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सांसद आदर्श गांव में ही चौपाल से अधिकारी नदारद
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ग्रामीण क्षेत्र की समस्याओं के निस्तारण के लिए जनचौपाल कार्यक्रम मात्र दिखावा बनकर रह गए हैं। आराजी लाइन विकास खंड के सांसद आदर्श ग्राम पंचायत कपरफोरवा में शुक्रवार को चौपाल में कई महत्वपूर्ण विभागों के अधिकारी नहीं पहुंचे। अपनी समस्याओं को लेकर ग्रामीणों को इससे निराश लौटना पड़ा।
कपरफोरवा में शुक्रवार को नोडल अधिकारी सहकारिता विभाग के एडीसीओ लालजी राम ग्रामीणों की समस्याएं सुनी। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग, राजस्व विभाग, पंचायत राज विभाग, निर्माण विभाग जैसे प्रमुख विभागों के अधिकारी चौपाल से गायब रहे। इससे फरियादियों को मायूस लौटना पड़ा।
पंचायत भवन में सुनीं ग्रामीणों की समस्याएं
लोहता। देल्हना के पंचायत भवन में बीडीओ डॉ. आराधना त्रिपाठी की अध्यक्षता में चौपाल लगाकर ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं गईं। चौपाल में विद्युत विभाग का कोई अफसर मौजूद न होने को बीडीओ ने गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी शिकायत करने की बात कही। मनरेगा मजदूरों का भुगतान डेढ़ माह से लंबित होने को लेकर मनरेगा मजदूर उग्र नजर आए। ग्रामीणों का आरोप था कि पात्र गृहस्थी कार्ड की सूची में नाम दर्ज होने के बावजूद भी कोटेदार राशन नहीं देता।
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चिह्नित पट्टाधारकों को जमीन दिलाने का निर्देश
मिर्जामुराद। प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम नागेपुर में उपजिलाधिकारी सिद्धार्थ यादव ने जनचौपाल लगा गांव में हुए विकास कार्यों की जानकारी ली। गांव में 15 साल पहले 41 लोगों का पट्टा हुआ, लेकिन आज तक उन जमीनों का स्वरूप बदलाव नहीं किया गया। जिस पर एसडीएम राजातालाब ने बदलाव के लिए कानूनगो को निर्देशित किया। गांव में बिगड़े हैंडपंप को ठीक कराने तथा गांव की क्षतिग्रस्त सड़कों को बनवाने की मांग की गई।
सुनी ग्रामीणों की समस्याएं, निस्तारण का दिया आश्वासन
चौबेपुर। सांसद आदर्श गांव सीवो में दोपहर बाद चौपाल का आयोजन किया गया। खंड विकास अधिकारी कार्यालय से पटल प्रभारी तो पहुंचे थे। लेकिन बिजली विभाग, खाद्य आपूर्ति विभाग, सिंचाई विभाग, जल निगम, आदि से कोई अधिकारी नहीं पहुंचे। जिससे संबंधित विभागों की शिकायतें अनसुनी हो गईं। श्रम विभाग द्वारा संचालित योजनाओं के बारे में श्रमिकों को जानकारी दी गई। शौचालय, आवास, और पेंशन की सर्वाधिक शिकायतें ग्रामीणों की तरफ से की गई। चौपाल में नामित नोडल अधिकारी के नहीं आने पर ग्रामीणों ने विरोध भी जताया।
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कपरफोरवा में शुक्रवार को नोडल अधिकारी सहकारिता विभाग के एडीसीओ लालजी राम ग्रामीणों की समस्याएं सुनी। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग, राजस्व विभाग, पंचायत राज विभाग, निर्माण विभाग जैसे प्रमुख विभागों के अधिकारी चौपाल से गायब रहे। इससे फरियादियों को मायूस लौटना पड़ा।
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पंचायत भवन में सुनीं ग्रामीणों की समस्याएं
लोहता। देल्हना के पंचायत भवन में बीडीओ डॉ. आराधना त्रिपाठी की अध्यक्षता में चौपाल लगाकर ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं गईं। चौपाल में विद्युत विभाग का कोई अफसर मौजूद न होने को बीडीओ ने गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी शिकायत करने की बात कही। मनरेगा मजदूरों का भुगतान डेढ़ माह से लंबित होने को लेकर मनरेगा मजदूर उग्र नजर आए। ग्रामीणों का आरोप था कि पात्र गृहस्थी कार्ड की सूची में नाम दर्ज होने के बावजूद भी कोटेदार राशन नहीं देता।
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चिह्नित पट्टाधारकों को जमीन दिलाने का निर्देश
मिर्जामुराद। प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम नागेपुर में उपजिलाधिकारी सिद्धार्थ यादव ने जनचौपाल लगा गांव में हुए विकास कार्यों की जानकारी ली। गांव में 15 साल पहले 41 लोगों का पट्टा हुआ, लेकिन आज तक उन जमीनों का स्वरूप बदलाव नहीं किया गया। जिस पर एसडीएम राजातालाब ने बदलाव के लिए कानूनगो को निर्देशित किया। गांव में बिगड़े हैंडपंप को ठीक कराने तथा गांव की क्षतिग्रस्त सड़कों को बनवाने की मांग की गई।
सुनी ग्रामीणों की समस्याएं, निस्तारण का दिया आश्वासन
चौबेपुर। सांसद आदर्श गांव सीवो में दोपहर बाद चौपाल का आयोजन किया गया। खंड विकास अधिकारी कार्यालय से पटल प्रभारी तो पहुंचे थे। लेकिन बिजली विभाग, खाद्य आपूर्ति विभाग, सिंचाई विभाग, जल निगम, आदि से कोई अधिकारी नहीं पहुंचे। जिससे संबंधित विभागों की शिकायतें अनसुनी हो गईं। श्रम विभाग द्वारा संचालित योजनाओं के बारे में श्रमिकों को जानकारी दी गई। शौचालय, आवास, और पेंशन की सर्वाधिक शिकायतें ग्रामीणों की तरफ से की गई। चौपाल में नामित नोडल अधिकारी के नहीं आने पर ग्रामीणों ने विरोध भी जताया।