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Varanasi News: छोटी ईद के लिए रखे नफील रोजा
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सप्ताह भर बाद मनाई जाएगी छोटी ईद, मंडुवाडीह में लगेगा मेला
संवाद न्यूज एजेंसी
वाराणसी। ईद खत्म हो गई अब छोटी ईद के लिए नफील रोजा शुरू हो गया। रविवार को लोगों ने रोजा रखा और मगरिब की अजान के साथ रोजा खोला और नमाज अदा की। छह दिन तक रोजा रखेंगे। इसके बाद मंडुवाडीह स्थित शाह तैय्यब बनारसी के दरगाह में लगने वाले ईद के मेले में शिरकत करेंगे।
मौ. हारुन रसीद नक्शबंदी ने बताया कि इस्लाम में यह रोजा फर्ज नहीं है, मगर इसकी अहमियत काफी है। इस रोजे को रखने वाले को एक साल के रोजे के बराबर सवाब मिलता है। इसके बदले में उनको छोटी ईद का तोहफा मिलता है। हर घर में दो-चार लोग रोजा रखते हैं। शाह तैय्यब बनारसी के दरगाह पर मेला लगेगा। इसी दिन उनका उर्स भी पड़ता है। इसलिए यहां भीड़ होती है।
ईदी से बांट रहे मोहब्बत
ईद खत्म हो गई, लेकिन मुबारकबाद देने का सिलसिला जारी है। रविवार को भी लोग अपने दोस्तों, रिश्तेदारों व मुहल्लों में एक-दूसरे के घर जाकर मुबारकबाद दिया और सेवई का लुत्फ उठाने के साथ ही आपसी सौहार्द व मोहब्बत का पैगाम दिया। वहीं, बच्चों और अपनों को ईदी में उपहार दिया।
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संवाद न्यूज एजेंसी
वाराणसी। ईद खत्म हो गई अब छोटी ईद के लिए नफील रोजा शुरू हो गया। रविवार को लोगों ने रोजा रखा और मगरिब की अजान के साथ रोजा खोला और नमाज अदा की। छह दिन तक रोजा रखेंगे। इसके बाद मंडुवाडीह स्थित शाह तैय्यब बनारसी के दरगाह में लगने वाले ईद के मेले में शिरकत करेंगे।
मौ. हारुन रसीद नक्शबंदी ने बताया कि इस्लाम में यह रोजा फर्ज नहीं है, मगर इसकी अहमियत काफी है। इस रोजे को रखने वाले को एक साल के रोजे के बराबर सवाब मिलता है। इसके बदले में उनको छोटी ईद का तोहफा मिलता है। हर घर में दो-चार लोग रोजा रखते हैं। शाह तैय्यब बनारसी के दरगाह पर मेला लगेगा। इसी दिन उनका उर्स भी पड़ता है। इसलिए यहां भीड़ होती है।
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ईदी से बांट रहे मोहब्बत
ईद खत्म हो गई, लेकिन मुबारकबाद देने का सिलसिला जारी है। रविवार को भी लोग अपने दोस्तों, रिश्तेदारों व मुहल्लों में एक-दूसरे के घर जाकर मुबारकबाद दिया और सेवई का लुत्फ उठाने के साथ ही आपसी सौहार्द व मोहब्बत का पैगाम दिया। वहीं, बच्चों और अपनों को ईदी में उपहार दिया।
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