UP: 19 व्हाट्सएप ग्रुप चलाता था तुफैल, तहरीक-ए-लब्बैक की विचारधारा से था प्रभावित; ATS ने बढ़ाई सतर्कता
वाराणसी के जैतपुरा थाना क्षेत्र में यूपीएटीएस ने छापेमारी कर पाकिस्तान के लिए जासूसी करने वाले एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। वह दोषीपुरा का रहने वाला है। आरोप है कि वह राष्ट्रविरोधी संगठन से जुड़कर भारत के खिलाफ काम कर रहा था।
विस्तार
ATS Action in Varanasi: यूपी एटीएस द्वारा गिरफ्तार किया गया मोहम्मद तुफैल लगभग सात साल पहले कन्नौज और फिर पंजाब के सरहिंद घूमने गया था। सुन्नी सूफी संप्रदाय के नक्शबंदी सिलसिला को मानने वाले तुफैल की मुलाकात कन्नौज और पंजाब की यात्रा के बाद कुछेक ऐसे लोगों से हुई कि वह पाकिस्तान के कट्टर इस्लामी चरमपंथी राजनीतिक दल तहरीक-ए-लब्बैक के मौलाना साद रिजवी की अलगाववादी विचारधारा से प्रभावित हो गया। इसके बाद वह सोशल मीडिया के जरिये मौलाना साद के शरीयत लागू करने संबंधी वीडियो को शेयर करने लगा।
पेंटिंग और पुट्टी का काम करने वाले तुफैल की मां को उसके पिता ने तलाक दे दिया था। इस वजह से उसका ज्यादातर समय मां के साथ नवापुरा, हनुमान फाटक स्थित ननिहाल में ही गुजरा। कन्नौज और सरहिंद की यात्रा के बाद उसने व्हाट्स एप पर 19 ग्रुप बनाए।
इनमें जैतपुरा व आदमपुर थाना क्षेत्र के मुहल्लों के अलावा, लोहता, बजरडीहा, मदनपुरा, बेनिया, हड़हा जैसे इलाकों के साथ ही मऊ और आजमगढ़ के मुस्लिम युवाओं को धार्मिक आधार पर भावनात्मक तरीके से जोड़ रखा था। इनमें पढ़े-लिखे मुस्लिम युवा भी शामिल हैं। इन व्हाट्स ग्रुप्स में वह बाबरी विध्वंस की घटना को इस्लाम के लिए शर्मनाक बताते हुए मौलाना साद रिज़वी के भड़काऊ वीडियो शेयर करता था।
यह भी पढ़ें: भारत की सूचनाएं पाकिस्तान भेजने वाला अरेस्ट, ATS ने काशी से तुफैल को पकड़ा; चला रहा था गजवा-ए-हिंद अभियान
यह भी मैसेज डालता रहता था कि शरिया को विधिक और राजनीतिक प्रक्रिया के माध्यम से इस्लामी मौलिक विधि के रूप में पाकिस्तान के साथ ही हिंदुस्तान में भी स्थापित किया जाना चाहिए। यह भी कहता रहता था कि हिंदुस्तान में मौलाना साद रिजवी जैसे इस्लाम के जानकर मार्गदर्शकों की जरूरत है, जो मुस्लिम युवाओं को सही दिशा देकर उनका भविष्य संवार सकते हैं।
800 से ज्यादा मोबाइल नंबर सर्विलांस के रडार पर
एटीएस के अफसरों ने बताया कि तुफैल के व्हाट्स एप ग्रुप्स से जुड़े बनारस से लगायत पूर्वांचल के 800 से ज्यादा मोबाइल नंबर सर्विलांस के रडार पर हैं। किसी के बहकावे में आकर कोई देश विरोधी ऐसी गतिविधियों में न संलिप्त हो जाए कि उसका जीवन सलाखों के पीछे ही गुजर जाए।
इसके अलावा तुफैल के बैंक खातों और उसकी आवाजाही से संबंधित विवरण को भी खंगाला जा रहा है। तुफैल के दोस्तों, करीबियों और परिजनों की गतिविधियां एटीएस के साथ ही अब स्थानीय पुलिस और एलआईयू की निगरानी में भी है।
पाकिस्तानी सैनिक की पत्नी को दो बार उपहार भिजवाया
एटीएस की जांच में सामने आया कि पाकिस्तान के व्हाट्स एप ग्रुप्स से जुड़ने के बाद उसे वहां के लोगों ने फैसलाबाद की रहने वाली नफीसा से संपर्क करने को कहा। फेसबुक पर नफीसा से संपर्क में आने के बाद तुफैल उसे महत्वपूर्ण स्थानों की फोटो वगैरह भेजने के साथ ही उससे नियमित चैटिंग करता रहता था। नफीसा को उसने एक बार नेपाल के रास्ते और एक बार पंजाब के रास्ते उपहार भिजवाया था। तुफैल दोनों बार क्या उपहार भिजवाया था, एटीएस इसका पता लगा रही है।
कस्टडी रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी एटीएस
एटीएस के अफसरों ने बताया कि अदालत की अनुमति से जल्द ही तुफैल को कस्टडी रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी। पता लगाया जाएगा कि उसके कोर ग्रुप के सदस्य बनारस से लगायत पूर्वांचल में और कौन हैं?
आखिर किस उद्देश्य से और किसे वह देश के महत्वपूर्ण स्थानों की फोटो भेजता था? कन्नौज और सरहिंद की यात्रा के बाद वह देश में कहां-कहां गया था? वह मुस्लिम युवाओं के साथ कहां सम्मेलन या सभा करता था? इसके अलावा वह देश विरोधी और किन गतिविधियों का हिस्सा रहा। पूछताछ की प्रक्रिया पूरी कर जल्द ही तुफैल के खिलाफ अदालत में चार्जशीट दाखिल की जाएगी।
दंग रह गए मोहल्ले के लोग, चुप्पी साध गए
मोहम्मद तुफैल अपने ननिहाल आदमपुर के हनुमान फाटक स्थित नवापुरा में रहता था। ज्यादा समय उसका यही गुजरता था। बिना बताए भी वह घर से कई-कई दिनों तक गायब भी रहता था। जब मोहल्ले के लोगों को उसकी करतूत के बारे में मालूम चला तो सभी दंग रह गए। हालांकि उसके बारे में किसी ने बहुत कुछ जानकारी नहीं दी। पड़ोसियों ने बताया कि वह मोहल्ले में किसी से बहुत बातचीत नहीं करता था। जैतपुरा के दोषीपुरा का मूल निवासी मोहम्मद तुफैल से एटीएस अन्य कई बिंदुओं पर पूछताछ कर रही है।