Mukhtar Ansari: मुख्तार की सजा सहअभियुक्तों के खिलाफ बनेगी बड़ा आधार, डिटेल में जानिए क्या है मामला ?
कांग्रेस के प्रांतीय अध्यक्ष और पूर्व मंत्री अजय राय ने कहा कि मुख्तार को सजा मिलने के बाद लड़ाई और मजबूत हुई है। हत्या में नामजद राकेश न्यायिक और भीम सिंह को भी उनके अंजाम तक पहुंचाएंगे। इसके लिए अदालत में प्रभावी पैरवी की जाएगी।
विस्तार
अवधेश राय हत्याकांड में वाराणसी की एमपी-एमएलए कोर्ट से माफिया मुख्तार अंसारी को मिली आजीवन कारावास की सजा सहअभियुक्तों राकेश न्यायिक व भीम सिंह के खिलाफ बड़ा आधार बनेगी। इस मामले की अगली सुनवाई 15 जून को होनी है। इससे पहले ही इलाहाबाद की जिला अदालत ने वाराणसी की जिला अदालत से सहअभियुक्तों व उससे जुड़े मामलों की फाइलें तलब की है। इसे जल्द ही भिजवाया जाएगा। इसकी तैयारी में पुलिस व अभियोजन की टीमें लगी हैं।
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इलाहाबाद की न्यायालय में विचाराधीन मुकदमे में वादी व चश्मदीद पूर्व मंत्री अजय राय की गवाही और जिरह हो चुकी है। अब वादी और बचाव पक्ष के गवाहों पर जिरह आदि पर न्यायालय के आदेश का इंतजार है। दरअसल, अवधेश राय हत्याकांड में मुख्तार को आजीवन कारावास की सजा सुनाने वाली वाराणसी की एमपी-एमएलए कोर्ट ने वादी, चश्मदीद और गवाहों के बयानों को मजबूत आधार माना है। यही आधार इलाहाबाद की अदालत में सुनवाई के दौरान मजबूती प्रदान करेगा।
राकेश ने जान का खतरा बता इलाहाबाद स्थानांतरित कराया था मामला
इस मुकदमे में अजय राय की गवाही के दौरान ही वाराणसी कचहरी में बम ब्लास्ट हुआ था। इसके बाद मुकदमा ठंडे बस्ते में चला गया। इसी बीच सहअभियुक्त राकेश श्रीवास्तव उर्फ राकेश न्यायिक ने अपनी जान का खतरा बताया और ट्रायल इलाहाबाद जिला अदालत में स्थानांतरण कराने का प्रार्थना पत्र दिया। इसलिए राकेश न्यायिक और भीम सिंह का ट्रायल इलाहाबाद की अदालत में शुरू हुआ। अब मामले से जुड़े मुख्तार अंसारी को सजा मिल गई है। इसलिए इलाहाबाद की जिला अदालत में ट्रायल शुरू होने की उम्मीद है। चेतगंज पुलिस की ओर से चार्जशीट दाखिल होने के बाद जिला अदालत में सुनवाई शुरू हुई थी। वर्ष 2007 में ही वादी और घटना के चश्मदीद अजय राय की गवाही व जिरह हुई थी।
गाजीपुर जेल में है भीम सिंह
मुख्तार अंसारी बांदा जेल में है। भीम सिंह को गैंगस्टर मामले में सजा मिल चुकी है। वह गाजीपुर जेल में है। राकेश न्यायिक जमानत पर बाहर है।
मुख्तार की सजा से लड़ाई और मजबूत हुई
कांग्रेस के प्रांतीय अध्यक्ष और पूर्व मंत्री अजय राय ने कहा कि मुख्तार को सजा मिलने के बाद लड़ाई और मजबूत हुई है। हत्या में नामजद राकेश न्यायिक और भीम सिंह को भी उनके अंजाम तक पहुंचाएंगे। इसके लिए अदालत में प्रभावी पैरवी की जाएगी। साक्ष्यों के साथ आरोपियों को सजा दिलाने का प्रयास करेंगे। न्यायिक व्यवस्था में अटूट विश्वास है। मुख्तार की सजा के बाद यह और मजबूत हुई है।
पिता के हत्यारे अंजाम तक पहुंचेंगे, तभी मिलेगा सुकून
दिवंगत अवधेश राय की बेटी अविशांतिका उर्फ हनी का कहना है कि अभी दो आरोपियों को सजा मिलनी बाकी है। मामले की प्रभावी पैरवी की जाएगी। सभी आरोपियों को सजा मिलने के बाद जीवन में सुकून मिलेगा।
ये था मामला
कोयले के कारोबार और सरकारी ठेके में अवधेश राय के बढ़ते दखल से नाराज मुख्तार और उसके लोगों ने तीन अगस्त 1991 को हमला बोला था। घर के मुख्य द्वार पर ही गोली मारकर अवधेश की हत्या कर दी थी। इस मामले में मृतक के भाई और घटना के चश्मदीद अजय राय ने चेतगंज थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें माफिया मुख्तार अंसारी के साथ ही भीम सिंह व राकेश न्यायिक को भी नामजद किया गया था। मामले में नामजद पूर्व विधायक अब्दुल कलाम व कमलेश सिंह की मौत हो चुकी है।