वाराणसी कमिश्नरेट पुलिस का जलवा: 70वें पायदान से टॉप-5 में पहुंची पुलिस, सीएम डैशबोर्ड में पांचवां स्थान
सीएम डैशबोर्ड रैंकिंग में वाराणसी पुलिस कमिश्नरेट पांचवें स्थान पर है। 22 क्षेत्रों में अव्वल होने से पुलिस को बड़ी उपलब्धि हासिल हुई है। वर्ष 2023 और 2024 में यह जिला अक्सर 70वें स्थान पर रहता था।
विस्तार
उत्तर प्रदेश शासन द्वारा जारी अगस्त माह की सीएम डैशबोर्ड रैंकिंग में वाराणसी पुलिस कमिश्नरेट ने प्रदेश में पांचवां स्थान प्राप्त किया है। वर्ष 2023 और 2024 में यह जिला अक्सर 70वें स्थान पर रहता था। लगातार प्रयासों और कड़े पुलिस प्रबंधन से अब कमिश्नरेट शीर्ष पांच में जगह बनाए हुए है।
पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल ने बताया कि यह रैंकिंग 50 प्रमुख प्रदर्शन सूचकांकों पर आधारित है। वाराणसी पुलिस ने इनमें से 22 सूचकांकों में पूरे प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया है। छह अन्य सूचकांकों में भी यह शीर्ष पांच में शामिल रहा।
महिला अपराधों, एससी/एसटी अधिनियम और गोहत्या निवारण अधिनियम के तहत 100 फीसदी कार्रवाई की गई। आबकारी, गैंगस्टर और गुंडा अधिनियम में भी उत्कृष्ट प्रदर्शन किया गया। नागरिक सेवाओं और अग्नि सुरक्षा एनओसी में भी शत-प्रतिशत निस्तारण कर शीर्ष अंक प्राप्त किए।
डायल 112 का त्वरित प्रतिसाद
डायल 112 पीआरवी ने आपातकालीन सेवाओं में बेहतर प्रदर्शन किया है। अगस्त में पुलिस औसतन 4.90 मिनट में घटनास्थल पर पहुंची। कुल 20,191 मामलों में से अधिकांश में 10 मिनट से कम समय में सहायता मिली। इस प्रदर्शन के लिए 112 सेवा श्रेणी में कमिश्नरेट को प्रदेश में पहला स्थान मिला।
अन्य प्रमुख उपलब्धियां
पाक्सो अधिनियम में 100 फीसदी प्रभावी कार्रवाई के साथ दूसरा स्थान मिला। जघन्य अपराधों के निस्तारण (96.42 फीसदी) और वांछितों की गिरफ्तारी (94.92 फीसदी) में चौथा स्थान रहा। गैंगस्टर अधिनियम के लंबित मामलों के निस्तारण (98 फीसदी) और वांछितों पर कार्रवाई (99.47 फीसदी) में शीर्ष पांच में जगह बनाई। काशी, वरुणा और गोमती जोनों में 93.71 फीसदी गुणवत्तापूर्ण विवेचना निस्तारण हुआ। पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल के नेतृत्व में हुए सुधारों से वाराणसी में जनसुरक्षा और कानून-व्यवस्था मजबूत हुई है।