आजमगढ़ के बिलरियागंज कस्बे के मौलाना जौहर अली पार्क में सीएए, एनआरसी व एनपीए का विरोध कर रही महिलाओं द्वारा बुधवार तड़के सुरक्षा में तैनात पुलिस के जवानों पर पथराव कर दिया। पथराव में एसपी सिटी पंकज पांडेय भी घायल हो गए। बचाव में पुलिस की ओर से लाठीचार्ज कर महिलाओं को खदेड़ दिया और आंसू गैस के गोले भी दागे गए। पुलिस ने पार्क में टैंकर मंगाकर पानी भर दिया है। पार्क के आसपास भारी फोर्स तैनात कर दी गई है। किसी को उधर जाने नहीं दिया जा रहा है।
बताते चलें कि गोपालपुर के सपा विधायक नफीस अहमद ने भी मंगलवार रात साढ़े 10 बजे पहुंचकर उन्हें समझाया, लेकिन धरना खत्म नहीं हो सका। बाद में बुधवार को तड़के चार बजे महिलाओं की ओर से सुरक्षा में तैनात पुलिस वालों पर पथराव किया गया। इसके बाद पुलिस ने लाठी लाठीचार्ज कर महिलाओं को खदेड़ दिया और आंसू गैस के गोले भी दागे। पुलिस ने पार्क में टैंकर मंगाकर पानी भर दिया। पार्क के आसपास भारी फोर्स तैनात कर दी गई है। किसी को उस ओर जाने नहीं दिया जा रहा है।
एसओ बिलरियागंज मनोज कुमार सिंह की तहरीर पर पुलिस ने 35 लोगों को नामजद, 100 अज्ञात लोगों पर मुकदमा दर्ज किया है। इस दौरान पुलिस ने 20 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार किए जाने वालों में मौलाना ताहिर मदनी व एक महिला मुन्नी बानो शामिल हैं। एसपी सिटी समेत एक महिला व पांच पुरूष कांस्टेबल घायल हुए हैं। पुलिस ने बड़े वाहनों के लिए रूट डायवर्ट कर दिया है। बड़े वाहनों को बाईपास से भेजा जा रहा है। कमिश्नर, डीआईजी घटनास्थल का जायजा लेने बिलरियागंज पहुंचे।
इस धरना-प्रदर्शन की न तो पूर्व की कोई घोषणा ही थी, न ही अनुमति ली ई था। पुलिस और जिला प्रशासन को ऐसे किसी आयोजन की जानकारी ही नहीं थी। मंगलवार को 11 बजे के लगभग मौलाना जौहर अली पार्क में सैकड़ों की संख्या में महिलाएं तिरंगा झंडा लेकर पहुंच गई। इसके बाद मौके पर धरना-प्रदर्शन व नारेबाजी शुरू हो गई। धरना-प्रदर्शन की जानकारी होते ही बिलरियागंज पुलिस के हाथ पांव फूल गए। पुलिस टीम भी मौके पर पहुंच गई और धरना समाप्त कराने की कवायद शुरू कर दी गई।
मंगलवार की शाम पांच बजे के लगभग मौलाना ताहिर मदनी व पूर्व चेयरमैन मोहम्मद आरिफ भी मौके पर पहुंच गए थे। इन लोगों ने भी महिलाओं को समझाने का प्रयास किया लेकिन महिलाओं का कहना था कि जब तक दिल्ली के शाहीन बाग में धरना चलेगा तब तक वे भी धरना देती रहेंगी।