सत्र न्यायाधीश ने दोनों सह आरोपियों को जमानत दे दी।
विज्ञापन