फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   prime minister modi this initiative will change life of purvanchals labour

प्रधानमंत्री मोदी की इस पहल से पूर्वांचल के 15 लाख कारीगरों की बदलेगी तकदीर

Sat, 23 Sep 2017 12:50 PM IST
amarujala.com,written by जयेंद्र चतुर्वेदी
amarujala.com,written by जयेंद्र चतुर्वेदी Updated Sat, 23 Sep 2017 12:50 PM IST
विज्ञापन
prime minister modi this initiative will change life of purvanchals labour
प्रधानमंत्री ने किया शिलापट्ट का अनावरण - फोटो : अमर उजाला
15 लाख बुनकरों, शिल्पियों के दिन बहुरेंगे। दीनदयाल हस्तकला संकुल के लोकार्पण के माध्यम से प्रधानमंत्री ने जहां चमक खो रहे पूर्वांचल के शिल्प को नई ऊर्जा देने का काम किया तो वहीं अंतरराष्ट्रीय बाजार में पूर्वांचल की कला की धाक बनी रहे इसकी तैयारियों की समीक्षा भी करते नजर आए।
विज्ञापन


बड़ा लालपुर स्टेडियम में शुक्रवार को पहला मौका था जब बुनकर व शिल्पी ने पीएम, सीएम सहित सभी गणमान्यों का स्वागत किया। इसके चलते बुनकर, शिल्पी समाज आह्लादित दिखा।
विज्ञापन


कबीर अवार्डी रामलाल मौर्य और शिल्प गुरु महेश कुमार सुमन ने बनारसी स्टोल पहनाकर सभी का स्वागत किया। यह चर्चा का केंद्र रहा। वहीं दूसरी ओर संकुल में बुनकरों और शिल्पियों की दूकानों को लेकर पीएम ने वस्त्र मंत्रालय के अधिकारियों से भविष्य की योजनाओं पर भी संक्षिप्त चर्चा की।
विज्ञापन
विज्ञापन


इस दौरान पीएम को बताया गया कि यहां कई राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनियों का आयोजन किए जाने के साथ ही इसे पर्यटन से भी जोड़ा जाएगा। साथ ही बड़े कांफ्रेंस और बैठकें भी यहीं आयोजित किए जाने का भरोसा दिलाया गया।

बनारस परिक्षेत्र एवं आसपास के जिलों की लगभग 15 लाख की आबादी, जिसमें बड़ी संख्या में महिलाएं हस्तशिल्प और हथकरघा से जुड़ी हैं। लगभग 20 हजार करोड़ का कारोबार है। अपने हुनर से देश को करोड़ों रूपये की विदेशी मुद्रा भी दिलाते हैं।

बीते कुछ वर्षों में इन उद्योगों पर विभिन्न कारणों से गंभीर संकट उत्पन्न हो गया था और बुनकरों, शिल्पियों, कारीगरों का पलायन हो रहा था। पीएम मोदी ने न केवल उनके अंदर भरोसा पैदा करने का कार्य किया बल्कि पूर्वांचल की धूमिल हो रही कला को नई पहचान देने का प्रयास किया।

पीएम मोदी ने स्वयं कहा कि पिछले कई दशकों में शिल्प और बुनकरी को लेकर ऐसा प्रयास नही हुआ था। जो भी हो पीएम ने 15 लाख लोग और उनके आश्रितों के प्रति परवाह दिखाकर और उस क्षेत्र में कार्य करके लोगों का भरोसा जीतने में कामयाब रहे।


जीआई विशेषज्ञ डॉ. रजनीकांत ने बताया कि पीएम का यह प्रयास बुनकरों, शिल्पियाें के लिए मील का पत्थर साबित होगा। साथ ही पूर्वांचल के शिल्प और कला की पहचान मजबूत होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed