पहले नवरात्र पर मंदिरों में श्रद्धालुओं का तांता
पहले नवरात्र पर पूजा-अर्चना के लिए मंदिरों में श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। सभी प्रमुख देवी मंदिरों में लंबी लाइन लगी। लोगों ने व्रत रखा और घरों में अनुष्ठानपूर्वक देवी मां की मूर्ति स्थापित की।
चितई ग्वल देवता मंदिर समेत नंदादेवी, त्रिपुरा सुंदरी, उल्का देवी, जाखनदेवी, कसारदेवी, बानड़ीदेवी आदि मंदिरों में श्रद्धालुओं की काफी भीड़ रही। लोगों का तड़के से ही मंदिरों में पहुंचना शुरू हो गया। दिन चढ़ने के साथ ही श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ती रही। मंदिरों में प्रवेश के लिए लोगों को काफी देर लाइनों में खड़े होकर अपनी बारी की प्रतीक्षा करनी पड़ी। लोगों ने एक दूसरे को नवसंवत्सर की शुभकामनाएं देकर मंगलकामना की। घरों में भी लोगों ने धार्मिक अनुष्ठानपूर्वक देवी मां की स्थापना कर पूरे नवरात्र के लिए अखंड ज्योति प्रज्ज्वलित की।
मंदिरों में पशुबलि रोकने के लिए प्रशासन ने पुख्ता तैयारियां की थी। कोतवाल संजय गर्ब्याल के नेतृत्व में चितई मंदिर में पुलिस बल तैनात था। प्रशासन ने किसी भी मंदिर में पशुबलि न होने का दावा किया है। संकुल केंद्र सरस्वती शिशु मंदिर जीवनधाम में संवत्सर धूमधाम से मनाया गया। प्रधानाचार्य भैरव सिंह कार्की ने कार्यक्रम का शुभारंभ किया। वहां केडी मिश्रा, जेके पाठक, महेश जोशी, राजेश लोहनी, हरीश मेहता, विनोद जोशी, गोपाल मेहता, भुवन पांडे, नवीन जोशी, आनंद उप्रेती, संजय जोशी, अमर कार्की, हरीश बिष्ट, ओपी लोहनी, विशन बिष्ट आदि मौजूद थे।