{"_id":"2a270f78c5c4c5272f92462b6ca57f9f","slug":"three-tenage-boy-deth-in-ganga-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"गंगा में नहा रहे तीन किशोर डूबे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गंगा में नहा रहे तीन किशोर डूबे
अमर उजाला ब्यूराो
Updated Sat, 18 Jul 2015 02:03 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वाराणसी। रोहनिया क्षेत्र स्थित गंगा के शूलटंकेश्वर घाट पर शुक्रवार की दोपहर नहाते समय तीन दोस्त गहरे पानी में डूब गए। सौरभ पटेल, सत्येंद्र शर्मा और अमित पटेल में सिर्फ सत्येंद्र को ही तैरना आता था। वह दोनों दोस्तों को बचाने में डूब गया। तीनों नारायणपुर गांव के रहने वाले थे। घरवालों को बताए बिना वे नहाने गए थे। करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद गोताखोरों की मदद से तीनों के शव को बाहर निकाला गया।
लंका थाना क्षेत्र के डाफी, नारायणपुर गांव के रहने वाले बीएचयूकर्मी अनिल पटेल का बेटा कक्षा नौ का छात्र सौरभ पटेल (16 वर्ष), सैलून संचालक चंद्रभान पटेल का बेटा अमित पटेल (17 वर्ष) और रामलाल का बेटा दसवीं का छात्र सत्येंद्र शर्मा (17 वर्ष) दोस्त थे। अमित ने आठवीं के बाद पढ़ाई छोड़ दी थी। वह पिता के किताब बाइंडिंग के काम में हाथ बंटाता था। तीनों शुक्रवार की दोपहर घर से बिना बताए साइकल से निकले थे। दोपहर करीब एक बजे रोहनिया क्षेत्र स्थित शूलटंकेश्वर घाट पहुंचे और गंगा में नहाने लगे। तीनों में केवल
सत्येंद्र को ही तैरना आता था। नहाने के दौरान ही अमित और सौरभ गहरे पानी में जाने की वजह से डूबने लगे। उन्हें बचाने में सत्येंद्र भी डूबने लगा। उस समय घाट पर मौजूद नुआंव निवासी दुक्खू राजभर ने उसे बचाने का प्रयास किया लेकिन सफल नहीं हुआ। कुछ ही देर में सौरभ, सत्येंद्र और अमित डूब गए। पास के लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। तब तक आसपास के लोग भी घाट पर जुट गए। गोताखोरों को नदी में उतारा गया। गजाधर पुर गांव के चौकीदार अशोक पांडेय ने गोताखोरों की मदद से करीब आधे
विज्ञापन
घंटे की मशक्कत के बाद तीनों के शव बाहर निकाले। मौके पर पहुंची पुलिस ने तीनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। तीन मौतों के बाद नारायणपुर गांव में मातम पसर गया है। सौरभ पटेल और सत्येंद्र दो भाई, दो बहनों में सबसे छोटे थे। अमित दो भाइयों में छोटा था।
विज्ञापन
लंका थाना क्षेत्र के डाफी, नारायणपुर गांव के रहने वाले बीएचयूकर्मी अनिल पटेल का बेटा कक्षा नौ का छात्र सौरभ पटेल (16 वर्ष), सैलून संचालक चंद्रभान पटेल का बेटा अमित पटेल (17 वर्ष) और रामलाल का बेटा दसवीं का छात्र सत्येंद्र शर्मा (17 वर्ष) दोस्त थे। अमित ने आठवीं के बाद पढ़ाई छोड़ दी थी। वह पिता के किताब बाइंडिंग के काम में हाथ बंटाता था। तीनों शुक्रवार की दोपहर घर से बिना बताए साइकल से निकले थे। दोपहर करीब एक बजे रोहनिया क्षेत्र स्थित शूलटंकेश्वर घाट पहुंचे और गंगा में नहाने लगे। तीनों में केवल
विज्ञापन
सत्येंद्र को ही तैरना आता था। नहाने के दौरान ही अमित और सौरभ गहरे पानी में जाने की वजह से डूबने लगे। उन्हें बचाने में सत्येंद्र भी डूबने लगा। उस समय घाट पर मौजूद नुआंव निवासी दुक्खू राजभर ने उसे बचाने का प्रयास किया लेकिन सफल नहीं हुआ। कुछ ही देर में सौरभ, सत्येंद्र और अमित डूब गए। पास के लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। तब तक आसपास के लोग भी घाट पर जुट गए। गोताखोरों को नदी में उतारा गया। गजाधर पुर गांव के चौकीदार अशोक पांडेय ने गोताखोरों की मदद से करीब आधे
विज्ञापन
घंटे की मशक्कत के बाद तीनों के शव बाहर निकाले। मौके पर पहुंची पुलिस ने तीनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। तीन मौतों के बाद नारायणपुर गांव में मातम पसर गया है। सौरभ पटेल और सत्येंद्र दो भाई, दो बहनों में सबसे छोटे थे। अमित दो भाइयों में छोटा था।