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Varanasi News: हिस्ट्रीशीटरों की परेड हुई, थाने में हाजिर हों, सीपी गोमती जोन बोले, सुधरो या परिणाम भुगतो
Wed, 23 Apr 2025 06:00 AM IST
नितीश कुमार पांडेय
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी
Published by: नितीश कुमार पांडेय
Updated Wed, 23 Apr 2025 06:00 AM IST
सार
अपराधियों के दिल में कानून का खौफ पैदा करने के उद्देश्य से पुलिस कमिश्नरेट गोमती जोन में हिस्ट्रीशीटरों की परेड कराई गई। जिसमें 327 हिस्ट्रीशीटर में 197 थाने पहुंचे और 72 ने फोन से हाजिरी लगाई। इसका उद्देश्य ये संदेश देना था कि सुधर जाओ या फिर परिणाम भुगतो।
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हिस्ट्रीशीटरों के साथ पुलिसवाले
- फोटो : Amar Ujala
विस्तार
पुलिस कमिश्नरेट के गोमती जोन के फूलपुर, सिंधौरा, बड़ागांव, जंसा, कपसेठी, राजातालाब और मिर्जामुराद थाने में मंगलवार को हिस्ट्रीशीटरों की परेड कराई गई। गोमती जोन के 327 हिस्ट्रीशीटरों में से सात थानों में 197 व्यक्तिगत रूप से उपस्थित हुए। 72 हिस्ट्रीशीटरों ने फोन के माध्यम से अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।
डीसीपी गोमती जोन आकाश पटेल ने बताया कि हिस्ट्रीशीटरों की परेड का उद्देश्य था कि जो सुधरना चाहते हैं, उन्हें अवसर मिले। जो अब भी अपराध में लिप्त हैं, उन पर कड़ी निगरानी सुनिश्चित की जाए। परेड के दौरान सभी हिस्ट्रीशीटर की वर्तमान स्थिति, मोबाइल नंबर, व्यवसाय और सामाजिक गतिविधियों की अद्यतन जानकारी दर्ज की गई।
उन्हें भविष्य में आपराधिक गतिविधि से दूर रहने की शपथ दिलाई गई और स्थानीय पुलिस को उनके संपर्क में रहने का निर्देश दिया गया। डीसीपी गोमती जोन ने कहा कि इस कवायद का उद्देश्य अपराधियों की वर्तमान स्थिति को समझने, कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने और सुधार के इच्छुक व्यक्तियों को अवसर देने की दिशा में एक प्रयास है।
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आगे भी इसी प्रकार की कार्रवाई के माध्यम से समाज में सुरक्षा, विश्वास और अनुशासन बनाए रखने का प्रयास पुलिस करती रहेगी।
139 का नाम 10 साल से अपराध में नहीं आया
डीसीपी गोमती जोन ने बताया कि परेड में शामिल 268 हिस्ट्रीशीटर में से 139 ऐसे पाए गए, जिनके विरुद्ध गत 10 वर्षों में कोई आपराधिक मुकदमा नहीं दर्ज हुआ है। आम छवि, सामाजिक व्यवहार और गुप्त सूचनाओं के आधार पर मूल्यांकन कर ऐसे हिस्ट्रीशीटर की निगरानी बंद करने पर भी विचार किया जाएगा। बस उन्हें अपना आचरण सुधार कर रखना है।
41 हिस्ट्रीशीटर अनुपस्थित, खोजेगी पुलिस
डीसीपी गोमती जोन ने बताया कि परेड में 41 हिस्ट्रीशीटर अनुपस्थित रहे। 15 हिस्ट्रीशीटर जेल में हैं और दो की मौत हो चुकी है। 41 हिस्ट्रीशीटर की कहीं से भी पुष्टि भी नहीं हो सकी। उनके लिए पुलिस की विशेष टीम गठित कर सघन तलाशी और निगरानी अभियान चलाया जाएगा। जो भी अपराध या असामाजिक गतिविधियों में संलिप्त पाया जाएगा, उसके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
थानावार हिस्ट्रीशीटरों की उपस्थिति
- थाना फूलपुर : 44 में से 18 हिस्ट्रीशीटर उपस्थित और 18 ने फोन से हाजिरी लगाई।
- थाना सिंधौरा : 22 में से 10 हिस्ट्रीशीटर उपस्थित और 7 ने फोन से हाजिरी लगाई।
- थाना बड़ागांव : 66 में से 42 हिस्ट्रीशीटर उपस्थित और 3 ने फोन से हाजिरी लगाई।
- थाना कपसेठी : 42 में से 28 हिस्ट्रीशीटर उपस्थित और 11 ने फोन से हाजिरी लगाई।
थाना जंसा : 58 में से 31 हिस्ट्रीशीटर उपस्थित और 20 ने फोन से हाजिरी लगाई।
- थाना मिर्जामुराद : 50 में से 34 हिस्ट्रीशीटर उपस्थित और 10 ने फोन से हाजिरी लगाई।
- थाना राजातालाब : 45 में से 34 हिस्ट्रीशीटर उपस्थित और 3 ने फोन से हाजिरी लगाई।
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डीसीपी गोमती जोन आकाश पटेल ने बताया कि हिस्ट्रीशीटरों की परेड का उद्देश्य था कि जो सुधरना चाहते हैं, उन्हें अवसर मिले। जो अब भी अपराध में लिप्त हैं, उन पर कड़ी निगरानी सुनिश्चित की जाए। परेड के दौरान सभी हिस्ट्रीशीटर की वर्तमान स्थिति, मोबाइल नंबर, व्यवसाय और सामाजिक गतिविधियों की अद्यतन जानकारी दर्ज की गई।
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उन्हें भविष्य में आपराधिक गतिविधि से दूर रहने की शपथ दिलाई गई और स्थानीय पुलिस को उनके संपर्क में रहने का निर्देश दिया गया। डीसीपी गोमती जोन ने कहा कि इस कवायद का उद्देश्य अपराधियों की वर्तमान स्थिति को समझने, कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने और सुधार के इच्छुक व्यक्तियों को अवसर देने की दिशा में एक प्रयास है।
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आगे भी इसी प्रकार की कार्रवाई के माध्यम से समाज में सुरक्षा, विश्वास और अनुशासन बनाए रखने का प्रयास पुलिस करती रहेगी।
139 का नाम 10 साल से अपराध में नहीं आया
डीसीपी गोमती जोन ने बताया कि परेड में शामिल 268 हिस्ट्रीशीटर में से 139 ऐसे पाए गए, जिनके विरुद्ध गत 10 वर्षों में कोई आपराधिक मुकदमा नहीं दर्ज हुआ है। आम छवि, सामाजिक व्यवहार और गुप्त सूचनाओं के आधार पर मूल्यांकन कर ऐसे हिस्ट्रीशीटर की निगरानी बंद करने पर भी विचार किया जाएगा। बस उन्हें अपना आचरण सुधार कर रखना है।
41 हिस्ट्रीशीटर अनुपस्थित, खोजेगी पुलिस
डीसीपी गोमती जोन ने बताया कि परेड में 41 हिस्ट्रीशीटर अनुपस्थित रहे। 15 हिस्ट्रीशीटर जेल में हैं और दो की मौत हो चुकी है। 41 हिस्ट्रीशीटर की कहीं से भी पुष्टि भी नहीं हो सकी। उनके लिए पुलिस की विशेष टीम गठित कर सघन तलाशी और निगरानी अभियान चलाया जाएगा। जो भी अपराध या असामाजिक गतिविधियों में संलिप्त पाया जाएगा, उसके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
थानावार हिस्ट्रीशीटरों की उपस्थिति
- थाना फूलपुर : 44 में से 18 हिस्ट्रीशीटर उपस्थित और 18 ने फोन से हाजिरी लगाई।
- थाना सिंधौरा : 22 में से 10 हिस्ट्रीशीटर उपस्थित और 7 ने फोन से हाजिरी लगाई।
- थाना बड़ागांव : 66 में से 42 हिस्ट्रीशीटर उपस्थित और 3 ने फोन से हाजिरी लगाई।
- थाना कपसेठी : 42 में से 28 हिस्ट्रीशीटर उपस्थित और 11 ने फोन से हाजिरी लगाई।
थाना जंसा : 58 में से 31 हिस्ट्रीशीटर उपस्थित और 20 ने फोन से हाजिरी लगाई।
- थाना मिर्जामुराद : 50 में से 34 हिस्ट्रीशीटर उपस्थित और 10 ने फोन से हाजिरी लगाई।
- थाना राजातालाब : 45 में से 34 हिस्ट्रीशीटर उपस्थित और 3 ने फोन से हाजिरी लगाई।