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वाराणसी में भी टकराव की राह पर सपा, एक सीट से तीन प्रत्याशी
ब्यूरो, अमर उजाला, वाराणसी
Updated Mon, 02 Jan 2017 10:58 PM IST
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मुख्यमंत्री अखिलेश यादव व सपा सुप्रीमो मुलायम
- फोटो : amar ujala
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समाजवादी पार्टी के शीर्ष नेतृत्व में घमासान और खेमेबंदी के बाद अब वाराणसी जिले में भी पार्टी-संगठन टकराव की राह पर है। शिवपुर विधानसभा क्षेत्र से इसकी जमीन एक तरह से तैयार हो चुकी है।
शिवपुर विधानसभा क्षेत्र में सीएम अखिलेश यादव खेमे से आनंद मोहन, शिवपाल खेमे से अवधेश पाठक मैदान में हैं। पूर्व घोषित प्रत्याशी अरविंद मौर्य (जिनका टिकट काटकर अवधेश पाठक को दिया गया था) भी पार्टी के झंडे-बैनर के साथ प्रचार में जुटे हैं।
अब एक ही पार्टी के तीन प्रत्याशियों की मौजूदगी से कार्यकर्ता असमंजस में हैं। इस स्थिति में खुद को सपा अधिकृत प्रत्याशी बताने के दावे के साथ आनंद मोहन मंगलवार को तरना बाईपास से जुलूस निकालकर शक्ति प्रदर्शन करेंगे। जबकि, अवधेश पाठक के समर्थक भी प्रचार अभियान में जुटे हैं।
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शिवपाल खेमा अवधेश के साथ है और ऐसे में माना जा रहा है कि शीर्ष स्तर पर जल्द मेलमिलाप न हुआ तो शिवपुर विधानसभा क्षेत्र से शुरुआत के बाद जिला स्तर पर भी सार्वजनिक तौर पर पार्टी दो फाड़ हो जाएगी।
सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव, शिवपाल सिंह यादव और सीएम अखिलेश यादव के बीच जारी सियासी घमासान पर हालांकि अब भी जिले के पार्टी नेता कुछ भी कहने से कतरा रहे हैं।
स्थानीय स्तर पर पार्टी के रणनीतिकार और अहम कर्ता-धर्ता माने जाने वाले दिग्गज अब भी ‘वेट एंड वाच’ की स्थिति में हैं।
पूछे जाने पर ऑफ द रिकॉर्ड उनका यही कहना है कि युवा नेता अखिलेश को पार्टी की कमान संभालनी चाहिए लेकिन नेताजी मुलायम सिंह यादव का सम्मान भी बरकरार रहना चाहिए।
शीर्ष नेतृत्व में मचे घमासान को लेकर अखिलेश समर्थक कई नेता अभी लखनऊ में ही डेरा जमाए हैं। पार्टी सूत्रोें का कहना है कि मुख्यमंत्री ने विधानसभा चुनाव के लिए घोषित प्रत्याशियों को कहा है कि वे अपने क्षेत्र में जाएं और पूरे दमखम से प्रचार करें।
ऐसे में अखिलेश समर्थक प्रत्याशी अपने विधानसभा क्षेत्र में शिवपाल यादव द्वारा घोषित प्रत्याशियों के सामने पूरी ताकत से चुनाव प्रचार में उतरने की तैयारी में हैं। इसे स्थानीय संगठन में टकराव की शुरुआत के रूप में देखा जा रहा है।
सोमवार को अर्दली बाजार स्थित समाजवादी पार्टी के जिला और महानगर कार्यालय पर सन्नाटा छाया रहा। इक्का-दुक्का लोग मौजूद थे लेकिन उन्होंने पार्टी के शीर्ष नेतृत्व में चल रही उठापटक पर कुछ भी कहने से इंकार किया।
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शिवपुर विधानसभा क्षेत्र में सीएम अखिलेश यादव खेमे से आनंद मोहन, शिवपाल खेमे से अवधेश पाठक मैदान में हैं। पूर्व घोषित प्रत्याशी अरविंद मौर्य (जिनका टिकट काटकर अवधेश पाठक को दिया गया था) भी पार्टी के झंडे-बैनर के साथ प्रचार में जुटे हैं।
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अब एक ही पार्टी के तीन प्रत्याशियों की मौजूदगी से कार्यकर्ता असमंजस में हैं। इस स्थिति में खुद को सपा अधिकृत प्रत्याशी बताने के दावे के साथ आनंद मोहन मंगलवार को तरना बाईपास से जुलूस निकालकर शक्ति प्रदर्शन करेंगे। जबकि, अवधेश पाठक के समर्थक भी प्रचार अभियान में जुटे हैं।
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शिवपाल खेमा अवधेश के साथ है और ऐसे में माना जा रहा है कि शीर्ष स्तर पर जल्द मेलमिलाप न हुआ तो शिवपुर विधानसभा क्षेत्र से शुरुआत के बाद जिला स्तर पर भी सार्वजनिक तौर पर पार्टी दो फाड़ हो जाएगी।
सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव, शिवपाल सिंह यादव और सीएम अखिलेश यादव के बीच जारी सियासी घमासान पर हालांकि अब भी जिले के पार्टी नेता कुछ भी कहने से कतरा रहे हैं।
स्थानीय स्तर पर पार्टी के रणनीतिकार और अहम कर्ता-धर्ता माने जाने वाले दिग्गज अब भी ‘वेट एंड वाच’ की स्थिति में हैं।
पूछे जाने पर ऑफ द रिकॉर्ड उनका यही कहना है कि युवा नेता अखिलेश को पार्टी की कमान संभालनी चाहिए लेकिन नेताजी मुलायम सिंह यादव का सम्मान भी बरकरार रहना चाहिए।
शीर्ष नेतृत्व में मचे घमासान को लेकर अखिलेश समर्थक कई नेता अभी लखनऊ में ही डेरा जमाए हैं। पार्टी सूत्रोें का कहना है कि मुख्यमंत्री ने विधानसभा चुनाव के लिए घोषित प्रत्याशियों को कहा है कि वे अपने क्षेत्र में जाएं और पूरे दमखम से प्रचार करें।
ऐसे में अखिलेश समर्थक प्रत्याशी अपने विधानसभा क्षेत्र में शिवपाल यादव द्वारा घोषित प्रत्याशियों के सामने पूरी ताकत से चुनाव प्रचार में उतरने की तैयारी में हैं। इसे स्थानीय संगठन में टकराव की शुरुआत के रूप में देखा जा रहा है।
सोमवार को अर्दली बाजार स्थित समाजवादी पार्टी के जिला और महानगर कार्यालय पर सन्नाटा छाया रहा। इक्का-दुक्का लोग मौजूद थे लेकिन उन्होंने पार्टी के शीर्ष नेतृत्व में चल रही उठापटक पर कुछ भी कहने से इंकार किया।
असमंजस में कार्यकर्ता
अखिलेश यादव
- फोटो : amar ujala
शिवपुर विधानसभा क्षेत्र में सीएम अखिलेश यादव खेमे से आनंद मोहन, शिवपाल खेमे से अवधेश पाठक मैदान में हैं।
पूर्व घोषित प्रत्याशी अरविंद मौर्य (जिनका टिकट काटकर अवधेश पाठक को दिया गया था) भी पार्टी के झंडे-बैनर के साथ प्रचार में जुटे हैं।
अब एक ही पार्टी के तीन प्रत्याशियों की मौजूदगी से कार्यकर्ता असमंजस में हैं। कुछ ऐसी ही स्थिति शहर उत्तरी और दक्षिणी विधानसभा की भी है।
शहर उत्तरी से घोषित प्रत्याशी अब्दुल समद अंसारी का टिकट काटकर शिवपाल खेमे ने डॉ. ओपी सिंह को प्रत्याशी घोषित किया है। वहीं, शहर दक्षिणी से अशफाक अहमद डब्लू का टिकट काटकर अब्दुल समद अंसारी को टिकट दिया है। लेकिन, समद और उनके समर्थक शहर उत्तरी से ही चुनाव मैदान में उतरने पर
पूर्व घोषित प्रत्याशी अरविंद मौर्य (जिनका टिकट काटकर अवधेश पाठक को दिया गया था) भी पार्टी के झंडे-बैनर के साथ प्रचार में जुटे हैं।
अब एक ही पार्टी के तीन प्रत्याशियों की मौजूदगी से कार्यकर्ता असमंजस में हैं। कुछ ऐसी ही स्थिति शहर उत्तरी और दक्षिणी विधानसभा की भी है।
शहर उत्तरी से घोषित प्रत्याशी अब्दुल समद अंसारी का टिकट काटकर शिवपाल खेमे ने डॉ. ओपी सिंह को प्रत्याशी घोषित किया है। वहीं, शहर दक्षिणी से अशफाक अहमद डब्लू का टिकट काटकर अब्दुल समद अंसारी को टिकट दिया है। लेकिन, समद और उनके समर्थक शहर उत्तरी से ही चुनाव मैदान में उतरने पर