उबल रही काशी: भारत के नक्शे से बाहर हो रहा मानसून, 9 जून को भीषण लू का अलर्ट जारी; जल रहीं हैं दीवारें
उत्तर प्रदेश के अधिकतर जिले गर्मी से बेहाल हैं। सुबह सात बजे के बाद ही तीखी धूप और उमस से लोग बिलबिला जा रहे हैं। घाटों और पर्यटन स्थलों पर भी सन्नाटा दिख रहा है। शाम को भी गर्म हवाएं चल रही हैं। वहीं, माैसम विभाग ने लू का भी अलर्ट जारी कर दिया है।
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जिस तरह से मानसून भारत के नक्शे से गायब हो रहा है, उसी तरह से तापमान का मीटर भी ऊपर चढ़ता चला जा रहा है। मौसम विज्ञान विभाग ने 9 जून को भीषण लू का अलर्ट जारी किया है। बनारस समेत पूर्वांचल में संवेदी ऊष्मा की स्थिति बन गई है।
तापमान बढ़ने से वहां पर रखे गए सामान और सतह आदि सब कुछ का तापमान बढ़ता जा रहा है। धूप में निकलते ही मोबाइल की स्क्रीन से रेडिएशन निकल रहा है और हाथ से छुआ नहीं जा रहा। घर में रखा पानी और दीवारें भी अब ऊष्मा फेंक रहीं हैं।
शनिवार को बनारस शहर का पारा सामान्य से 1.4 डिग्री के ऊपर 41.6 डिग्री सेल्सियस तक चला गया। न्यूनतम तापमान सामान्य से 1.3 डिग्री कम 26.4 डिग्री सेल्सियस तक आ गया। सूरज की तल्ख रोशनी अब शरीर के रोम-रोम में चुभन जैसी पीड़ा दे रही है। बनारस की गर्मी फिर से झुलसाने लगी है। हवा भी किसी चिमनी से निकले धुएं की तरह से गर्म-गर्म लग रही है।
एंटी साइक्लोनिक स्थिति बनी, 11 जून से पुरवा हवा फिर से सक्रिय
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. अतुल कुमार सिंह ने कहा कि इन दिनों सूखे मौसम में संवेदी ऊष्मा बढ़ गई है। यानी कि तापमान के चलते अब आपके घरों में रखी वस्तुएं भी गर्म हो रहीं हैं। ऊपरी क्षोभमंडल यानी कि आठ किमी ऊपर एंटी साइक्लोनिक स्थिति बनी हुई है।
इससे तापमान में 2 से 3 डिग्री की बढ़ोतरी हो सकती है। दक्षिणी यूपी के इलाकों में लू का प्रभाव रह सकता है। वहीं 11 जून से पुरवा हवा फिर से सक्रिय होगी और बनारस समेत पूर्वांचल में बारिश का सिलसिला शुरू हो जाएगा और तापमान 2 से 3 डिग्री तक गिर सकता है। 11 जून के बाद लू से राहत मिलने की उम्मीद है।