पीएम मोदी बोले: परिवारवादियों ने यूपी को जात-पात में बांटने की कोशिश की, कहा- डाक्टरों की पढ़ाई हिंदी में कराने का प्रयास
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बृहस्पतिवार को कहा कि घोर परिवारवादियों ने पूरी कोशिश की थी कि उत्तर प्रदेश जात-पात में बंट जाए, लेकिन यूपी के लोगों ने इनकी चालाकी को समझ लिया। आज यूपी एकजुट, एकमत खड़ा है। अब तक के मतदान से भाजपा, अपना दल और निषाद पार्टी की सरकार तय हो गई है। छठवें चरण के चुनाव में भी भाजपा के पक्ष में जमकर मतदान हो रहा है।
अब हमें यह सुनिश्चित करना है कि जीत 2017 जितनी ही प्रचंड हो। वह जौनपुर और चंदौली में भाजपा प्रत्याशियों के पक्ष में सभा को संबोधित कर रहे थे। जौनपुर में पीएम मोदी ने कहा कि हम यह भी प्रयास कर रहे हैं कि जौनपुर समेत पूरे पूर्वांचल के बच्चे हिंदी में भी पढ़कर डाक्टर बन सकें।
प्रधानमंत्री ने कहा कि जब जौनपुर का कालेज जब पूरी तरह से शुरू हो जाएगा, तब सबसे ज्यादा लाभ, गरीब, दलित, पिछड़े और मध्यम वर्ग के लोगों को मिलेगा। घोर परिवारवादियों ने जिस पूर्वांचल को दिमागी बुखार का कहर भुगतने के लिए छोड़ दिया था, वहां आज मेडिकल कॉलेजों का नेटवर्क तैयार हो रहा है।
हमने प्राइवेट मेडिकल कॉलेजों में आधी सीटों पर फीस घटाकर सरकारी मेडिकल कॉलेज के बराबर करने का बड़ा फैसला किया है। गरीब के बच्चें अंग्रेजी न पढ़ पाए और वो डाक्टर न बन पाए यह मुझे मंजूर नहीं है। पांच साल पहले इस क्षेत्र से विद्युत उपकेंद्र, नेशनल हाईवे की कनेक्टविटी के लिए पांच हजार करोड़ रुपये का निवेश किया है।
कहा, जब सेवा भाव से होता है तो गरीबों में उम्मीद होती है, विश्वास बढ़ता है। पीएम मोदी ने कहा कि यह विजय इसलिए जरूरी है कि उत्तर प्रदेश विकास के जिस पथ पर चल पड़ा है, उसे अब थमने नहीं देना है। आजादी के बाद पहली बार ऐसा हुआ है, जब पूर्वांचल के लोगों की आवाज दिल्ली से लेकर लखनऊ तक मजबूती के साथ गूंज रही है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि कोरोना के मुश्किल समय में घोर परिवारवादी लोग कहां थे, उन्होंने क्या किया, ये यूपी के लोग कभी भूल नहीं सकते। ये लोग इस साजिश में जुटे थे कि भारत के टीके को बदनाम किया जाए। ये लोग इस संकट को और गंभीर बना रहे थे।
घोर परिवारवादी गरीबों के सपनों को पूरा नहीं कर सकते, क्योंकि सरकार चलाने का इन माफियावादियों का तरीका रहा है कि यूपी को लूटो, गरीबों के सपनों को कुचलो। इन्हें कभी आपका दर्द, आपकी तकलीफ, आपकी मुसीबत नजर नहीं आई। लेकिन, हम आपके जीवन को आसान बनाने के लिए निरंतर काम कर रहे हैं।
भाजपा उत्तर प्रदेश पर शासन करने, रोब जमाने के लिए नहीं आई है। हम तो बिना भेदभाव, बिना पक्षपात यूपी के लोगों की जीवन भर सेवा करने के लिए आए हैं। कहा कि प्रदेश में दो परिवारवादियों का माफिआ और गुंडों से गठबंधन है पर हमारा गठबंधन जनता-जनार्दन से है। हमारे गठबंधन के सामने परिवारवादियों का गठबंधन टिक नहीं सकता।
वे वोट बैंक, जातिवाद, क्षेत्रवाद की राजनीति करते हैं पर हमारी राजनीति के केंद्र में राष्ट्र और सबका साथ और सबका विकास है। हमने कोरी घोषणाओं के बजाय जरूरतमंदों तक योजनाओं का पहुंचाने का काम किया। गरीबों के बैंक खाते में सीधे पैसा भेजने का काम किया। छात्रों के खाते में वजीफा, गैस सब्सिडी व पेंशन का पैसा सीधे पहुंच रहा है।
इस बार भी आपका हर वोट सुशासनवादी सरकार की वापसी कराएगा। कहा कि हमने कोरोना काल में किसी को भूखे नहीं सोने दिया। चंदौली के हर नागरिक की हमने चिंता की और उन्हें मुफ्त कोरोना टीका लगवाया। 14 हजार गरीबों के पक्के घर का सपना पूरा किया। पौने दो लाख गरीब बहू-बेटियों को चूल्हे का धुआं हमें तकलीफ देता था।
उन्हें मुफ्त गैस सिलिंडर व चूल्हा दिया। गरीब महिलाओं के इज्जत व सम्मान की फिक्र करते हुए शौचालय बनवाए। चंदौली से एक्सप्रेस वे गुजरेगा। इससे किसानों के फल-सब्जी चंद घंटों में दिल्ली और कोलकाता पहुंच जाएंगे।
पिछले काफी दिनों तक सत्ता पर काबिज रहने वालों ने चंदौली को पिछड़ेपन का दाग दिया। कहा कि पांच चरणों में जनता ने इन परिवारवादियों का पत्ता साफ कर दिया है। आप की संख्या देखकर ऐसा लगता है कि आप भी उन्हें साफ कर देंगे।
मेरे पत्रों को फाइलों में रखवा देती थी पूर्ववर्ती सरकार: मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन के दौरान खुलासा किया कि पांच साल पहले उनके पत्र को तत्कालीन सपा सरकार महत्व नहीं देती थी और उसे फाइल में लगवा देती थी। इतना ही नहीं, ऐसा करने के पीछे का कारण भी प्रधानमंत्री ने बताया।
उनका कहना था कि पांच साल पहले तक वह दिल्ली से इनको (प्रदेश सरकार) को चिट्ठी भेजते थे, क्योंकि उनकी (सपा) सरकार थी, वो मुख्यमंत्री (अखिलेश यादव) थे। मैं बार-बार कहता था कि केंद्र सरकार पैसे दे रही है, आप जरा गरीबों के लिए घर जल्दी बनवाएं, लेकिन, वे पत्रों को फाइलों में लगा देते थे।
प्रधानमंत्री ने कहा कि ऐसा वह इसलिए करते थे, क्योंकि उनको गरीबों की जिंदगी की परवाह नहीं थी। उनको तो एक ही काम था, तिजोरी भरना। उन्हें डर था कि मोदी पैसा भेज रहा है तो हिसाब मांगेगा। पीएम ने कहा कि इसके बाद भाजपा की सरकार बनी तो उन्होंने योगी आदित्यनाथ से कहा कि आप कुछ करो। इसके बाद गरीबों के लिए काम हुआ।
प्रधानमंत्री ने दावा कि आंकड़े जानने के बाद जनता जीवनभर परिवारवादियों को वोट नहीं देगी, क्योंकि परिवारवादियों ने जौनपुर के शहरी क्षेत्र में गरीबों के लिए सिर्फ एक आवास स्वीकृत किया। जबकि, उसी जौनपुर शहर के लिए भाजपा सरकार ने गरीबों के लिए 30 हजार आवास स्वीकृत किए हैं। इनमें से 15 हजार बन चुके हैं। इसमें ज्यादातर आवास महिलाओं के नाम पर दर्ज हैं।