Ropeway Project: वाराणसी में रोपवे के भूमिपूजन के लिए करना होगा और इंतजार, अब 22 को खुलेगी निविदा
वाराणसी विकास प्राधिकरण के प्राइवेट पार्टनरशिप में प्रस्तावित रोपवे परियोजना में 8 कंपनियों ने रुचि दिखाई है। फिलहाल टेंडर खुलने के समय में बढ़ोतरी के साथ ही अब इस परियोजना के भूमिपूजन के लिए भी इंतजार करना होगा।
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सुगम यातायात के लिए वाराणसी कैंट से गोदौलिया के बीच प्रस्तावित रोपवे के भूमिपूजन के लिए और इंतजार करना होगा। 15 जुलाई को खुलने वाला टेंडर अब 22 जुलाई को खोला जाएगा। इसके पीछे निविदा में शामिल कंपनियों की ओर से समय मांगने को कारण बताया जा रहा है।
फिलहाल टेंडर खुलने के समय में बढ़ोतरी के साथ ही अब इस परियोजना के भूमिपूजन के लिए भी इंतजार करना होगा। पिछले दिनों मुख्य सचिव दुर्गाशंकर मिश्रा ने वाराणसी दौरे पर निविदा खुलने के तुरंत बाद भूमिपूजन कराने का निर्देश दिया था।
टेंडर भरने की तारीख को 21 जुलाई तक
विकास प्राधिकरण के प्राइवेट पार्टनरशिप में प्रस्तावित रोपवे परियोजना में आठ कंपनियों ने रुचि दिखाई है। परियोजना की फिजिबिलिटी रिपोर्ट अध्ययन, कागजात की उपलब्धता, रिकार्ड और स्थलीय निरीक्षण के लिए निविदा में शामिल कंपनियों ने एक महीने का समय मांगा है। ऐसे में 15 जुलाई को खुलने वाली निविदा की तारीख में बदलाव किया गया है और टेंडर भरने की तारीख को 21 जुलाई कर दिया गया है।
इसके साथ ही 22 जुलाई को निविदा खोलने की तिथि तय की गई है। दिसंबर 2021 में रोपवे के लिए पहली बार निविदा जारी की गई थी, मगर, कंपनियों के रुचि नहीं लेने के कारण इस पर नए सिरे से काम किया गया।
रोपवे के लिए एनएचएलएमएल से एमओयू हस्ताक्षर
रोपवे के निर्माण, विकास, संचालन और रखरखाव के लिए उत्तर प्रदेश सरकार, नेशनल हाईवे लाजिस्टिक मैनेजमेंट कं लि और वाराणसी विकास प्राधिकरण के बीच समझौता पत्र पर हस्ताक्षर हुआ। इस एमओयू के माध्यम से सरकार, एनएचएलएमएल और वीडीए की भूमिका निर्धारित की गई।