वाराणसी: ग्रीन पटाखे बेचने की मंजूरी, प्रदूषण वालों पर प्रतिबंध, आतिशबाजी के लिए प्रशासन जारी करेगा समयावधि
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प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए जारी कवायद के बीच वाराणसी में ग्रीन पटाखों की बिक्री की अनुमति दी गई है। शासन की ओर से जारी आदेश में वाराणसी सहित कई जिलों को संवेदनशील श्रेणी में रखा गया है और प्रदूषण करने वाले पटाखों पर प्रतिबंध जारी रखा गया है।
सर्वोच्च न्यायालय के हानिकारक पटाखों के प्रतिबंध को बरकरार रखने के आदेश के बाद शासन ने वाराणसी सहित प्रदेश के लिए आदेश जारी किया है। इसमें वाराणसी में ग्रीन पटाखों की बिक्री की अनुमति दी गई है। वाराणसी शहर में करीब 250 दुकानदारों ने पटाखा बिक्री के लिए आवेदन किया है।
ऐसे ही ग्रामीण क्षेत्र में भी 100 से ज्यादा आवेदन आए हैं। यहां बता दें कि पिछले साल भी वाराणसी में पटाखों की बिक्री पर प्रतिबंध था। इसके लिए पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीम बनाकर निगरानी कराई गई थी। इस बार शासनादेश के बाद अब ग्रीन पटाखों की बिक्री के नियमों की जानकारी आवेदकों को दी जा रही है। जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने बताया कि शासनादेश में ग्रीन पटाखों की बिक्री की अनुमति दी गई है। इसी आधार पर आवेदकों को नियम आदि की जानकारी दी जा रही है।
दीपावली पर दो घंटे चल सकेंगे पटाखे
शासनादेश के अनुसार दीपावली पर रात आठ बजे से 10 बजे तक ग्रीन पटाखे जलाने की अनुमति होगी। इसके लिए जिलाधिकारी बकायदा स्थानीय स्तर पर आदेश जारी करेंगे। शहरी क्षेत्र में पुलिस समयावधि के हिसाब से निगरानी करेगी।
ऐसे होते हैं ग्रीन पटाखे
ऐसे पटाखे, जिनसे प्रदूषण कम होता है और पर्यावरण के लिए बेहतर होते हैं। उन्हें ग्रीन पटाखा कहा जाता है। ग्रीन पटाखों को खास तरह से तैयार किया जाता है और इनके जरिए 30 से 40 फीसदी तक प्रदूषण कम होता है। ग्रीन पटाखों में वायु प्रदूषण को बढ़ावा देने वाले हानिकारक रसायन नहीं होते हैं।