Varanasi: असलहों की डिलीवरी देने आए तस्कर को एसटीएफ ने दबोचा, पांच पिस्टल और नौ मैगजीन बरामद
असलहों की डिलीवरी देने आए तस्कर को एसटीएफ की वाराणसी इकाई ने शुक्रवार को सारनाथ रेलवे स्टेशन के बाहर से दबोचा। उसके पास से .32 बोर की पांच देसी पिस्टल और नौ मैगजीन बरामद की गई है।
विस्तार
एसटीएफ की वाराणसी इकाई ने शुक्रवार को सारनाथ रेलवे स्टेशन के बाहर से असलहा तस्कर को गिरफ्तार कर लिया। तस्कर के पास से .32 बोर की पांच देसी पिस्टल और नौ मैगजीन बरामद की गई है। आरोपी की पहचान देवरिया जिले के बरहज थाना के लक्ष्मीपुर खोरी निवासी संग्राम सिंह के रूप में हुई है।
संग्राम के खिलाफ सारनाथ थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया। साथ ही उसे पुलिस को सौंप दिया गया। एसटीएफ की वाराणसी इकाई के एडिशनल एसपी विनोद कुमार सिंह ने बताया कि अंतरराज्यीय स्तर पर असलहों की तस्करी करने वाले तस्करों के संबंध में जानकारी मिली थी। पता लगा कि शुक्रवार को सारनाथ रेलवे स्टेशन के बाहर असलहों के साथ तस्कर संग्राम सिंह आएगा।
ये भी पढ़ें: ब्लैकमेल कर विवाहिता को रिश्तेदार के फार्महाऊस पर बुलाया, दुष्कर्म किया, फिर वीडियो पति को भेजा
असलहा खरीदने वाले भी कार्रवाई की जद में आएंगे
गाजीपुर से कुछ लोग असलहा लेने आएंगे। सूचना के आधार पर इंस्पेक्टर अनिल कुमार सिंह ने टीम के साथ घेराबंदी कर संग्राम सिंह को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में असलहा लेने आने वालों के संबंध में अहम जानकारियां मिली हैं। जल्द ही वह भी कार्रवाई की जद में आएंगे।
पढ़ाई के दौरान ही चढ़ा असलहा तस्करी का शौक
एसटीएफ की पूछताछ में संग्राम ने बताया कि पढ़ाई के दौरान उसकी मुलाकात बिहार के सिवान जिले के कटवार निवासी मैनेजर सिंह (वर्तमान में मृत) से हुई थी। मैनेजर सिंह ने उसे बताया कि वह मुंगेर से अवैध असलहे लेकर बेचता है और उससे काफी पैसा मिल जाता है।
मैनेजर सिंह की बात पर विश्वास कर वह भी मुंगेर में असलहा तस्कर सिडडू के पास गया और तीन पिस्टल लेकर बेचा। उस समय एक पिस्टल छह हजार रुपये में मिलती थी। कुछ समय बाद 10 पिस्टल लाया और देवरिया व आसपास के क्षेत्रों में 15 हजार रुपये प्रति असलहा के रेट से बेचा।